Agra: निजी कॉलेजों का लापरवाही पड़ रही भारी, 60 हजार विद्यार्थी परेशान
120 कॉलेजों ने प्रयोगात्मक परीक्षा के प्राप्तांकों को सत्यापित नहीं किया है, जिसकी वजह से स्नातक विषय की पहली साल की प्रयोगात्मक परीक्षा के अंक नहीं मिल पाए। अब अंकतालिकाओं में एमडब्ल्यू दर्ज हुआ है, जिसे लेकर 60 हजार विद्यार्थी परेशान हैं।
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डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय के 120 कॉलेजों ने प्रयोगात्मक परीक्षा के अंकों को ऑनलाइन सत्यापित नहीं कराया। इससे 60 हजार से अधिक अंकतालिकाएं नहीं बन पा रही हैं। इन पर एमडब्ल्यू (मार्क वेटिंग) दर्ज है। कॉलेजों के प्रबंधन को दो बार नोटिस भी जारी हो चुका है।
परीक्षा नियंत्रक डॉ. ओमप्रकाश ने बताया कि 411 कॉलेजों ने प्रयोगात्मक परीक्षा कराने के बाद विश्वविद्यालय को प्राप्तांक भेज दिए थे। इनको ऑनलाइन कर दिया गया है। कॉलेज संचालकों को अंक सही हैं या नहीं, इसे ऑनलाइन सत्यापित करना है। उनके ओके करने पर संबंधित छात्रों की अंकतालिका पर संबंधित विषय के अंक दर्ज करा दिए जाएंगे। अभी तक करीब 120 कॉलेजों ने अंकों को सत्यापित नहीं किया है। इनको दो बार नोटिस भी दे चुके हैं। अब इन कॉलेजों की सूची बनाकर कार्रवाई के लिए कुलपति को भेजेंगे।
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नहीं हो पा रही छपाई
विश्वविद्यालय ने स्नातक का परिणाम जारी करते हुए अंकतालिकाएं ऑनलाइन कर दी हैं। इनमें एमडब्ल्यू समस्या का समाधान नहीं होने से छपाई रुकी है। एसोसिएशन ऑफ सेल्फ फाइनेंस एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस के अध्यक्ष रामेश्वर सिंह का कहना है कि जिन कॉलेजों ने अभी अंक सत्यापित नहीं किए हैं, वह अपनी लॉग इन आईडी से इनको ओके कर दें, जिससे अंकतालिकाओं की छपाई हो सके।