{"_id":"696d9eaef4c7c509980694ed","slug":"sudden-severe-headache-and-nervousness-see-a-doctor-immediately-these-are-signs-of-death-2026-01-19","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Health News: एकाएक सिर में तेज दर्द और घबराहट....तत्काल डॉक्टर को दिखाएं, ये हैं मौत के संकेत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Health News: एकाएक सिर में तेज दर्द और घबराहट....तत्काल डॉक्टर को दिखाएं, ये हैं मौत के संकेत
Mon, 19 Jan 2026 11:30 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Mon, 19 Jan 2026 11:30 AM IST
सार
सिर दर्द और घबराहट को नजरअंदाज न करें। थोड़ी से देरी जानलेवा बन सकती है। न्यूरोसर्जन डॉ. मयंक अग्रवाल ने बताया कि अगर किसी मरीज के रक्तचाप सुबह-शाम मापने पर रक्तचाप 110/160 तक है तो चिकित्सक से परामर्श जरूर कर लें।
विज्ञापन
सिर में तेज दर्द
- फोटो : एआई
विस्तार
एकाएक सिर में तेज दर्द, घबराहट और रक्तचाप बढ़ा हुआ है। इसमें देरी जानलेवा बन सकती है। ऐसी स्थिति में लकवा का खतरा सबसे ज्यादा है। ऐसे में तत्काल चिकित्सक को दिखाएं। एसएन मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में ठंड में लकवा के मरीजों की संख्या तीन गुना तक बढ़ गई है। कई मरीज ऐसे रहे, जिन्हाेंने इन लक्षणों में डॉक्टरों को दिखाने में देरी की। चिकित्सकों का कहना है कि वायु प्रदूषण के चलते और ठंड में नस सिकड़ने से रक्तसंचार प्रभावित होता है। रक्तचाप बढ़ जाए तो मरीज लकवाग्रस्त हो सकता है। खासकर उच्च रक्तचाप के मरीजों में इसका खतरा ज्यादा है।
विज्ञापन
दो बार में रक्तचाप बढ़ा तो डॉक्टर से लें परामर्श
एसएन मेडिकल कॉलेज के न्यूरोसर्जन डॉ. मयंक अग्रवाल ने बताया कि रक्तचाप बढ़ने से लकवा के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी है। अगर किसी मरीज के रक्तचाप सुबह-शाम मापने पर रक्तचाप 110/160 तक है तो चिकित्सक से परामर्श जरूर कर लें। खासकर मधुमेह, किडनी और हृदय रोग से पीड़ितों के लिए खतरा बढ़ जाता है।
एसएन मेडिकल कॉलेज के न्यूरोसर्जन डॉ. मयंक अग्रवाल ने बताया कि रक्तचाप बढ़ने से लकवा के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी है। अगर किसी मरीज के रक्तचाप सुबह-शाम मापने पर रक्तचाप 110/160 तक है तो चिकित्सक से परामर्श जरूर कर लें। खासकर मधुमेह, किडनी और हृदय रोग से पीड़ितों के लिए खतरा बढ़ जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
इन बातों का रखें ध्यान:
- धूम्रपान और शराब से बचें। पौष्टिक भोजन लें।
- रक्तचाप-मधुमेह का स्तर नियंत्रित रखें।
- उच्च रक्तचाप मरीज दिन में दो बार बीपी मांपें।
- बीपी की दवाएं कतई बंद न करें, शाम को जरूर खाएं।
- धूम्रपान और शराब से बचें। पौष्टिक भोजन लें।
- रक्तचाप-मधुमेह का स्तर नियंत्रित रखें।
- उच्च रक्तचाप मरीज दिन में दो बार बीपी मांपें।
- बीपी की दवाएं कतई बंद न करें, शाम को जरूर खाएं।