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ट्रैक पर कैटल रन ओवर रोकने के लिए रेलवे ने बनाया ये प्लान
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा
Updated Wed, 24 Jan 2018 09:38 PM IST
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पटरी से उतरी ट्रेन
- फोटो : अमर उजाला
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उत्तर मध्य रेलवे में रेलवे लाइनों पर पशु कटान (कैटल रन ओवर) की घटनाएं रोकने को वन विभाग की मदद ली जाएगी। शहर के बाहरी इलाकों में नील गायों के कारण ट्रैकों पर हादसे हो रहे हैं।
गोंडवाना एक्सप्रेस दुर्घटना के बाद उत्तर मध्य रेलवे के महाप्रबंधक एमसी चौहान ने रात्रि 12 से तड़के चार बजे की बीच फुलप्लेट बढ़ाने के निर्देश दिए।
उत्तर मध्य रेलवे में कैटल रन ओवर की बढ़ती घटनाओं पर महाप्रबंधक ने चिंता जताई। निर्देशित किया है कि रेलवे स्टेशन और रेलवे ट्रैकों पर आवारा पशुओं के विचरण को रोकने के लिए संरक्षा कर्मियों के साथ ही आरपीएफ भी काम करे।
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गोंडवाना एक्सप्रेस दुर्घटना के बाद उत्तर मध्य रेलवे के महाप्रबंधक एमसी चौहान ने रात्रि 12 से तड़के चार बजे की बीच फुलप्लेट बढ़ाने के निर्देश दिए।
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उत्तर मध्य रेलवे में कैटल रन ओवर की बढ़ती घटनाओं पर महाप्रबंधक ने चिंता जताई। निर्देशित किया है कि रेलवे स्टेशन और रेलवे ट्रैकों पर आवारा पशुओं के विचरण को रोकने के लिए संरक्षा कर्मियों के साथ ही आरपीएफ भी काम करे।
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आगरा के बाहरी इलाकों से होकर गुजरने वाले रेलवे ट्रैकों पर नील गायों के ट्रेनों से टकराने की घटनाओं की रोकथाम के लिए वन विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक करने को कहा गया है।
वन विभाग ऐसे स्थानों की सूची उपलब्ध कराएगा, जहां वन गायें बहुतायत में हैं। इसके बाद इन ट्रैकों पर खास निगरानी की जाएगी। इसी तरह स्टेशनों पर भी चौकसी रखी जाए।
उन्होंने बताया कि ट्रैकों की निगरानी रात्रि 12 से सुबह चार बजे के बीच बढ़ाई जाए। ड्राइवर और गार्ड के मध्य आल राइट सिग्नल सही प्रकार से सुनिश्चित करके लिए नियमित निरीक्षण का सुझाव दिया।
लोको पायलटों और सहायक लोको पायलटों को इंडटमीडिएट स्टार्टर सिग्नलों का महत्व समझाने को अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। वीडियो कांफ्रेंसिंग में डीआरएम रंजन यादव, एडीआरएम डीके सिंह समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
वन विभाग ऐसे स्थानों की सूची उपलब्ध कराएगा, जहां वन गायें बहुतायत में हैं। इसके बाद इन ट्रैकों पर खास निगरानी की जाएगी। इसी तरह स्टेशनों पर भी चौकसी रखी जाए।
उन्होंने बताया कि ट्रैकों की निगरानी रात्रि 12 से सुबह चार बजे के बीच बढ़ाई जाए। ड्राइवर और गार्ड के मध्य आल राइट सिग्नल सही प्रकार से सुनिश्चित करके लिए नियमित निरीक्षण का सुझाव दिया।
लोको पायलटों और सहायक लोको पायलटों को इंडटमीडिएट स्टार्टर सिग्नलों का महत्व समझाने को अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। वीडियो कांफ्रेंसिंग में डीआरएम रंजन यादव, एडीआरएम डीके सिंह समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।