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Board Exams 2025: 10वीं और 12वीं में करना है टॉप, तो ऐसे बनाएं प्लान...माता-पिता भी समझें अपनी ये जिम्मेदारी
Mon, 03 Feb 2025 12:58 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कासगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, कासगंज
Published by: आगरा ब्यूरो
Updated Mon, 03 Feb 2025 12:58 PM IST
सार
Board Exam 2025: विभिन्न बोर्ड्स ने 10वीं और 12वीं की डेटशीट जारी कर दी है। परीक्षा का समय नजदीक आते ही छात्रों में डर बैठ रहा है। छात्रों पर एग्जाम फोबिया इस कदर हावी हो रहा है कि वे तनाव दूर करने के लिए मनोचिकित्सक का सहारा ले रहे हैं।
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बोर्ड परीक्षा तैयारी के टिप्स
- फोटो : Adobe Stock
विस्तार
यूपी बोर्ड परीक्षा की घड़ी नजदीक आते ही परीक्षार्थियों पर एग्जाम फोबिया हावी होने लगा है। परीक्षार्थी तनाव दूर करने के लिए मनोचिकित्सक का सहारा ले रहे हैं। जिला अस्पताल के मनकक्ष में प्रतिदिन चार से पांच परीक्षार्थी काउंसिलिंग के लिए पहुंच रहे हैं।
परीक्षा करीब आने के बाद विद्यार्थियों में घबराहट और तनाव के मामले बढ़ने लगे हैं। जिला अस्पताल के मनकक्ष में प्रतिदिन चार से पांच बच्चों को उनके अभिभावक लेकर आ रहे हैं। मनोचिकित्सक उनको काउंसिलिंग के माध्यम से आवश्यक सुझाव दे रहे हैं। मनोचिकित्सक डॉ. देवेंद्र ने बताया कि इन दिनों बच्चों में घबराहट के मामले अधिक आ रहे हैें। अधिक चिंता में स्ट्रेस हार्मोंस तेजी से काम करना शुरू कर देते हैं, इसलिए बच्चों में तनाव बढ़ जाता है। इस तनाव से चिढ़चिढ़ापन बढ़ जाता है और नींद भी अधिक आती है। अभिभावकों को परीक्षा के दिनों में घर का वातावरण तनाव मुक्त रखना चाहिए। बच्चों पर पढ़ाई का अधिक दबाव नहीं बनाना चाहिए। ऐसा करने से बच्चा तनाव में आ जाता है।
छात्र इन बातों का रखें ध्यान
-ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं
-सोने को पर्याप्त समय दें
- पढ़ाई का उचित शेड्यूल बनाएं
-जंक फूड से दूरी बनाएं
-पॉजिटिव सोच पैदा करें
-मस्तिष्क को समय समय पर आराम दें
-अपनी तुलना दूसरों से न करें
अभिभावक इन लक्षणों को न करें नजर अंदाज
-बच्चे में चिढ़चिढ़ापन आना
-भूख न लगने की शिकायत
-बच्चे में घबराहट महसूस होना
-बच्चे का उदास रहना
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परीक्षा करीब आने के बाद विद्यार्थियों में घबराहट और तनाव के मामले बढ़ने लगे हैं। जिला अस्पताल के मनकक्ष में प्रतिदिन चार से पांच बच्चों को उनके अभिभावक लेकर आ रहे हैं। मनोचिकित्सक उनको काउंसिलिंग के माध्यम से आवश्यक सुझाव दे रहे हैं। मनोचिकित्सक डॉ. देवेंद्र ने बताया कि इन दिनों बच्चों में घबराहट के मामले अधिक आ रहे हैें। अधिक चिंता में स्ट्रेस हार्मोंस तेजी से काम करना शुरू कर देते हैं, इसलिए बच्चों में तनाव बढ़ जाता है। इस तनाव से चिढ़चिढ़ापन बढ़ जाता है और नींद भी अधिक आती है। अभिभावकों को परीक्षा के दिनों में घर का वातावरण तनाव मुक्त रखना चाहिए। बच्चों पर पढ़ाई का अधिक दबाव नहीं बनाना चाहिए। ऐसा करने से बच्चा तनाव में आ जाता है।
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छात्र इन बातों का रखें ध्यान
-ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं
-सोने को पर्याप्त समय दें
- पढ़ाई का उचित शेड्यूल बनाएं
-जंक फूड से दूरी बनाएं
-पॉजिटिव सोच पैदा करें
-मस्तिष्क को समय समय पर आराम दें
-अपनी तुलना दूसरों से न करें
अभिभावक इन लक्षणों को न करें नजर अंदाज
-बच्चे में चिढ़चिढ़ापन आना
-भूख न लगने की शिकायत
-बच्चे में घबराहट महसूस होना
-बच्चे का उदास रहना