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Agra News: अक्षय तृतीया पर पंचकल्याणक विधान किया
Fri, 10 May 2024 11:12 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
Updated Fri, 10 May 2024 11:12 PM IST
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अक्षय तृतीया पर पंचकल्याणक विधान किया
मैनपुरी। करहल रोड स्थित श्री आदिनाथ दिगंबर जैन बड़ा मंदिर में श्री आदिनाथ भगवान का अक्षय तृतीया पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। प्रथम तीर्थंकर भगवान आदिनाथ का अभिषेक, परिमार्जन करने का सौभाग्य विशाल जैन जॉली, सौरभ जैन बॉबी, अमित जैन, संजय गोल्डी को मिला। शांतिधारा करने का सौभाग्य शिवांग जैन को प्राप्त हुआ।
श्रीजी की पूजा विधानाचार्य अभिनव जैन मोदी के सानिध्य में की गई। पंचकल्याणक विधान का शुभारंभ कलश स्थापना के साथ संगीतमय विधान में सहभागिता करने का सौभाग्य रेखा जैन, निशंका जैन, विजय लक्ष्मी जैन, शालिनी जैन, शोभा जैन को मिला। मंदिर के महामंत्री विशाल जैन जौली ने बताया कि भगवान ऋषभनाथ (प्रथम तीर्थंकर) ने एक वर्ष की तपस्या करने के बाद वैशाख माह के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को इक्षु रस (गन्ने का रस) से अपनी तपस्या का पारण किया था। इससे जैन समाज में यह दिन विशेष महत्व रखता है। हिंदू धर्मावलंबी भगवान ऋषभनाथ को भगवान विष्णु का अवतार मानते हैं। प्रकाशचंद्र जैन दादा, आदित्य जैन, वीरेंद्र कुमार जैन, शिवानी जैन, उमेशचंद्र जैन एडवोकेट, मनीष जैन, आदेश जैन, प्रमोद दुबे बाबा मौजूद रहे। मंदिर कमेटी की ओर से इक्षु रस का वितरण करवाया।
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मैनपुरी। करहल रोड स्थित श्री आदिनाथ दिगंबर जैन बड़ा मंदिर में श्री आदिनाथ भगवान का अक्षय तृतीया पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। प्रथम तीर्थंकर भगवान आदिनाथ का अभिषेक, परिमार्जन करने का सौभाग्य विशाल जैन जॉली, सौरभ जैन बॉबी, अमित जैन, संजय गोल्डी को मिला। शांतिधारा करने का सौभाग्य शिवांग जैन को प्राप्त हुआ।
श्रीजी की पूजा विधानाचार्य अभिनव जैन मोदी के सानिध्य में की गई। पंचकल्याणक विधान का शुभारंभ कलश स्थापना के साथ संगीतमय विधान में सहभागिता करने का सौभाग्य रेखा जैन, निशंका जैन, विजय लक्ष्मी जैन, शालिनी जैन, शोभा जैन को मिला। मंदिर के महामंत्री विशाल जैन जौली ने बताया कि भगवान ऋषभनाथ (प्रथम तीर्थंकर) ने एक वर्ष की तपस्या करने के बाद वैशाख माह के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को इक्षु रस (गन्ने का रस) से अपनी तपस्या का पारण किया था। इससे जैन समाज में यह दिन विशेष महत्व रखता है। हिंदू धर्मावलंबी भगवान ऋषभनाथ को भगवान विष्णु का अवतार मानते हैं। प्रकाशचंद्र जैन दादा, आदित्य जैन, वीरेंद्र कुमार जैन, शिवानी जैन, उमेशचंद्र जैन एडवोकेट, मनीष जैन, आदेश जैन, प्रमोद दुबे बाबा मौजूद रहे। मंदिर कमेटी की ओर से इक्षु रस का वितरण करवाया।
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