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मथुरा: पागल बाबा ट्रस्ट और जिला प्रशासन के बीच उलझी कोविड हॉस्पिटल की तैयारी
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वृंदावन (मथुरा)। कोरोना महामारी से जूझ रही भगवान श्रीकृष्ण की जन्म और लीला स्थली में लोगों को बचाने के लिए उद्यमियों का सहयोग लेने संबंधी डीएम की पहल परवान नहीं चढ़ सकी है। वृंदावन के पागल बाबा हॉस्पिटल को कोविड हॉस्पिटल बनाने को उद्यमियों का सहयोग तो मिल गया है, लेकिन ट्रस्ट से तालमेल के अभाव में यहां काम शुरू नहीं हो पा रहा है।
कोविड को लेकर मथुरा जनपद की स्थिति चिंताजनक है। यहां भी बेड और ऑक्सीजन को लेकर इंतजाम ज्यादा बेहतर नहीं हैं। लोग इलाज के लिए भटक रहे हैं। इस स्थिति को देखते हुए ही 10 दिन पहले डीएम नवनीत चहल ने उद्यमी और समाजसेवियों से सहयोग मांगा था। इस पर जीएलए विवि के कुलाधिपति नारायणदास अग्रवाल और बसेरा ग्रुप चेयरमैन रामकिशन अग्रवाल ने पागल बाबा हॉस्पिटल को कोविड के दृष्टिगत सुविधा संपन्न हॉस्पिटल बनाने का भरोसा दिया था। लेकिन काम अभी भी जमीनी स्तर पर ही है।
हॉस्पिटल ट्रस्ट और जिला प्रशासन में इस कार्य को लेकर आपसी तालमेल नहीं बन सका है। ऐसे में ऑक्सीजन युक्त बेड तैयार करने वाले मजदूरों को रोक दिया गया। इस काम में दो बार एसडीएम सदर क्रांति शेखर को हस्तक्षेप भी करना पड़ा है। बसेरा ग्रुप चेयरमैन राम किशन अग्रवाल बताते हैं कि इससे हॉस्पिटल को तैयार करने में दिक्कत आ रही है। अब तक ऑक्सीजन की पाइपलाइन भी नहीं बिछी है। इसकी शिकायत कई बार डीएम, एसडीएम से की है।
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पागल बाबा हॉस्पिटल में लगेगा ऑक्सीजन का प्लांट, सोनीटेक से अनुबंध
पागल बाबा हॉस्पिटल में ऑक्सीजन प्लांट लगाए जाने की तैयारी हो गई है। 26 लाख रुपये की लागत से तैयार होने वाले इस प्लांट की क्षमता 9 एनएम थ्री प्रति घंटा होगी। इसका अनुबंध सोनीटेक इंडिया लिमिटेड से किया गया है, जो आगामी तीन सप्ताह में प्लांट लगाकर तैयार करेगी।
डीएम की पहल पर पागल बाबा हॉस्पिटल के संचालन में आर्थिक मदद करने जा रहे जीएलए विवि के कुलाधिपति नारायण दास अग्रवाल ने यहां ऑक्सीजन प्लांट लगाने के लिए सोनीटेक से अनुबंध किया है। हॉस्पिटल में सहयोग कर रहे रामकिशन अग्रवाल ने बताया कि कोविड मरीजों के लिए ऑक्सीजन की कमी न हो, इसके लिए यह फैेसला किया गया है।
खुद कर रहे ऑक्सीजन सिलिंडर की व्यवस्था
ऑक्सीजन की कमी से जूझ रहे जनपद की चिकित्सकीय व्यवस्था में मरीज के परिजनों को खुद ही सिलिंडर के इंतजाम करने पड़ रहे हैं। मंगलवार को सौ सैय्या हॉस्पिटल में एक मरीज का परिजन कंधे पर सिलिंडर रखकर उसे भरने की जुगाड़ में निकला। यही स्थिति अन्य हॉस्पिटलों में भी देखी जा रही है।
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कोविड को लेकर मथुरा जनपद की स्थिति चिंताजनक है। यहां भी बेड और ऑक्सीजन को लेकर इंतजाम ज्यादा बेहतर नहीं हैं। लोग इलाज के लिए भटक रहे हैं। इस स्थिति को देखते हुए ही 10 दिन पहले डीएम नवनीत चहल ने उद्यमी और समाजसेवियों से सहयोग मांगा था। इस पर जीएलए विवि के कुलाधिपति नारायणदास अग्रवाल और बसेरा ग्रुप चेयरमैन रामकिशन अग्रवाल ने पागल बाबा हॉस्पिटल को कोविड के दृष्टिगत सुविधा संपन्न हॉस्पिटल बनाने का भरोसा दिया था। लेकिन काम अभी भी जमीनी स्तर पर ही है।
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हॉस्पिटल ट्रस्ट और जिला प्रशासन में इस कार्य को लेकर आपसी तालमेल नहीं बन सका है। ऐसे में ऑक्सीजन युक्त बेड तैयार करने वाले मजदूरों को रोक दिया गया। इस काम में दो बार एसडीएम सदर क्रांति शेखर को हस्तक्षेप भी करना पड़ा है। बसेरा ग्रुप चेयरमैन राम किशन अग्रवाल बताते हैं कि इससे हॉस्पिटल को तैयार करने में दिक्कत आ रही है। अब तक ऑक्सीजन की पाइपलाइन भी नहीं बिछी है। इसकी शिकायत कई बार डीएम, एसडीएम से की है।
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पागल बाबा हॉस्पिटल में लगेगा ऑक्सीजन का प्लांट, सोनीटेक से अनुबंध
पागल बाबा हॉस्पिटल में ऑक्सीजन प्लांट लगाए जाने की तैयारी हो गई है। 26 लाख रुपये की लागत से तैयार होने वाले इस प्लांट की क्षमता 9 एनएम थ्री प्रति घंटा होगी। इसका अनुबंध सोनीटेक इंडिया लिमिटेड से किया गया है, जो आगामी तीन सप्ताह में प्लांट लगाकर तैयार करेगी।
डीएम की पहल पर पागल बाबा हॉस्पिटल के संचालन में आर्थिक मदद करने जा रहे जीएलए विवि के कुलाधिपति नारायण दास अग्रवाल ने यहां ऑक्सीजन प्लांट लगाने के लिए सोनीटेक से अनुबंध किया है। हॉस्पिटल में सहयोग कर रहे रामकिशन अग्रवाल ने बताया कि कोविड मरीजों के लिए ऑक्सीजन की कमी न हो, इसके लिए यह फैेसला किया गया है।
खुद कर रहे ऑक्सीजन सिलिंडर की व्यवस्था
ऑक्सीजन की कमी से जूझ रहे जनपद की चिकित्सकीय व्यवस्था में मरीज के परिजनों को खुद ही सिलिंडर के इंतजाम करने पड़ रहे हैं। मंगलवार को सौ सैय्या हॉस्पिटल में एक मरीज का परिजन कंधे पर सिलिंडर रखकर उसे भरने की जुगाड़ में निकला। यही स्थिति अन्य हॉस्पिटलों में भी देखी जा रही है।