फिरोजाबाद में जलभराव पर फूटा गुस्सा: स्थानीय लोगों ने मार्ग किया जाम, मेयर-विधायक के पुतले फूंके
बारिश ने नगर निगम की व्यवस्थाओं की पोल खोलकर रख दी है। शहर के नई आबादी वाले इलाकों में बारिश के बाद जलभराव हो गया, जिससे यहां के लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
विस्तार
फिरोजाबाद में गुरुवार को झमाझम बारिश के बाद नई आबादी वाले इलाकों की कच्ची गलियों में जलभराव हो गया। शुक्रवार को अमृत नगर और आसपास के ग्रामीण जलभराव की समस्या को लेकर आक्रोशित हो उठे। उन्होंने आसफाबाद-फतेहाबाद मार्ग पर जाम लगा दिया।
स्थानीय लोगों ने मेयर, सदर विधायक, पार्षद के पुतले फूंके। बारिश के बीच ग्रामीण करीब दो घंटे तक सड़क पर बैठे रहे। मेयर ने क्षेत्रीय लोगों से फोन पर बात कर समस्या का निस्तारण कराने का अश्वासन दिया। तब जाम खुल सका।
नगर निगम के वार्ड संख्या 18 के मोहल्ला अमृत नगर और गांव 62 की अधिकांश गलियां कच्ची हैं। लोग कई वर्षों से निर्माण की मांग कर रहे हैं। नगर निगम के अफसर ध्यान नहीं दे रहे। गुरुवार शाम को हुई बारिश से पूरा क्षेत्र जलमग्न हो गया। कच्ची गलियां दलदल में तब्दील हो गईं।
जनप्रतिनिधियों के पुतले फूंके
शुक्रवार सुबह अमृत नगर और गांव 62 नई आबादी के लोगों में आक्रोश फैला। वे सुबह आठ बजे आसफाबाद-फतेहाबाद मार्ग जाम कर धरने पर बैठ गए। सदर विधायक मनीष असीजा, मेयर नूतन राठौर और क्षेत्रीय पार्षद संजय के पुतले फूंककर मुर्दाबाद के नारे लगाए।
करीब दो घंटे लगे जाम के बाद मेयर नूतन राठौर ने फोन पर बात की और समस्या का निस्तारण जल्द कराने का अश्वासन दिया। तब कहीं जाकर जाम खुल सका। इस दौरान जाम लगाने के कारण यातायात व्यवस्था पूरी तरह बाधित रही।
क्षेत्रीय निवासी बॉबी सिंह ने कहा कि कच्ची गलियों के निर्माण की मांग कई बार की गई, लेकिन अभी तक समस्या का निस्तारण नहीं हो सका। लक्ष्मी देवी ने कहा कि कई स्थानों पर पाइप लाइन लीकेज है। शिकायत करने के बाद भी ठीक नहीं हो सकी। अधिकारी सुनवाई नहीं करते।
क्षेत्रीय निवासी हीरालाल वर्मा ने कहा कि झमाझम बारिश के बाद पूरा क्षेत्र जलमग्न हो गया। निकलने को रास्ता नहीं है। बच्चे और बुजुर्गों को सबसे अधिक दिक्कत हो रही है। पूनम देवी ने बताया कि क्षेत्र में प्रकाश की व्यवस्था तक नहीं है, जिससे दिक्कत और बढ़ जाती है।