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यूपी: शिवम की मौत हादसा या हत्या? लखनऊ की एफएसएल टीम सुलझाएगी गुत्थी, परिजनों ने उठाए गंभीर सवाल
Sat, 19 Sep 2026 12:11 PM IST
Dhirendra Singh
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: Dhirendra Singh
Updated Sat, 19 Sep 2026 12:11 PM IST
सार
धनौली में नाले में मिले शिवम के शव की मौत हादसे में हुई या हत्या की गई, इसकी जांच अब लखनऊ की एफएसएल टीम कर सकती है। परिजनों ने पुलिस और पोस्टमार्टम प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए हैं, जबकि सपा ने मजिस्ट्रियल जांच की मांग की है।
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शिवम के पिता
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
आगरा के मलपुरा के धनौली में नाले में मिले शिवम की हादसे में मौत या हत्या की गुत्थी लखनऊ की एफएसएल टीम सुलझाएगी। वह क्राइम सीन भी क्रिएट कर सकती है। छावनी विधानसभा के विधायक डॉ. जीएस धर्मेश के साथ आए परिजन के आरोप सुनने के बाद पुलिस आयुक्त दीपक कुमार ने डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास को निर्देश दिए हैं। परिजन पुलिस पर हत्या कर शव श्मशान में छिपाने और बाद में नाले में फेंकने का आरोप लगा रहे हैं।
परिजन ने बताया कि जिस नाले से शिवम का शव निकाला गया, उसके ऊपर बहुत सारे खोखे रखे हुए हैं। निकलने का रास्ता नहीं है। नाला से खोखे की ऊंचाई मात्र एक फुट है और नाला भी मात्र तीन फीट है। ऐसी स्थिति में साढ़े पांच फीट का शिवम नाला में कैसे गिर सकता है? सवाल किया कि रात 2:00 बजे श्मशान घाट का गेट किसकी अनुमति से और क्यों खोला गया? आरोप लगाया कि चौकी के पुलिस वालों ने हत्या कर रात को शव श्मशान घाट में छिपाकर मौका मिलने पर नाले मेंं धकेल दिया है।
विधायक ने पोस्टमार्टम की प्रक्रिया और रिपोर्ट पर भी सवाल उठाया। उनका कहना है कि शिवम के शरीर पर चोट के निशान नहीं मिले। आंखें खुली और बाहर की तरफ निकली हुई हैं। जीभ भी बाहर है, ऐसा गला दबाकर हत्या करने या फंदे से लटककर आत्महत्या के मामले में होता है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर पर चोट है और मौत की वजह पानी में डूबना बताया गया है। पूरे शरीर में मिट्टी लगने और सांस नली में कीचड़ बताया गया। शव के मुंह और नाक में कीचड़ नहीं मिला तो सांस नली में कैसे पहुंचा। फेफड़ों में गंदा पानी पहुंचा तो फेफड़ों को खोलकर क्यों नहीं देखा गया। उन्होंने आशंका जताई है कि चिकित्सक ने पोस्टमार्टम किसी दबाव में रहकर किया है।
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विधायक ने यह भी कहा कि शव का पंचायतनामा भरते समय परिवार के लोगों को नहीं बुलाया गया। जल्दबाजी में पोस्टमार्टम करवाकर शव दिया गया और जल्दी अंतिम संस्कार का दबाव बनाया गया। पिता को अब तक पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं दी। उसी समय रिपोर्ट दी जाती तो परिजन पैनल से पोस्टमार्टम की मांग कर लेते। मुलाकात के दौरान साथ में भाजपा महानगर महामंत्री महेश शर्मा और कार्यकर्ता मुकेश कुशवाहा सहित अन्य लोगों उपस्थित रहे।
सपा ने उठाई मजिस्ट्रियल जांच की मांग
नरीपुरा निवासी शिवम कुमार का शव नाले में मिलने के मामले में समाजवादी पार्टी प्रतिनिधिमंडल ने शुक्रवार को परिजन से मुलाकात की। सपा नेताओं ने शिवम की मौत की मजिस्ट्रियल जांच की मांग उठाई है। सपा नेता विनय अग्रवाल ने परिजन से मिलने के बाद कहा कि शिवम कुमार की मृत्यु कैसे और किन परिस्थितियों में हुई, इसकी गहन एवं निष्पक्ष जांच होना बेहद जरूरी है। इस दौरान सतीश चाहर, बलविंदर सिंह, राजीव सविता, परवेज खान, हिमांशु यादव, भानु प्रताप सिंह आदि मौजूद रहे।
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परिजन ने बताया कि जिस नाले से शिवम का शव निकाला गया, उसके ऊपर बहुत सारे खोखे रखे हुए हैं। निकलने का रास्ता नहीं है। नाला से खोखे की ऊंचाई मात्र एक फुट है और नाला भी मात्र तीन फीट है। ऐसी स्थिति में साढ़े पांच फीट का शिवम नाला में कैसे गिर सकता है? सवाल किया कि रात 2:00 बजे श्मशान घाट का गेट किसकी अनुमति से और क्यों खोला गया? आरोप लगाया कि चौकी के पुलिस वालों ने हत्या कर रात को शव श्मशान घाट में छिपाकर मौका मिलने पर नाले मेंं धकेल दिया है।
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विधायक ने पोस्टमार्टम की प्रक्रिया और रिपोर्ट पर भी सवाल उठाया। उनका कहना है कि शिवम के शरीर पर चोट के निशान नहीं मिले। आंखें खुली और बाहर की तरफ निकली हुई हैं। जीभ भी बाहर है, ऐसा गला दबाकर हत्या करने या फंदे से लटककर आत्महत्या के मामले में होता है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर पर चोट है और मौत की वजह पानी में डूबना बताया गया है। पूरे शरीर में मिट्टी लगने और सांस नली में कीचड़ बताया गया। शव के मुंह और नाक में कीचड़ नहीं मिला तो सांस नली में कैसे पहुंचा। फेफड़ों में गंदा पानी पहुंचा तो फेफड़ों को खोलकर क्यों नहीं देखा गया। उन्होंने आशंका जताई है कि चिकित्सक ने पोस्टमार्टम किसी दबाव में रहकर किया है।
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विधायक ने यह भी कहा कि शव का पंचायतनामा भरते समय परिवार के लोगों को नहीं बुलाया गया। जल्दबाजी में पोस्टमार्टम करवाकर शव दिया गया और जल्दी अंतिम संस्कार का दबाव बनाया गया। पिता को अब तक पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं दी। उसी समय रिपोर्ट दी जाती तो परिजन पैनल से पोस्टमार्टम की मांग कर लेते। मुलाकात के दौरान साथ में भाजपा महानगर महामंत्री महेश शर्मा और कार्यकर्ता मुकेश कुशवाहा सहित अन्य लोगों उपस्थित रहे।
सपा ने उठाई मजिस्ट्रियल जांच की मांग
नरीपुरा निवासी शिवम कुमार का शव नाले में मिलने के मामले में समाजवादी पार्टी प्रतिनिधिमंडल ने शुक्रवार को परिजन से मुलाकात की। सपा नेताओं ने शिवम की मौत की मजिस्ट्रियल जांच की मांग उठाई है। सपा नेता विनय अग्रवाल ने परिजन से मिलने के बाद कहा कि शिवम कुमार की मृत्यु कैसे और किन परिस्थितियों में हुई, इसकी गहन एवं निष्पक्ष जांच होना बेहद जरूरी है। इस दौरान सतीश चाहर, बलविंदर सिंह, राजीव सविता, परवेज खान, हिमांशु यादव, भानु प्रताप सिंह आदि मौजूद रहे।