'वीरू' बन पानी टंकी पर चढ़ा प्रेमी: बोला- कूद जाऊंगा, पुलिस ने बुलाई उसकी 'बसंती' तब माना, छह घंटे चला ड्रामा
आगरा में एक प्रेमी शोले फिल्म का 'वीरू' बन पानी टंकी पर चढ़ गया। बोला- यहां से कूद जाऊंगा। पुलिस ने उसकी 'बसंती' यानी प्रेमिका को बुलाया तब वह उतरा। करीब छह घंटे यह ड्रामा चला।
विस्तार
उत्तर प्रदेश के आगरा में शोले फिल्म का किरदार एक बार फिर जीवंत हो उठा। वीरू बना प्रेमी बुधवार की सुबह मथुरा गेट थाने से चंद कदमों की दूरी पर जलदाय विभाग की पानी की टंकी पर चढ़ गया। पुलिस ने आगरा से उसकी ‘बसंती’ (प्रेमिका) को बुलवा तब वह टंकी से उतरा।
अगावली गांव निवासी लालजीत (23) बुधवार सुबह मथुरा गेट थाना के पास पानी की टंकी पर चढ़ गया। उसने बताया कि वह भरतपुर निवासी युवती से प्यार करता है। 10 मई को गाजियाबाद जाकर आर्य समाज में दोनों ने विवाह भी कर लिया है। युवती के परिजन और पुलिस उसे और युवती को गाजियाबाद से भरतपुर लेकर आए थे। युवती ने उसके पक्ष में बयान दिए, बावजूद इसके पुलिस ने युवती को मायके पक्ष के लोगों को सौंप दिया।
प्रेमिका को उसके साथ भेजा जाए
युवती को उसके मामा के पास आगरा भेज दिया है। लालजीत का कहना था कि युवती ने उसे फोन कर बताया है कि यदि वह दोपहर दो बजे तक उसके पास नहीं पहुंचा, तो वो आत्महत्या कर लेगी। इसी के चलते वह टंकी पर चढ़ गया है। उसकी मांग थी कि प्रेमिका को उसके साथ भेजा जाए।
यह भी पढ़ेंः- 45 की उम्र में हुआ प्यार: युवक को पीटा, उसकी बीबी व घर पर कर लिया कब्जा, समाज से मिले ताने तो
काफी समझाने पर भी नहीं माना
युवक को टंकी पर चढ़कर चिल्लाते देख लोगों की भीड़ जमा हो गई। पुलिस और परिजन मौके पर पहुंच गए। उन्होंने युवक को समझाया, पर वह नहीं माना। एसडीएम देवेंद्र परमार, पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय ने भी समझाया, पर वह जिद पर अड़ा रहा। उसकी मांग थी कि पहले पत्नी को बुलाया जाए।करीब छह घंटे चला ड्रामा
युवक द्वारा नीचे कूदने की धमकी को देखते हुए प्रशासन द्वारा रेस्क्यू टीम को बुलाकर जाल आदि की व्यवस्था मौके पर की। पुलिस ने हालात को देख उत्तर प्रदेश के आगरा की पुलिस और युवती के परिजन से संपर्क किया। युवती को आगरा से भरतपुर बुलवाया गया। उसके आने पर करीब छह घंटे बाद युवक टंकी से नीचे उतर आया। पुलिस दोनों पक्षों को थाने ले गई, यहां उनसे बात की जा रही है।यह भी पढ़ेंः- बीमार पड़े श्रीजगन्नाथ भगवान: चावल और रोटी का नहीं लगेगा भोग; च्यवनप्राश, काढ़ा, औषधियों