खुशखबरी: आगरा में गृहकर और जलकर में मिलेगी ब्याज माफी, प्रस्ताव हुआ पास; शासन की मुहर का इंतजार
नगर निगम कार्यकारिणी की बैठक में एकमुश्त समाधान योजना पर सहमति बन गई है। अब सदन से होते हुए यह प्रस्ताव शासन को भेजा जाएगा। वहां से मुहर लगते ही गृहकर और जलकर में ब्याज माफी मिलेगी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
आगरा में बीते साल की तरह इस बार भी शहर के 3.50 लाख घरों के गृहकर और जलकर में ब्याज माफी का प्रस्ताव नगर निगम कार्यकारिणी ने पास कर दिया है। शासन से अनुमति मिलते ही नगर निगम फिर से एकमुश्त समाधान योजना यानी ओटीएस लाएगा।
मेयर हेमलता दिवाकर की अध्यक्षता में नगर निगम कार्यकारिणी की बैठक पूर्वाह्न 11:30 बजे शुरू हुई, जो शाम तक चली। उपसभापति रवि माथुर ने सीवर, जलकर और गृहकर में ब्याज माफी का प्रस्ताव रखा। सहमति से इसे मंजूर कर लिया गया। प्रस्ताव को सदन से पास कराने के बाद शासन को भेजने के निर्देश दिए गए। शासन से मंजूरी के बाद दो माह तक इस योजना का फायदा शहरी उठा सकेंगे। गृहकर और जलकर में मिल रही 10 फीसदी छूट की समय सीमा को 30 सितंबर तक की मंजूरी दी गई।
ये भी पढ़ें - दामाद ने बाथरूम में दी जान: ससुराल वालों ने रखी थी ऐसी शर्त, मजबूरी में उठाया खौफनाक कदम
डोर-टू-डोर कूड़ा उठाने वाली कंपनियों का भुगतान रोका
पार्षद रवि माथुर ने डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन पर सवाल खड़े किए। कहा कि आधे वार्डों में घरों से कूड़ा नहीं उठाया जा रहा, फिर पूरा भुगतान क्यों हो रहा है। एक कंपनी यूजर चार्ज के लिए रखी है, पर वह यूजर चार्ज वसूल नहीं पा रही। इस पर मेयर ने डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन कर रही कंपनी स्वच्छता काॅरपोरेशन और फीड बैक कंपनी का भुगतान रोक दिया। मेयर ने इसकी जांच के लिए कमेटी बनाई, जो 7 दिन में रिपोर्ट देगी।
गाय का जुर्माना घटाया, भैंस पर देना होगा 10 हजार
नगर निगम कार्यकारिणी ने गाय-भैंस पकड़ने के प्रस्तावों को भी मंजूर किया। सड़कों पर घूमती भैंसों को पकड़ने पर छोड़ने के लिए जुर्माने की राशि 10 हजार रुपये तय की गई। वहीं गाय छोड़ने के लिए जुर्माना राशि 5000 रुपये को घटाकर 2500 रुपये करने का प्रस्ताव मंजूर किया गया। यह तय हुआ कि एक साल तक के गाय के बच्चे को छोड़ने के लिए कोई जुर्माना नहीं देना होगा। घोड़े और खच्चर के लिए 2000 रुपये जुर्माना तय किया गया है।
ये भी पढ़ें - आधी रात बहू के कमरे के बाहर लगी भीड़: अंदर हो रही थी हलचल...सास ने बाहर से लगाई कुंडी, फिर जो हुआ न होगा यकीन
ये प्रस्ताव भी हुए पास - नामांतरण ऑनलाइन, ऑफलाइन दोनों होगा
नगर निगम में म्यूटेशन (नामांतरण) की प्रक्रिया ऑनलाइन होती है। बड़ी संख्या में ऐसे नागरिक हैं जो कम पढ़े-लिखे होने के कारण ऑनलाइन प्रक्रिया नहीं अपना पा रहे। इस वजह से उपसभापति ने म्यूटेशन की प्रक्रिया को ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरह से लागू करने का प्रस्ताव रखा। कार्यकारिणी ने इसे भी पास कर दिया। इसे भी शासन को भेजा जाएगा।
डाॅ. आंबेडकर के नाम पर मेट्रो स्टेशन
नगर निगम कार्यकारिणी में पार्षद यशपाल सिंह, कप्तान सिंह और अरविंद मथुरिया ने मेट्रो स्टेशन का नाम डाॅ. भीमराव आंबेडकर के नाम पर रखने का प्रस्ताव रखा, जिसे कार्यकारिणी ने शासन को भेजने का निर्णय लिया है। पार्षद बद्री प्रसाद माहौर ने वीरांगना झलकारी बाई शोभायात्रा के अनुदान को 50 हजार से बढ़ाकर एक लाख रुपये करने का प्रस्ताव रखा, जिसे कार्यकारिणी ने 75 हजार रुपये कर पास कर दिया।