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UP: घर बैठे लाखों कमाने का झांसा...युवक ने दांव पर लगाई रकम, फिर पता लगा ऐसा सच; पुलिस में दर्ज कराई शिकायत
Sun, 13 Apr 2025 01:45 PM IST
अरुन पाराशर
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
Published by: अरुन पाराशर
Updated Sun, 13 Apr 2025 01:45 PM IST
सार
घर बैठे सवालों के जवाब देकर लाखों रुपये कमाएं। कुछ इसी तरह का झांसा देकर युवक से ठगी हुई। सच पता लगने पर पीड़ित ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
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cyber scam
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
एप के माध्यम से सवालों के जवाब देकर घर बैठे लाखों रुपये कमाने के चक्कर में एक युवक ने 15 हजार रुपये गवां दिए। बाद में पता चला कि कंपनी वालों ने एप चलाने के लिए सरकार से अनुमति नहीं ली है। पीड़ित की शिकायत पर साइबर थाने में एप के संस्थापक निदेशकों पर केस दर्ज किया गया है।
सदर थाना क्षेत्र के कैंट निवासी स्टीफन नेल्सन ने पुलिस को बताया कि उन्होंने प्रोबो एप का ऑनलाइन विज्ञापन देखा था। लिखा था कि घर बैठे सवालों के जवाब देकर लाखों रुपये कमाएं। कंपनी रोजाना एक करोड़ विजेताओं को 50 करोड़ देने का दावा कर रही थी। खुद के तीन करोड़ उपभोक्ता भी बताए थे। यह पढ़कर उन्होंने भी भरोसा कर लिया।
एप डाउनलोड कर सवालों के जवाब देने लगे। रुपये तो मिले नहीं 15 हजार रुपये और चले गए। बाद में पता चला कि कंपनी के निदेशकों ने सरकार से अनुमति नहीं ली है। साइबर थाना पुलिस ने गुरुग्राम की कंपनी और उसके संस्थापक निदेशकों सचिन गुप्ता, आशीष गर्ग और श्वेता शर्मा पर केस दर्ज किया है।
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ऐसे होता है एप डाउनलोड
प्रोबो एप को आप प्ले स्टोर से डाउनलोड नहीं कर सकते हैं। उसकी वेबसाइट पर जाकर आपको एपीके फाइल मिलेगी। इस तरह अननोन सोर्स के माध्यम से भी एप डाउनलोड करनी होती है। लोग घर बैठे कमाने के चक्कर में एप डाउनलोड कर लेते हैं। फिर ठगी का शिकार हो जाते हैं।
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सदर थाना क्षेत्र के कैंट निवासी स्टीफन नेल्सन ने पुलिस को बताया कि उन्होंने प्रोबो एप का ऑनलाइन विज्ञापन देखा था। लिखा था कि घर बैठे सवालों के जवाब देकर लाखों रुपये कमाएं। कंपनी रोजाना एक करोड़ विजेताओं को 50 करोड़ देने का दावा कर रही थी। खुद के तीन करोड़ उपभोक्ता भी बताए थे। यह पढ़कर उन्होंने भी भरोसा कर लिया।
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एप डाउनलोड कर सवालों के जवाब देने लगे। रुपये तो मिले नहीं 15 हजार रुपये और चले गए। बाद में पता चला कि कंपनी के निदेशकों ने सरकार से अनुमति नहीं ली है। साइबर थाना पुलिस ने गुरुग्राम की कंपनी और उसके संस्थापक निदेशकों सचिन गुप्ता, आशीष गर्ग और श्वेता शर्मा पर केस दर्ज किया है।
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ऐसे होता है एप डाउनलोड
प्रोबो एप को आप प्ले स्टोर से डाउनलोड नहीं कर सकते हैं। उसकी वेबसाइट पर जाकर आपको एपीके फाइल मिलेगी। इस तरह अननोन सोर्स के माध्यम से भी एप डाउनलोड करनी होती है। लोग घर बैठे कमाने के चक्कर में एप डाउनलोड कर लेते हैं। फिर ठगी का शिकार हो जाते हैं।