SC-ST एक्ट: ग्वालियर, भिंड, मुरैना में 6 की मौत, 50 से अधिक घायल
एससी-एसटी एक्ट में बदलाव संबंधी सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ आयोजित भारत बंद के दौरान सोमवार को ग्वालियर-चंबल अंचल में भी जमकर हिंसा हुई। ग्वालियर अंचल में हुई हिंसा के दौरान मृतकों की संख्या 6 हो गई है। इनमें तीन ग्वालियर, एक भिंड और एक व्यक्ति की मौत मुरैना में हुई। उपद्रवग्रस्त क्षेत्रों में कर्फ्यू जारी है।
जिला प्रशासन के अनुसार सुबह आठ बजे हालात की ताजा समीक्षा के बाद कर्फ्यू की स्थिति को लेकर निर्णय लिया जाएगा। 50 से अधिक लोग लोग घायल हो गए हैं। मुरैना में प्रदर्शनकारियों ने एक पुलिस दरोगा से मारपीट कर उसकी सर्विस रिवाल्वर छीन ली। उन्होंने ट्रैक पर स्लीपर रखकर ट्रेन पलटाने की कोशिश की। देर शाम तक ग्वालियर-आगरा झांसी रेलमार्ग पर ट्रेनों की आवाजाही थमी रही। पुलिस को कई स्थानों पर लाठियां भांजनी पड़ीं, जबकि उपद्रवियों ने पुलिस व आम लोगों पर जमकर पथराव किया।
प्रशासन को स्थिति नियंत्रित करने के लिए ग्वालियर के पांच और भिंड, मुरैना के तीन-तीन थाना क्षेत्रों में कर्फ्यू और तीनों जिलों में धारा 144 लगानी पड़ी है। ग्वालियर में उत्पातियों ने फायरिंग कर दो युवकों की जान ले ली। जिनकी पहचान राकेश और दीपक के रूप में हुई है।
मुरैना में राहुल पाठक नाम के युवक को उपद्रवियों द्वारा गोली मार दी गई, जबकि राहुल पाठक छत पर खड़ा होकर माहौल को देख रहा था। इसी प्रकार भिंड के मछंड में महावीर सिंह राजावत की गोली लगने से मौत हो गई। बताया जाता है कि हिंसक भीड़ को भगाने के लिए पुलिस द्वारा किये गये हवाई फायर से उसे गोली लगी, लेकिन पुलिस का कहना है कि हिंसक भीड़ में से किये फायर से उसे गोली लगी है।
तीनों जिलों में धारा 144 लगा दी गई है
एससी-एसटी एक्ट में बदलाव पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ सोमवार को आयोजित भारत बंद ने हिंसक रूप ले लिया। मध्य प्रदेश में सर्वाधिक हिंसा ग्वालियर, मुरैना, भिंड जिलों में हुई, जहां 6 लोगों की जान चली गई और 50 से अधिक लोग घायल हो गए। ग्वालियर में स्थिति नियंत्रित करने के लिए सेना की मदद लेनी पड़ी। वहीं कुछ स्थानों पर एसएएफ व बीएसएफ को भी बुलाना पड़ा।
डबरा में एसडीओपी राजेश त्रिपाठी को हिंसक भीड़ ने लाठियों से मारपीट कर जख्मी कर दिया। वहीं मुरैना में एसडीओपी आरकेएस राठौर को भी पत्थरों से हमला कर चोटिल किया गया। मुरैना में एक पुलिस दरोगा को भी घेरकर मारा पीटा गया और उसकी सर्विस रिवाल्वर छीन ली गई। ग्वालियर-मुरैना-भिंड में सुबह से उपद्रव के हालात रहे। ग्वालियर में गोला का मंदिर, स्टेशन क्षेत्र, थाटीपुर, मुरार, बहोड़ापुर में जमकर पथराव कर आम लोगों को मारा पीटा गया। स्टेशन पर भी भारी भीड़ ने घुसने की कोशिश की, जिसे पुलिस ने नाकाम कर दिया। विभिन्न स्थानों पर निजी वाहनों सहित स्कूल बस व दो पहिया वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया।
ग्वालियर, मुरैना, भिंड में स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस को कई चक्र हवाई फायर व आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े। जबकि ग्वालियर के मुरार, गोला का मंदिर, थाटीपुर, पड़ाव, यूनिवर्सिटी आदि क्षेत्रों में कर्फ्यू लगाया गया है। ग्वालियर, भिंड, मुरैना तीनों जिलों में धारा 144 भी लगा दी गई है। भिंड के लहार, मेहगांव क्षेत्र में भी कर्फ्यू लगा दिया गया है। वहीं ग्वालियर के डबरा क्षेत्र में भी चार पहिया वाहन, दो पहिया वाहनों में आग लगा दी गई। एक मालगाड़ी के इंजन पर चढ़कर ट्रेन को रोका गया, वहीं उपद्रवियों द्वारा चलाई गई गोली से एक युवक सोनू जाट गंभीर रूप से घायल हो गया।
इंटरनेट सेवा वापस ली
ग्वालियर चंबल में भड़की हिंसा के बाद सोशल मीडिया पर चल रहे कयासों के बीच दोपहर 12 बजे से प्रशासन ने इंटरनेट सर्विस वापस ले ली है। सुबह छह बजे तक इंटरनेट सेवा बंद रहेगी। बीएसएनएल के महाप्रबंधक एमएस धाकड़ के मुताबिक जिला प्रशासन के निर्देश के बाद सभी इंटरनेट सेवायें अंचल में रोक दी गई है, जिन्हें कल सुबह छह बजे स्थिति की समीक्षा के बाद बहाल किया जायेगा।
राजमार्ग बंद रहे
एससी और एसटी एक्ट पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के विरोध में भड़की हिंसा के कारण ग्वालियर-आगरा, ग्वालियर-झांसी और ग्वालियर-भिंड राजमार्ग पर यातायात बंद रहा। ट्रक, बस सहित विभिन्न वाहनों ने जहां भी जगह मिली अपने वाहन को पार्क कर अप्रिय स्थिति से निपटने की कोशिश की।
निगम कमिश्नर के बंगले में घुसने की कोशिश
हिंसक भीड़ ने ग्वालियर निगम आयुक्त विनोद शर्मा आईएएस के गांधी रोड स्थित निवास में जबरन घुसने की कोशिश की। सतर्क सुरक्षा कर्मियों ने गेट पर ताला लगाकर उनको अंदर घुसने से रोका।