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संत-महंतों ने हवन यज्ञ कर दी कारगिल शहीदों को श्रद्धांजलि, किए पुष्प अर्पित
Wed, 24 Jul 2019 06:22 PM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Wed, 24 Jul 2019 06:22 PM IST
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हवन यज्ञ कर कारगिल शहीदों को श्रद्धांजलि देते संत-महंत
- फोटो : अमर उजाला
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कारगिल युद्ध में शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजलि देने के लिए नगर के संतों ने हवन यज्ञ कर उनके शौर्य एवं पराक्रम को नमन किया। संतों ने उनके छायाचित्र पर भी पुष्प अर्पित किए।
अमर उजाला के अभियान शहादत को सलाम के तहत कालीदह स्थित अखंड दयाधाम में हुए हवन यज्ञ कार्यक्रम में संतों ने आहुतियां दीं। अध्यक्षता कर रहे महामंडलेश्वर भास्करानंद महाराज ने कहा कि देश की रक्षा में अपने प्राण न्यौछावर करने वाले शहीद हम सबके लिए पूजनीय हैं।
महामंडलेश्वर आदित्यानंद व चित्तप्रकाशानंद ने कहा कि आज देश के जवानों द्वारा की जा रही सुरक्षा के बल पर ही हम अपना खुशहाल जीवन बिता रहे हैं, हमें उन पर गर्व है।
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अमर उजाला के अभियान शहादत को सलाम के तहत कालीदह स्थित अखंड दयाधाम में हुए हवन यज्ञ कार्यक्रम में संतों ने आहुतियां दीं। अध्यक्षता कर रहे महामंडलेश्वर भास्करानंद महाराज ने कहा कि देश की रक्षा में अपने प्राण न्यौछावर करने वाले शहीद हम सबके लिए पूजनीय हैं।
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महामंडलेश्वर आदित्यानंद व चित्तप्रकाशानंद ने कहा कि आज देश के जवानों द्वारा की जा रही सुरक्षा के बल पर ही हम अपना खुशहाल जीवन बिता रहे हैं, हमें उन पर गर्व है।
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महामंडलेश्वर नवलगिरि व महंत सच्चिदानंद महाराज ने कहा कि दो व्यक्तियों का शरीर त्यागना ही श्रेष्ठ है। पहला वन में तप करते हुए और दूसरा रण में लड़ते हुए।
इस दौरान स्वामी राघवानंद, महंत अमनदेव, स्वामी शरदानंद सरस्वती, अनुभावानंद महाराज, कृष्णबल्लभ दास, नारायण दास, प्रज्ञानंद, उपदेश दास, स्वामी परमानंद, स्वामी भारतपुरी, स्वामी सदानंद, स्वामी गोविंदानंद, स्वामी धरानंद, नारायण शुक्ला, विष्णु तिवारी, राहुल दीक्षित, कृष्णानंद आदि ने विचार रखे।
इस दौरान स्वामी राघवानंद, महंत अमनदेव, स्वामी शरदानंद सरस्वती, अनुभावानंद महाराज, कृष्णबल्लभ दास, नारायण दास, प्रज्ञानंद, उपदेश दास, स्वामी परमानंद, स्वामी भारतपुरी, स्वामी सदानंद, स्वामी गोविंदानंद, स्वामी धरानंद, नारायण शुक्ला, विष्णु तिवारी, राहुल दीक्षित, कृष्णानंद आदि ने विचार रखे।