{"_id":"5ae309e44f1c1b9c098b6d35","slug":"lighting-system-in-agra-fort-got-damaged","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"आगरा किले में मुगलिया इतिहास से अनजान रह जा रहे पर्यटक, ये है वजह ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आगरा किले में मुगलिया इतिहास से अनजान रह जा रहे पर्यटक, ये है वजह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा
Updated Fri, 27 Apr 2018 05:13 PM IST
विज्ञापन
लाल किला
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुगलिया दौर की राजधानी में आगरा किले में शहंशाहों की कहानी, युद्ध में दौड़ते घोड़ों की टापों की गूंजती आवाज, शहंशाह का शाही फरमान...। यह सब किले में रंग-बिरंगी लाइटों के बीच लाइट और साउंड शो के जरिए बयां किया जा रहा था।
लेकिन अब लाइट एंड साउंड शो की लाइटें खराब हैं और केवल आवाज ही सुनाई दे रही है। किले में इस शो के जरिए मुगलिया इतिहास जानने के लिए आने वाले सैलानी खुद को ठगा महसूस कर लौट रहे हैं।
बता दें कि हाल में ही शो की टिकट दरें बढ़ाई गई हैं। जनवरी, 2011 में तत्कालीन पर्यटन महानिदेशक अवनीश कुमार अवस्थी ने आगरा किला में लाइट एंड साउंड शो शुरू कराया था, लेकिन अब इसकी ज्यादातर लाइटें खराब हो चुकी हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
लेकिन अब लाइट एंड साउंड शो की लाइटें खराब हैं और केवल आवाज ही सुनाई दे रही है। किले में इस शो के जरिए मुगलिया इतिहास जानने के लिए आने वाले सैलानी खुद को ठगा महसूस कर लौट रहे हैं।
विज्ञापन
बता दें कि हाल में ही शो की टिकट दरें बढ़ाई गई हैं। जनवरी, 2011 में तत्कालीन पर्यटन महानिदेशक अवनीश कुमार अवस्थी ने आगरा किला में लाइट एंड साउंड शो शुरू कराया था, लेकिन अब इसकी ज्यादातर लाइटें खराब हो चुकी हैं।
विज्ञापन
केवल दीवान-ए-आम में कुछ लाइटें जल रही हैं, जिनका साउंड शो से सामंजस्य ही नहीं है। सलीमगढ़, मच्छी भवन, रतन सिंह की हवेली, खासमहल की ओर और मोती मस्जिद की लाइटें खराब हो चुकी हैं। दर्शक केवल आवाज ही सुन पा रहे हैं।
जबकि पूर्व में आवाज के साथ ही लाइट के जरिए मुगलिया इतिहास बयां हो रहा था। तब 1.45 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हुए लाइट एंड साउंड शो में विदेशी पर्यटकों के साथ भारतीय सैलानियों की संख्या ठीक है।
लेकिन बंद लाइटों के कारण वह शो आधा छोड़कर ही वापस लौट रहे हैं। हर दिन शो में यही हो रहा है। टिकट दर बढ़ाने के बाद शो का मेंटीनेंस ही नहीं हो रहा है।
जबकि पूर्व में आवाज के साथ ही लाइट के जरिए मुगलिया इतिहास बयां हो रहा था। तब 1.45 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हुए लाइट एंड साउंड शो में विदेशी पर्यटकों के साथ भारतीय सैलानियों की संख्या ठीक है।
लेकिन बंद लाइटों के कारण वह शो आधा छोड़कर ही वापस लौट रहे हैं। हर दिन शो में यही हो रहा है। टिकट दर बढ़ाने के बाद शो का मेंटीनेंस ही नहीं हो रहा है।
शो अपग्रेड करने का प्रस्ताव
पर्यटन महानिदेशक अवनीश अवस्थी और केंद्रीय संस्कृति सचिव के साथ जेपी पैलेस में हुई बैठक में आगरा किला के इस शो को अपग्रेड करने का प्रस्ताव मांगा गया था।
डीजी टूरिज्म अवस्थी ने लाइट एंड साउंड शो को अत्याधुनिक लाइटों के साथ साउंड सिस्टम को भी अपग्रेड करने को कहा था। लाइट के जरिए किरदारों को भी दिखाने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन अभी तक इस पर कुछ नहीं हुई है।
डीजी टूरिज्म अवस्थी ने लाइट एंड साउंड शो को अत्याधुनिक लाइटों के साथ साउंड सिस्टम को भी अपग्रेड करने को कहा था। लाइट के जरिए किरदारों को भी दिखाने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन अभी तक इस पर कुछ नहीं हुई है।