नकली शराब: ताजनगरी में सीज हुई थी मॉडल शॉप, स्पिरिट से बनाते हैं मिलावटी शराब, कार्रवाई न होने से हौसले बुलंद
ताजनगरी में देशी से ज्यादा नकली अंग्रेजी शराब का कारोबार हो रहा है। पुरानी बोतलों में नए लेबल व ढक्कन लगाकर नकली शराब भरी जाती है।
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इंपीरियल ब्लू हो या रॉयल चैलेंज। मैकडॉवेल हो या एट पीएम। नामचीन अंग्रेजी बांड की पुरानी बोतल में स्पिरिट से बनी नकली शराब का ‘खेल’ चल रहा है। शहर से लेकर देहात तक कारोबार फैला है। जब इस ‘जहर’ मौतें होती हैं तब आबकारी विभाग, पुलिस व प्रशासन की आंखें खुलती हैं।
ताजनगरी में देशी से ज्यादा नकली अंग्रेजी शराब का कारोबार हो रहा है। पुरानी बोतलों में नए लेबल व ढक्कन लगाकर नकली शराब भरी जाती है। फिर ये शराब ठेकों से लेकर मॉडल शॉप तक परोसी जाती हैं। पिछले साल भोगीपुरा में मॉडल शॉप पकड़ी गई। यहां से मैकडॉवेल, एट पीएम और आरसी के अद्धे व पौवे बरामद हुए थे। मॉडल शॉप सीज कर दी गई थी। अगस्त में डौकी क्षेत्र में नगला सेवला में शराब ठेके से बड़ी मात्रा में अंग्रेजी ब्रांड की नकली शराब मिली।
नकली शराब बिक्री पर 20 लाइसेंस निरस्त हो चुके हैं। इनके अनुज्ञापियों के विरुद्ध आपराधिक मुकदमे लंबित हैं। शहर में दयालबाग, शाहगंज, सिकंदरा और ताजगंज नकली शराब के अड्डे हैं जबकि देहात में बाह, खंदौली, एत्मादपुर और फतेहपुर सीकरी में माफिया के संरक्षण में नकली शराब बिक रही है।
नहीं होती ठोस कार्रवाई
कलक्ट्रेट में नकली व मिलावटी शराब की महीने में 10 शिकायतें आती हैं। जब टीम जांच के लिए पहुंचती है तो अवैध शराब उन्हें नहीं मिलती। लोगों को आरोप है कि नकली शराब का पूरा खेल आबकारी अधिकारियों के संरक्षण में चलता है। यही वजह है कि शिकायतों के बावजूद ठोस कार्रवाई नहीं होती।
795 दुकानों की जांच, 13 टीमें लौटीं खाली हाथ
दो दिन से मजिस्ट्रेट, पुलिस व आबकारी की 13 टीमें शहर से गांव में शराब दुकानों की खाक छान रही है। रविवार को 385 समेत कुल 795 दुकानों की जांच में सभी टीमें खाली हाथ लौटीं। अवैध शराब नहीं मिली। ऐसे में जांच टीमों पर भी सवाल खड़े हो गए हैं।
रविवार को आवास विकास कॉलोनी, ताजगंज, शाहगंज, टेढ़ी बगिया, रामबाग और सदर क्षेत्र में टीमों ने ठेके और मॉडल शॉप की जांच की। जिला आबकारी अधिकारी नीरेश पालिया के मुताबिक छोटी-मोटी कमियों के अलावा कोई बड़ी अनियमितता नहीं मिली। जिले में हर साल 1.46 करोड़ लीटर शराब की खपत है। इसमें करीब 25 से 30 लाख लीटर नकली शराब बिकती है। जिलाधिकारी प्रभु एन सिंह ने बताया कि शराब दुकानों पर छापामारी जारी रहेगी।
फैक्ट फाइल...
- 1.46 करोड़ लीटर शराब की खपत है सालाना।
- 574 शराब दुकानें हैं देशी और अंग्रेजी की।
- 1100 करोड़ का राजस्व मिला 2019-20 में।
- 196 दुकानें बीयर और 75 बार है जिले में।
- 20 लाइसेंस निरस्त हुए हैं अवैध शराब बिक्री में।
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