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परिवहन मंत्री ने एसटीएफ की रिपोर्ट की तलब
Updated Tue, 18 Sep 2018 01:48 AM IST
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
रोडवेज बसों में चल रहे फर्जी टिकट घोटाले का पर्दाफाश करने वाली एसटीएफ की रिपोर्ट पर ही शासन कार्यवाही करेगा। परिवहन मंत्री ने एसटीएफ की रिपोर्ट को प्रमुख सचिव से तलब कर लिया है। एसटीएफ की रिपोर्ट पर कार्यवाही की चर्चा अलीगढ़ परिवहन निगम के अधिकारियों एवं कर्मचारियों में शुरू से थी।
हालांकि मामले की जांच के लिए परिवहन निगम के मुख्यालय से आई टीम भी दस्तावेज लेकर गई थी। उनकी जांच भी पूरी हो गई है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि लखनऊ से आई विभागीय टीम ने अपनी जांच पूरी कर ली है। इसका संदेश भी अधिकारियों के पास आ गया है कि अब उन्हें जांच के लिए डिपो या निगम के किसी कार्यालय से किसी रिकार्ड की आवश्यकता नहीं है।
एसटीएफ के सूत्रों के अनुसार आगरा, अलीगढ़, मथुरा के करीब 50 लोगों के नाम रिपोर्ट में हैं। इनके ऊपर गाज गिरना तय है। इसके साथ ही लखनऊ मुख्यालय के अधिकारियों की संलिप्तता की जांच अभी जारी है।
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एसटीएफ टीम की रिपोर्ट पर कार्यवाही की गवाही स्वयं परिवहन मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने भी दी है। सोमवार को लखनऊ परिक्षेत्र के गोमतीनगर स्थित कार्याशाला में विश्वकर्मा जयंती पर हुए पूजन में उन्होंने स्पष्ट किया कि एसटीएफ ने अपनी रिपोर्ट दे दी है। इसी रिपोर्ट को आधार बनाकर कार्यवाही होगी।
जल्द ही इसका परिणाम भी सामने आ जाएगा। परिवहन मंत्री के इस बयान की जानकारी होते ही रैकेट से जुड़े अधिकारियों के चेहरे की हवाइयां उड़ गई हैं। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार करने वाला कोई अधिकारी एवं कर्मचारी बच नहीं सकेगा।
एसटीएफ सूत्रों का कहना है कि यदि उनकी रिपोर्ट के आधार पर शासन ने कार्यवाही की तो अलीगढ़, हाथरस, मथुरा एवं आगरा के 50 से अधिक निगम के अधिकारी, कर्मचारी, संविदा-चालक परिचालकों पर गाज गिरना तय है।
भागे सोनू और अशोक को कब गिरफ्तार करेगी इगलास पुलिस
21 अगस्त को एसटीएफ ने रोडवेज बसों में फर्जी टिकट रैकेट का खुलासा करते हुए 11 लोगों को मौके से गिरफ्तार किया। जबकि सोनू व अशोक चौधरी भागने में सफल रहे। इगलास में इन लोगों के खिलाफ रिपोर्ट भी दर्ज करा दी गई, लेकिन अभी तक दोनों संविदा परिचालकों की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।
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रोडवेज बसों में चल रहे फर्जी टिकट घोटाले का पर्दाफाश करने वाली एसटीएफ की रिपोर्ट पर ही शासन कार्यवाही करेगा। परिवहन मंत्री ने एसटीएफ की रिपोर्ट को प्रमुख सचिव से तलब कर लिया है। एसटीएफ की रिपोर्ट पर कार्यवाही की चर्चा अलीगढ़ परिवहन निगम के अधिकारियों एवं कर्मचारियों में शुरू से थी।
हालांकि मामले की जांच के लिए परिवहन निगम के मुख्यालय से आई टीम भी दस्तावेज लेकर गई थी। उनकी जांच भी पूरी हो गई है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि लखनऊ से आई विभागीय टीम ने अपनी जांच पूरी कर ली है। इसका संदेश भी अधिकारियों के पास आ गया है कि अब उन्हें जांच के लिए डिपो या निगम के किसी कार्यालय से किसी रिकार्ड की आवश्यकता नहीं है।
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एसटीएफ के सूत्रों के अनुसार आगरा, अलीगढ़, मथुरा के करीब 50 लोगों के नाम रिपोर्ट में हैं। इनके ऊपर गाज गिरना तय है। इसके साथ ही लखनऊ मुख्यालय के अधिकारियों की संलिप्तता की जांच अभी जारी है।
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एसटीएफ टीम की रिपोर्ट पर कार्यवाही की गवाही स्वयं परिवहन मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने भी दी है। सोमवार को लखनऊ परिक्षेत्र के गोमतीनगर स्थित कार्याशाला में विश्वकर्मा जयंती पर हुए पूजन में उन्होंने स्पष्ट किया कि एसटीएफ ने अपनी रिपोर्ट दे दी है। इसी रिपोर्ट को आधार बनाकर कार्यवाही होगी।
जल्द ही इसका परिणाम भी सामने आ जाएगा। परिवहन मंत्री के इस बयान की जानकारी होते ही रैकेट से जुड़े अधिकारियों के चेहरे की हवाइयां उड़ गई हैं। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार करने वाला कोई अधिकारी एवं कर्मचारी बच नहीं सकेगा।
एसटीएफ सूत्रों का कहना है कि यदि उनकी रिपोर्ट के आधार पर शासन ने कार्यवाही की तो अलीगढ़, हाथरस, मथुरा एवं आगरा के 50 से अधिक निगम के अधिकारी, कर्मचारी, संविदा-चालक परिचालकों पर गाज गिरना तय है।
भागे सोनू और अशोक को कब गिरफ्तार करेगी इगलास पुलिस
21 अगस्त को एसटीएफ ने रोडवेज बसों में फर्जी टिकट रैकेट का खुलासा करते हुए 11 लोगों को मौके से गिरफ्तार किया। जबकि सोनू व अशोक चौधरी भागने में सफल रहे। इगलास में इन लोगों के खिलाफ रिपोर्ट भी दर्ज करा दी गई, लेकिन अभी तक दोनों संविदा परिचालकों की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।