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राष्ट्रीय लोक अदालत: दो लाख का बिजली बिल, 23 हजार में बन गई बात
Sun, 12 Feb 2023 11:49 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Sun, 12 Feb 2023 11:49 AM IST
सार
फोरम अध्यक्ष सर्वेश कुमार और सदस्य अरुण कुमार ने दोनों पक्षों को बैठाया। इसके बाद समझौता हो गया। दोनों में सहमति बनी कि राजू 23,960 रुपये अदा करेंगे। इस पर मामला निपट गया।
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आगरा दीवानी
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
आगरा की दीवानी में शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत लगी। इसमें बिजली बिल के बकाए के दस साल पुराने मामले की सुनवाई हुई। बिना बिजली के उपभोक्ता के पास दो लाख का बिजली बिल भेजा था। जिला उपभोक्ता प्रथम के अध्यक्ष सर्वेश कुमार एवं सदस्य अरुण कुमार आपसी सुलह समझौते के बाद विवाद का निपटारा हो गया। अब पीड़ित को 23,960 रुपये अदा करने होंगे।
गांव उधन्नपुरा, जैतपुर निवासी राजू ने बताया कि उन्होंने 3 अप्रैल, 2013 को बिजली कनेक्शन लेने के लिए 5,150 रुपये जमा कराए थे, जिसकी उन्हें रसीद भी दी गई थी। इस पर उनके यहां पर मीटर लगा दिया गया, लेकिन बिजली चालू नहीं की। उन्होंने किसी तरह बिजली का उपयोग नहीं किया था। 10 नवंबर, 2015 को 9,231 रुपये का बिल भेज दिया गया। राजू ने दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के अधिशासी अभियंता से शिकायत की। लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। बाद में 2 लाख से अधिक का बिल भेज दिया गया। विभागीय अधिकारियों के सुनवाई नहीं करने पर उन्होंने जिला उपभोक्ता फोरम में वाद प्रस्तुत किया। फोरम अध्यक्ष सर्वेश कुमार और सदस्य अरुण कुमार ने दोनों पक्षों को बैठाया। इसके बाद समझौता हो गया। दोनों में सहमति बनी कि राजू 23,960 रुपये अदा करेंगे। इस पर मामला निपट गया।
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गांव उधन्नपुरा, जैतपुर निवासी राजू ने बताया कि उन्होंने 3 अप्रैल, 2013 को बिजली कनेक्शन लेने के लिए 5,150 रुपये जमा कराए थे, जिसकी उन्हें रसीद भी दी गई थी। इस पर उनके यहां पर मीटर लगा दिया गया, लेकिन बिजली चालू नहीं की। उन्होंने किसी तरह बिजली का उपयोग नहीं किया था। 10 नवंबर, 2015 को 9,231 रुपये का बिल भेज दिया गया। राजू ने दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के अधिशासी अभियंता से शिकायत की। लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। बाद में 2 लाख से अधिक का बिल भेज दिया गया। विभागीय अधिकारियों के सुनवाई नहीं करने पर उन्होंने जिला उपभोक्ता फोरम में वाद प्रस्तुत किया। फोरम अध्यक्ष सर्वेश कुमार और सदस्य अरुण कुमार ने दोनों पक्षों को बैठाया। इसके बाद समझौता हो गया। दोनों में सहमति बनी कि राजू 23,960 रुपये अदा करेंगे। इस पर मामला निपट गया।
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फ्लैट का मामला भी सुलझा
आगरा। जिला उपभोक्ता फोरम में एक फ्लैट का मामला सुलझ गया। पुरानी विजय नगर कॉलोनी निवासी सुमन गर्ग का विपक्षी अनिल कपूर, संजय गर्ग, अखिल गोयल के बीच विवाद चल रहा था। फोरम ने वादिया के पक्ष में फ्लैट का बैनामा करने के आदेश किए। सुमन गर्ग ने पुरानी विजय नगर कॉलोनी में फ्लैट खरीदा था। उन्होंने अपनी शिकायत में कहा कि रकम अदा करने के बावजूद बैनामा नहीं किया गया। उन्होंने वर्ष 2020 में जिला उपभोक्ता फोरम में वाद प्रस्तुत किया। जिला उपभोक्ता फोरम ने 8 मार्च, 2022 को विपक्षी को वादिया के हक में बैनामा करने का निर्णय दिया। यह एक महीने में करना था, लेकिन विपक्षी ने बैनामा नहीं किया। कोर्ट के आदेश को भी नहीं माना। लोक अदालत में दोनों पक्षों को बुलाया गया। इसमें समझौता हो गया।
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