फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   health department raided fake doctors clinic in agra

दर्द से तड़प रही महिला मरीज के साथ झोलाछाप ने किया ये

Wed, 24 Jan 2018 10:32 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा Updated Wed, 24 Jan 2018 10:32 PM IST
विज्ञापन
health department raided fake doctors clinic in agra
स्वास्थ्य विभाग ने मारा छापा - फोटो : अमर उजाला
आगरा में स्वास्थ्य विभाग ने यमुनापार में लक्ष्मी-गणेश हास्पिटल और गणेश हास्पिटल को सील किया है। दोनों ही बिना पंजीकरण के चल रहे थे। 
विज्ञापन


एक हास्पिटल में तो छापा पड़ने की भनक लगने पर झोलाछाप मरीज को ही अंदर बंद कर भाग गया। पुलिस को बुलाया गया और ताला तोड़ा गया। मरीज को एसएन मेडिकल कालेज में शिफ्ट कराते हुए दोनों हास्पिटलों को सील कर दिया है। 

टीम ने सुबह यमुनापार के टेढ़ी बगिया स्थित मां दुर्गा हास्पिटल में छापा मारने पहुंची, ये बंद मिला। यहां से करीब 200 मीटर की दूरी पर 100 फुटा स्थित रोड पर लक्ष्मी-गणेश हास्पिटल पहुंची, तो बाहर से गेट पर ताला लगा हुआ था, बोर्ड भी हटा दिया था। 
विज्ञापन

पड़ोसियों से पता चला कि इसका एक गेट पीछे भी है। गली में होकर टीम ने पीछे के गेट से प्रवेश किया। बेसमेंट में एक महिला मरीज भर्ती थी। यहां कोई नर्सिंग स्टाफ और डाक्टर नहीं था। मरीज दर्द से कराह रही थी। ये देख टीम ने पुलिस को सूचना दी। 

पुलिस ने मुख्य गेट का ताला तोड़ा। मरीज की हालत बिगड़ने देख तत्काल एंबुलेंस से एसएन मेडिकल कालेज शिफ्ट कराया गया। इसका पंजीकरण नहीं था।  

पुलिस ने मकान मालिक मुकेश कुमार को बुलाया, उसने बताया कि इसे शमसाबाद के विपिन जादौन चला रहा था। विपिन से कई बार मकान खाली करने के लिए कहा था। 

जब्त कर लिए रिकार्ड 

टीम ने इसे सील करते हुए मरीजों के रिकार्ड जब्त कर लिए। टीम यहां से गणेश हास्पिटल पहुंची, लेकिन कोई नहीं मिला। यहां मरीजों के रिकार्ड मिले, जिसमें एक दिन पहले तक अल्ट्रासाउंड की रिपोर्ट थी। 

कमरे में मरीजों के थैला, सामान, खाने का टिफिन रखे हुए थे। इससे अंदाजा लगाया जा रहा था कि मरीज को यहां से शिफ्ट कर दिया गया। ये भी पंजीकृत नहीं था। 

इसका संचालक भी विपिन जादौन बताया गया है। एसीएमओ डा. अजय कपूर ने बताया कि दोनों हास्पिटलों को सील कर दिया है। इनको विपिन जादौन नाम का झोलाछाप चला रहा था। यहां कोई डाक्टर नहीं थे। मरीजों के रिकार्ड जब्त कर रिपोर्ट डीएम को सौंपी जाएगी। 
विज्ञापन

यहां भी झोलाछाप कर रहे थे आपरेशन

लक्ष्मी-गणेश हास्पिटल में भी झोलाछाप आपरेशन कर रहे थे। यहां शमसाबाद निवासी बेबी देवी भर्ती थी। इसका रसौली का आपरेशन किया गया था। 

टीम ने जब उससे पूछा कि किस डाक्टर ने आपरेशन किया है, उनको इसकी जानकारी नहीं थी। पर्चे पर लिखे सर्जन डा. नीरज जैन से एसीएमओ ने फोन पर बात की तो पता चला कि उन्होंने कोई आपरेशन नहीं किया, वह शहर से बाहर हैं। 

लक्ष्मी-गणेश हास्पिटल: यहां मिले डाक्टर के पर्चे पर डा. भगवती प्रसाद सारस्वत फिजीशियन, डा. पारुल भाटिया स्त्री रोग विशेषज्ञ, डा. पुनीत गुप्ता न्यूरोसर्जन, डा. नीरज जैन सर्जन, डा. प्रदीप सिंह हड्डी रोग विशेषज्ञ के नाम दर्ज हैं। 

गणेश हास्पिटल: स्वास्थ्य विभाग की टीम के छापे में यहां जो पर्चा मिला है, इसमें डा. कैलाश मंगल, डा. पारुल भाटिया, डा. सुशील गुप्ता और डा. नीरज जैन का नाम पर्चे पर लिखे हुए थे। 

सूचना हुई लीक, टीम जाने के बाद खुल गए हास्पिटल

टीम के छापे की सूचना लीक हो गई। यही वजह रही कि जिन तीन हास्पिटलों पर छापा मारने पहुंचे, वह बंद मिले। इनके निरीक्षण के बाद झोलाछापों के हास्पिटल फिर से खुल गए। टेढ़ी बगिया स्थित जय दुर्गा हास्पिटल का शटर भी खुल गया।

इंडियन मेडिकल एसोसिएशन ने तीसरी सूची सीएमओ को सौंपी है, जिनको अवैध बताया गया है। इसमें गणपति मेडिकेयर सेंटर, जेपीआई हास्पिटल, डा. राजू चाहर अस्पताल, एबी मेमोरियल हास्पिटल, श्री आरके हास्पिटल, डा. अल्वी फैशियल ट्रामा सेंटर, डा. एमके निक एंड इम्प्लांट सेंटर, सागर हास्पिटल, मधुराज हास्पिटल शामिल है।  

इसके अलावा राहत हास्पिटल, अलवी डेंटर क्लीनिक एंड इम्प्लांट सेंटर, शेखर हास्पिटल, एमएस हास्पिटल, मोती हास्पिटल, दुबे हास्पिटल का नाम लिस्ट में है। आईएमए अध्यक्ष डा. रविंद्र मोहन पचौरी ने कहा कि ये अवैध हास्पिटल हैं, इनकी जांच कराकर कार्रवाई के लिए सीएमओ से मांग की है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed