अमर उजाला अभियान स्वास्थ्य: माता-पिता जिम्मेदारी निभाएं, अपने बच्चों को टीका जरूर लगवाएं
कोरोना संक्रमण के नए मरीज फिर से बढ़ने लगे हैं। नोएडा समेत कई शहरों में बच्चों में संक्रमण मिल रहा है। ऐसे में टीका ही बचाव है।
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कोरोना वायरस की चौथी लहर ने दस्तक दे दी है। नोएडा समेत कई शहरों में बच्चों में संक्रमण मिल रहा है। चिकित्सक अभिभावकों को जागरूक कर रहे हैं कि वह बच्चों को कोरोना से सुरक्षित करने के लिए उनको टीका लगवाएं। आगरा के मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अरुण श्रीवास्तव ने बताया कि 5 से 12 साल तक के बच्चों के लिए टीकाकरण को मंजूरी मिल गई है। बच्चों पर ट्रायल होने के बाद ही केंद्र सरकार ने वैक्सीन लगवाने की अनुमति दी है।
टीका लगने से बच्चों में एंटीबॉडी विकसित होगी, जिससे कोरोना वायरस से बचाव होगा। शासन का निर्देश मिलने के बाद बूथों पर टीकाकरण शुरू हो जाएगा। जरूरत पर स्कूलों में भी शिविर लगाकर बच्चों को टीका लगाया जाएगा। टीका लगने से पूरा परिवार सुरक्षित हो जाएगा। ऐसे में मां-पिता अपनी जिम्मेदारी समझते हुए बच्चों का टीकाकरण जरूर करवाएं।
बच्चों के टीके से पूरा परिवार हो जाएगा सुरक्षित
वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. निखिल चतुर्वेदी का कहना है कि परिवारों में 12 साल से अधिक उम्र के लगभग सभी सदस्यों को टीका लग गया है। अब सरकार ने 5 से 12 साल तक के बच्चों का भी टीकाकरण शुरू किया है। ऐसे में मां-बाप अपनी जिम्मेदारी समझते हुए बच्चों को टीका लगवाएं, इससे पूरा परिवार सुरक्षित हो जाएगा।
टीके का कोई दुष्प्रभाव नहीं, कारगर है वैक्सीन
आईएमए के पूर्व अध्यक्ष और बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. जेएन टंडन का कहना है कि सफल ट्रायल के बाद 5 से 12 साल तक के बच्चों के टीका लगाया जा रहा है। वैक्सीन बेहद कारगर और सुरक्षित है। टीका शुरू होते ही बच्चों के वैक्सीन लगवा दें।
बच्चे भी उत्साहित बोले, हम भी लगाएंगे टीका
प्रियांशी ने कहा कि मेरे घर में सभी को टीका लग गया है। मैं भी टीका लगवाऊंगी, जिससे परिवार में कोरोना का किसी को खतरा नहीं रहेगा। रुद्रप्रताप ने कहा कि मेरी दीदी और मम्मी पापा ने भी टीका लगवाया है। हमारे टीचर ने भी टीके के फायदे बताए हैं। मैं भी टीका लगवाऊंगा।