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संयुक्त निदेशक कृषि ने जायद की फसल का क्षेत्रफल बढ़ाने पर दिया जोर
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मैनपुरी। संयुक्त निदेशक कृषि आगरा मंडल मंगलवार को मैनपुरी पहुंचे। उन्होंने जिला कृषि अधिकारी कार्यालय में विभागीय कार्यों और योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को जायद की फसल में क्षेत्रफल बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने किसान पाठशाला में प्रतिभाग कर उन्नत खेती के लिए किसानों को प्रेरित भी किया।
जिला कृषि अधिकारी कार्यालय में संयुक्त निदेशक कृषि आगरा मंडल टीपी चौधरी ने विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि जायद की फसल की बुवाई का सही समय चल रहा है। ऐसे में अधिक से अधिक क्षेत्रफल में समय से जायद की बुवाई करने के लिए प्रयास किए जाएं। इसके साथ ही बीज उपलब्धता, उर्वरक उपलब्धता के बारे में जानकारी की। उन्होंने कहा कि कहीं भी बीज और उर्वरक की कमी नहीं होनी चाहिए।
इसके अलावा गेहूं का बीज लेने वाले किसानों के खाते में अनुदान भेजने की स्थिति के बारे में भी उन्होंने जानकारी ली। उप कृषि निदेशक डीवी सिंह को किसान सम्मान निधि के शत प्रतिशत आवेदन संशोधित कराने के लिए कहा। इस दौरान जिला कृषि अधिकारी डॉ. गगनदीप सिंह, भूमि संरक्षण अधिकारी विजय सिंह व विभागीय कर्मचारी मौजूद रहे।
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लहरा महुअन में किसान पाठशाला में किया प्रतिभाग
संयुक्त निदेशक कृषि टीपी चौधरी ने लहरा महुअन में आयोजित किसान पाठशाला में भी प्रतिभाग किया। उन्होंने कहा कि किसान पारंपरिक फसलों की खेती छोड़कर प्रगतिशील खेती की ओर बढ़ें। इसके लिए कृषि विभाग के अधिकारियों और कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिकों की भी मदद ली जा सकती है। किसानों को जैविक खेती करने के लिए भी उन्होंने प्रेरित किया।
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जिला कृषि अधिकारी कार्यालय में संयुक्त निदेशक कृषि आगरा मंडल टीपी चौधरी ने विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि जायद की फसल की बुवाई का सही समय चल रहा है। ऐसे में अधिक से अधिक क्षेत्रफल में समय से जायद की बुवाई करने के लिए प्रयास किए जाएं। इसके साथ ही बीज उपलब्धता, उर्वरक उपलब्धता के बारे में जानकारी की। उन्होंने कहा कि कहीं भी बीज और उर्वरक की कमी नहीं होनी चाहिए।
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इसके अलावा गेहूं का बीज लेने वाले किसानों के खाते में अनुदान भेजने की स्थिति के बारे में भी उन्होंने जानकारी ली। उप कृषि निदेशक डीवी सिंह को किसान सम्मान निधि के शत प्रतिशत आवेदन संशोधित कराने के लिए कहा। इस दौरान जिला कृषि अधिकारी डॉ. गगनदीप सिंह, भूमि संरक्षण अधिकारी विजय सिंह व विभागीय कर्मचारी मौजूद रहे।
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लहरा महुअन में किसान पाठशाला में किया प्रतिभाग
संयुक्त निदेशक कृषि टीपी चौधरी ने लहरा महुअन में आयोजित किसान पाठशाला में भी प्रतिभाग किया। उन्होंने कहा कि किसान पारंपरिक फसलों की खेती छोड़कर प्रगतिशील खेती की ओर बढ़ें। इसके लिए कृषि विभाग के अधिकारियों और कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिकों की भी मदद ली जा सकती है। किसानों को जैविक खेती करने के लिए भी उन्होंने प्रेरित किया।