फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   Shri Krishna Janmabhoomi Idgah case decision of High Court celebration in Mathura sweets distributed

श्रीकृष्ण जन्मभूमि-ईदगाह विवाद: हाईकोर्ट के फैसले पर मथुरा में जश्न, बंटने लगी मिठाइयां; मुस्लिम पक्ष निराश

Mon, 01 May 2023 02:39 PM IST
धीरेन्द्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा Published by: धीरेन्द्र सिंह Updated Mon, 01 May 2023 02:39 PM IST
सार

श्रीकृष्ण विराजमान के अधिवक्ता हरिशंकर जैन की ओर से मथुरा कोर्ट में भगवान श्रीकृष्ण की 13.37 एकड़ भूमि मुक्त कराने की मांग की गई थी। इसी वाद के खिलाफ शाही ईदगाह पक्ष हाईकोर्ट गया था। इसी मामले में हाई कोर्ट ने फैसला दिया है।

विज्ञापन
Shri Krishna Janmabhoomi Idgah case decision of High Court celebration in Mathura sweets distributed
श्रीकृष्ण जन्मभूमि केस के मुख्य वादी दिनेश शर्मा ने बांटी मिठाई - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

श्रीकृष्ण जन्मभूमि-ईदगाह विवाद में इलाहबाद हाईकोर्ट का महत्वपूर्ण फैसला आया है। इस फैसले के आने के बाद मथुरा में जश्न का माहोल है। श्रीकृष्ण जन्मभूमि केस के मुख्य वादी दिनेश शर्मा ने मिठाईं बांटकर खुशी का इजहार किया। 
विज्ञापन

ये दिया आदेश

श्रीकृष्ण जन्म भूमि कटरा केशवदेव के नाम से दर्ज ईदगाह की जमीन विवाद को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मथुरा में दाखिल सिविल वाद को तय करने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने अंतरिम आदेश एवं पुनरीक्षण आदेश के खिलाफ दाखिल याचिका वापस करते हुए निस्तारित कर दी है। याचिका की पोषणीयता के मामले में कोर्ट ने कहा इस मामले में पहले ही फैसला आ चुका है। ऐसे में कोई हस्तक्षेप नहीं किया जा सकता है। यह आदेश न्यायमूर्ति प्रकाश पाडिया ने सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड व अन्य की याचिका पर दिया है। कोर्ट ने याचिका में हस्तक्षेप करने से इंकार कर दिया है।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें - श्रीकृष्ण जन्मभूमि-ईदगाह विवाद: हाईकोर्ट का आया बड़ा फैसला, मुस्लिम पक्ष को लगा झटका
विज्ञापन
विज्ञापन

 

बांटी गई मिठाईयां

वहीं इलाहबाद हाईकोर्ट का ये फैसला जैसे ही आया श्रीकृष्ण जन्मभूमि केस के मुख्य वादी दिनेश शर्मा ने मिठाई वितरण शुरू कर दिया। बता दें मथुरा कोर्ट में श्रीकृष्ण विराजमान की तरफ से दाखिल वाद को खारिज करने की मांग को लेकर शाही ईदगाह पक्ष ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की थी। मुस्लिम पक्ष के द्वारा जिला जज द्वारा केस की सुनवाई से संबंधित दिए गए निर्णय को होईकोर्ट में चुनौती दी गई थी। 

ये भी पढ़ें - यूपी: सौतेले पिता ने पार की हैवानियत की सारी हदें, मां को भी पता चला तो...; बेटी ने उठाया ये कदम

 

1973 में दिया गया निर्णय वादी पर लागू नहीं होगा

बता दें भगवान श्रीकृष्ण विराजमान की तरफ से सिविल जज की अदालत में 20 जुलाई 1973 के फैसले को रद्द करने और 13.37 एकड़ कटरा केशव देव की जमीन को श्रीकृष्ण विराजमान के नाम घोषित किए जाने की मांग की गई थी। वादी की ओर से कहा गया था कि जमीन को लेकर दो पक्षों के बीच हुए समझौते के आधार पर 1973 में दिया गया निर्णय वादी पर लागू नहीं होगा, क्योंकि उसमें वह पक्षकार नहीं था।

ये भी पढ़ें - शादी का वादा कर शारीरिक शोषण: जीवन साथी बनने की आई बारी तो हैवान बना प्रेमी,  फिर जो किया...जीते जी मर गई वो
 

2020 में हुआ था वाद खारिज

सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड की आपत्ति की सुनवाई करते हुए अदालत ने 30 सितंबर 2020 को सिविल वाद खारिज कर दिया था। जिसके खिलाफ भगवान श्रीकृष्ण विराजमान की तरफ से अपील दाखिल की गई। विपक्षी ने अपील की पोषणीयता पर आपत्ति की। जिला जज मथुरा की अदालत ने अर्जी मंजूर करते हुए अपील को पुनरीक्षण अर्जी में तब्दील कर दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed