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Agra News: रसूखदारों ने हॉस्पिटल में किया हंगामा, दो कर्मचारियों को पीटा

Sun, 03 Nov 2024 11:12 PM IST
आगरा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा Updated Sun, 03 Nov 2024 11:12 PM IST
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Influential people created ruckus in the hospital, beat up two employees
मैनपुरी। महाराजा तेज सिंह जिला अस्पताल में रविवार की रात पहुंचे रसूखदारों ने जमकर हंगामा किया। इमरजेंसी की मिनी ओटी में पहुंचकर कर्मचारियों के साथ मारपीट की। इससे दो कर्मचारी घायल हो गए। रात में ही पीड़िताें ने इमरजेंसी मेडिकल ऑफिसर के साथ कोतवाली पहुंचकर तहरीर दी।
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रविवार की रात 9:50 बजे पांच से सात युवक जिला अस्पताल की इमरजेंसी पहुंचे। यहां तैनात स्टाफ मरीजों को उपचार दे रहा था। युवकों ने मिनी ओटी में हंगामा खड़ा कर दिया। गाली गलौज करते हुए यहां तैनात प्रशिक्षु फार्मासिस्ट प्रियांशु शाक्य निवासी नगला कोठी भोगांव और सोनू कश्यप निवासी एसडीएम कॉलोनी भोगांव के साथ मारपीट शुरू कर दी। अस्पताल में भगदड़ मच गई। ईएमओ डॉ. अनुज कुमार सिंह अन्य स्टाफ मिनी ओटी में पहुंचे तो दबंग गाली गलौज करते हुए वहां से भाग गए।
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मारपीट से घायल कर्मचारियों के साथ ईएमओ रात में ही कोतवाली पहुंचे और दो नामजद, चार-पांच अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध पुलिस को तहरीर दी। शाम तक पुलिस ने तहरीर पर मुकदमा दर्ज नहीं किया था। कोतवाल फतेहबहादुर का कहना है कि तहरीर मिली है जांच की जा रही है।
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मुकदमा दर्ज नहीं हुआ तो कोतवाली पुलिस के खिलाफ होगा आंदोलन
मैनपुरी। इमरजेंसी में कर्मचारियों के साथ हुई मारपीट के मामले में पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज नहीं किया है। इससे जिला अस्पताल के कर्मचारियों के साथ ही अन्य कर्मचारियों में आक्रोश पैदा हो रहा है। मामले का संज्ञान लेते हुए राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद ने आंदोलन की चेतावनी दी है।

राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद आगरा मंडल के मंडलीय सचिव डॉ. शिवमंगल सिंह ने मामले का संज्ञान लेते हुए कहा कि इमरजेंसी में घुसकर कर्मचारियों के साथ मारपीट करना शर्मनाक है। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद इस घटना की निंदा करता है। उन्होंने कहा कि जानकारी मिली है कि मामले में तहरीर देने के 20 घंटे बाद भी पुलिस ने अभी तक आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज नहीं किया है यह बहुत ही गलत बात है। पुलिस यदि इस प्रकार की कार्यशैली अपनाएगी तो डॉक्टर, फार्मासिस्ट और स्टाफ किस प्रकार से अपनी ड्यूटी कर सकेंगे। जब तक अस्पताल के स्टाफ का खुद का जीवन सुरक्षित नहीं होगा तब तक वह दूसरों को कैसे बेहतर उपचार दे सकेगा।

उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सोमवार की सुबह तक मामले में आरोपियों पर रिपोर्ट दर्ज नहीं होती है तो सोमवार से राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद काली पट्टी बांध विरोध प्रदर्शन करेगा। यदि इसके बाद भी रिपोर्ट दर्ज नहीं होती है तो मंगलवार से दो घंटे का कार्य बहिष्कार किया जाएगा।




एक आरोपी को कुछ दिन पहले इमरजेंसी से किया गया था बाहर

मैनपुरी। ईएमओ अनुज कुमार सिंह ने बताया कि घटना के पीछे एक मामूली सी बात सामने आई है। एक आरोपी शराब के नशे में आए दिन अस्पताल के चक्कर काटता रहता था। इस आरोपी को कुछ दिन पहले मिनी ओटी से स्टाफ ने यह कहते हुए बाहर कर दिया था कि शराब के नशे में यहां आने की जरूरत नहीं है। इसी बात को लेकर आरोपी अपने अन्य साथियों को लेकर वहां आया और उसने मिनी ओटी के कर्मचारियों के साथ मारपीट कर दी। संवाद
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