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Agra News: त्योहार पर रुकी गंगाजल की आपूर्ति, 12 लाख लोग तरसे

Sun, 18 Oct 2026 03:18 AM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Sun, 18 Oct 2026 03:18 AM IST
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Ganga water supply halted during festival; 1.2 million people left longing for it
आवास विकास कॉलोनी में टंकी पर पानी भरते हुए।
आगरा। हरिद्वार से ऊपरी गंगा नहर के जरिये बुलंदशहर के पालड़ा झाल को मिल रहा पानी 16 अक्तूबर को बंद कर दिया गया। इससे पालड़ा से पाइपलाइन के जरिये आगरा के सिकंदरा और जीवनीमंडी वाटरवर्क्स को मिल रहे गंगाजल की आपूर्ति शुक्रवार रात से बंद हो गई। शहर के 12 लाख से ज्यादा लोगों को शुक्रवार रात और शनिवार को सुबह एवं शाम की जलापूर्ति नहीं हो पाई।
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सिंचाई विभाग ने 21 अक्तूबर से 8 नवंबर तक ऊपरी गंगा नहर को सफाई के लिए बंद करने की जानकारी दी थी लेकिन पांच दिन पहले ही नहर बंद कर दी गई। इससे पूरे शहर में लोग पानी की बूंद-बूंद के लिए तरस गए।
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सिकंदरा वाटरवर्क्स से 144 एमएलडी और जीवनी मंडी वाटरवर्क्स से करीब 120 एमएलडी की गंगाजल आपूर्ति शहर में होती है। पालड़ा से हर दिन 150 क्यूसेक पानी पाइपलाइन के जरिये आता है। इसमें 10 क्यूसेक मथुरा को और 140 क्यूसेक आगरा को मिलता है।
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शुक्रवार रात से पालड़ा से गंगाजल की आपूर्ति बंद कर दी गई तो केवल सिकंदरा के एमबीबीआर प्लांट से यमुना जल का शोधन कर आपूर्ति दी गई। इस वजह से सिकंदरा क्षेत्र में तो कुछ जगह पानी का प्रेशर पहुंचा लेकिन गंगाजल की आपूर्ति वाले क्षेत्रों में पानी मिला नहीं मिला।
नवरात्र में लोगों को सुबह पूजा-अर्चना और नहाने के लिए पानी नहीं मिला तो शिकायतें शुरू हुईं। जलकल विभाग के पास सुबह से रात तक पार्षदों और लोगों ने पानी न मिलने की शिकायतें दर्ज कराईं।
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टैंकर के लिए नंबर जारी
जलकल विभाग ने गंगाजल की आपूर्ति के लिए कंट्रोल रूम का नंबर 8192095401 जारी किया है। इस पर फोन करके लोग टैंकर मंगवा सकते हैं। जलकल महाप्रबंधक कुमार गौरव ने बताया कि पालड़ा से पानी कम मिल रहा है, इसलिए लोग जब भी आपूर्ति हो, भंडारण करके रख लें और कम खर्च करें। टंकियों को ओवरफ्लो न होने दें।
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त्योहार पर पानी की किल्लत से कानून व्यवस्था का संकट
नवरात्र के बाद रामनवमी, दशहरा और फिर दिवाली यानी अगले 20 दिन तक त्योहारी सीजन रहेगा। ऐसे में ऊपरी गंगा नहर को सफाई के लिए बंद करने से त्योहारों पर पानी का संकट कानून व्यवस्था के लिए चुनौती बन सकता है। जलकल विभाग के महाप्रबंधक कुमार गौरव ने यह आशंका जताते हुए 150 क्यूसेक पानी की आपूर्ति की मांग की है। सिंचाई विभाग के मुख्य अभियंता को लिखे पत्र में उन्होंने कहा कि आगरा को 150 क्यूसेक पानी देने के लिए नहर में 850 क्यूसेक पानी का प्रवाह जरूरी है, तभी पालड़ा को पानी मिल पाएगा, जो आगरा तक पहुंचेगा।
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मध्य गंगा नहर से पानी दिलाने की मांग
पेयजल संकट को देखते हुए जलनिगम के प्रोजेक्ट मैनेजर गौरव चौधरी बुलंदशहर पहुंचे और रेगुलेटर पर मिल रहे पानी और जलापूर्ति की व्यवस्थाओं पर बात की। उन्होंने बताया कि ऊपरी गंगा नहर में पानी बंद करने से बेहद कम पानी मिल रहा है। पालड़ा तक मध्य गंगा नहर से भी पानी पहुंच सकता है, इसलिए अगले 20 दिनों तक उसी से गंगाजल देने के लिए सिंचाई विभाग से कहा गया है।
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लोगों ने बताई परेशानी
- शुक्रवार रात से पानी की आपूर्ति बंद पड़ी है। कोई अधिकारी सुन नहीं रहा। त्योहार पर ही यह दिक्कत शुरू होती है। वार्षिक सफाई व्यवस्था का समय बदला जाए। - राजकुमार नागरथ, खेरिया मोड़
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पुराने शहर की गलियों में सबमर्सिबल नहीं हैं। ऐसे में लोग गंगाजल आपूर्ति पर ही निर्भर हैं। नवरात्र में पानी न मिलने से परेशानी हो रही है। इसका निदान तत्काल कराया जाए। - रवि बिहारी माथुर, पार्षद, पीपलमंडी

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- हमारे क्षेत्र में ऊंचाई वाले इलाकों में पानी की किल्लत थी, अब शुक्रवार रात से पूरी तरह से सप्लाई ठप है। जलकल विभाग टैंकर से पानी भेजे, अन्यथा लोग प्रदर्शन करेंगे। - राजेश प्रजापति, अशोक नगर
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