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पिछले चार वर्षों के बिल वाउचर मांगे जाने से शिक्षकों में आक्रोश
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मैनपुरी। उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ की बैठक जिला मंत्री महेंद्र प्रताप सिंह के आवास पर हुई। बैठक में उच्चाधिकारियों द्वारा शिक्षकों से विगत चार वर्षों के बिल वाउचर मांगे जाने समेत कई अन्य अव्यवहारिक आदेशों की निंदा की गई।
जिलाध्यक्ष राजीव यादव ने कहा कि प्रतिदिन उच्चाधिकारियों द्वारा नए-नए अव्यवहारिक फरमान जारी किए जा रहे हैं जिससे शिक्षकों पर मानसिक दबाव बढ़ रहा है। अभी हाल में ही शिक्षकों से विगत चार वर्षों में किए गए कार्यों के बिल वाउचर मांगे गए हैं जबकि हर वर्ष विभाग द्वारा दो बार ऑडिट कराया जाता है। यदि शासन द्वारा जारी ऑडिट प्रक्रिया पर विभाग को विश्वास नहीं है तो इस ऑडिट को बंद कर देना चाहिए।
जिला कोषाध्यक्ष हरिओम दुबे ने कहा कि इस प्रकार के आदेश शिक्षक को व्यथित कर रहे हैं इन बेतुके आदेशों के कारण ही शिक्षक शिक्षा से दूर होता चला जा रहा है सूचनाओं के दबाव के कारण शिक्षक मानसिक रोग से पीड़ित हो रहे हैं यदि शीघ्र ही इन आदेशों पर लगाम ना लगाई तो संगठन आंदोलन को विवश होगा।
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जिला संरक्षक सत्यवीर सिंह ने कहा कि इस प्रकार के बेतुके आदेशों से आर्थिक शोषण को बढ़ावा मिल रहा है उन्होंने तत्काल इस प्रकार के शिक्षक विरोधी आदेशों पर रोक लगाने की मांग की है।
बैठक में कौशल गुप्ता, डॉ. आलोक शाक्य, दलवीर कठेरिया, केपी सिंह, योगेश यादव, डॉ. कमलेश यादव, महेश आर्य, अबलेंद्र कुमार, ओसपाल, रक्षपाल शाक्य, हरगोविंद चौहान, जितेंद्र कुमार, प्रदीप यादव, सत्यप्रकाश, राजीव गुप्ता, प्रबल प्रताप चौहान, अभय चौधरी, हेम सिंह, वैभव गुप्ता, सुदीप पांडेय मौजूद रहे।
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जिलाध्यक्ष राजीव यादव ने कहा कि प्रतिदिन उच्चाधिकारियों द्वारा नए-नए अव्यवहारिक फरमान जारी किए जा रहे हैं जिससे शिक्षकों पर मानसिक दबाव बढ़ रहा है। अभी हाल में ही शिक्षकों से विगत चार वर्षों में किए गए कार्यों के बिल वाउचर मांगे गए हैं जबकि हर वर्ष विभाग द्वारा दो बार ऑडिट कराया जाता है। यदि शासन द्वारा जारी ऑडिट प्रक्रिया पर विभाग को विश्वास नहीं है तो इस ऑडिट को बंद कर देना चाहिए।
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जिला कोषाध्यक्ष हरिओम दुबे ने कहा कि इस प्रकार के आदेश शिक्षक को व्यथित कर रहे हैं इन बेतुके आदेशों के कारण ही शिक्षक शिक्षा से दूर होता चला जा रहा है सूचनाओं के दबाव के कारण शिक्षक मानसिक रोग से पीड़ित हो रहे हैं यदि शीघ्र ही इन आदेशों पर लगाम ना लगाई तो संगठन आंदोलन को विवश होगा।
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जिला संरक्षक सत्यवीर सिंह ने कहा कि इस प्रकार के बेतुके आदेशों से आर्थिक शोषण को बढ़ावा मिल रहा है उन्होंने तत्काल इस प्रकार के शिक्षक विरोधी आदेशों पर रोक लगाने की मांग की है।
बैठक में कौशल गुप्ता, डॉ. आलोक शाक्य, दलवीर कठेरिया, केपी सिंह, योगेश यादव, डॉ. कमलेश यादव, महेश आर्य, अबलेंद्र कुमार, ओसपाल, रक्षपाल शाक्य, हरगोविंद चौहान, जितेंद्र कुमार, प्रदीप यादव, सत्यप्रकाश, राजीव गुप्ता, प्रबल प्रताप चौहान, अभय चौधरी, हेम सिंह, वैभव गुप्ता, सुदीप पांडेय मौजूद रहे।