खाकी में मसीहा: नवजात को तसले में रखकर यमुना में बहाया, पुलिस ने बचाई जान
चामुण्डा घाट के पास नवजात के रोने की आवाज यमुना नदी में बह रहे तस्ले से आ रही थी। जब लोगों ने देखा तो वे दंग रह गए। तुरंत पुलिस को सूचना दी गई।
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श्रीकृष्ण की नगरी मथुरा से दिल को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। गुरुवार को यमुना नदी में बह रहे तस्ले (लोहे की परात) में लावारिस नवजात मिला। उसके रोने की आवाज सुनकर लोगों को पता चला। मौके पर पहुंची पुलिस ने नवजात को सुरक्षित बाहर निकाला। नवजात को तस्ले में रखकर किसने बहाया, इसका पता नहीं चल सका है। पुलिस ने नवजात को जिला अस्पताल में भर्ती कराया है।
घटना वृंदावन के चामुण्डा घाट की है। गुरुवार की सुबह थाना वृंदावन पुलिस को सूचना मिली कि यमुना नदी में चामुण्डा घाट के पास एक नवजात शिशु बह रहा है। इस सूचना पर चौकी प्रभारी अद्धा मनोज कुमार शर्मा टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से नवजात को यमुना नदी से सुरक्षित बाहर निकाला।
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सफेद कपड़े में लिपटा नवजात एक तस्ले में रखा हुआ था। वह बिलख रहा था। पुलिस नवजात को जिला अस्पताल लेकर आई और चाइल्डलाइन को सूचना दी। इस पर चाइल्डलाइन की टीम जिला अस्पताल पहुंच गई। नवजात को नदी में किसने फेंका, इसका पता लगाने के लिए पुलिस जांच में जुटी है।
मथुरा में इस तरह का पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी लावारिस नवजात मिल चुके हैं। 12 अप्रैल को राया थाना क्षेत्र में रामलला आश्रम के समीप झाड़ियां में जीवित नवजात बच्ची मिली थी।
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