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लॉकडाउन के दो महीने: आगरा में कोरोना संक्रमण बढ़ता गया, अफसर नपते गए
Sun, 24 May 2020 05:57 AM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Sun, 24 May 2020 05:57 AM IST
सार
- आगरा में लॉकडाउन के दौरान चार अफसरों पर गिरी गाज
- सीएमओ से लेकर एसएन के प्राचार्य तक बदले गए
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आगरा में कोरोना वायरस
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
आगरा में एक तरफ कोरोना का संक्रमण बढ़ता गया तो शासन स्वास्थ्य विभाग के अफसरों पर कार्रवाई करता रहा। दो बार में चार अफसर नप गए। इनमें एसएन (सरोजिनी नायडू) मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य से लेकर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) तक शामिल हैं। इनके खिलाफ शिकायत बढ़ती जा रही थीं।
हालांकि मई के दूसरे सप्ताह से इसमें कमी आई लेकिन तब मरीजों की संख्या 800 पहुंच चुकी थी। 14 अप्रैल से सात मई तक संक्रमण सबसे तेज रहा। अप्रैल में 500 से ज्यादा मरीज मिले। इसकी पड़ताल हुई तो स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही सामने आ गई। इसके बाद एसएन और सीएमओ ऑफिस की व्यवस्था में काफी बदलाव किया गया।
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हालांकि मई के दूसरे सप्ताह से इसमें कमी आई लेकिन तब मरीजों की संख्या 800 पहुंच चुकी थी। 14 अप्रैल से सात मई तक संक्रमण सबसे तेज रहा। अप्रैल में 500 से ज्यादा मरीज मिले। इसकी पड़ताल हुई तो स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही सामने आ गई। इसके बाद एसएन और सीएमओ ऑफिस की व्यवस्था में काफी बदलाव किया गया।
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लखनऊ से आई टीम... तब हुई कार्रवाई
कोरोना संक्रमण की स्थिति बेकाबू होती देख शासन ने विशेष टीमों को भेजा। पहले किंग जार्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) लखनऊ से दो सदस्यीय टीम आई। इसने रिपोर्ट दी कि स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही के कारण संक्रमण बढ़ा है।
एसएन मेडिकल कॉलेज में संक्रमण से बचाव का प्रशिक्षण देने में देरी की गई। इसके बाद आई दूसरी टीम में प्रमुख सचिव आलोक कुमार ने शासन को रिपोर्ट भेजी। तब जाकर कार्रवाई की गई।
1. 11 मई : तत्कालीन सीएमओ डॉ. मुकेश वत्स को हटाकर डॉ. आरसी पांडेय को उनकी जगह तैनात किया गया। एडी हेल्थ डॉ. एके मित्तल को मंडलायुक्त कार्यालय से संबद्ध कर डॉ. अविनाश सिंह को जिम्मेदारी दी गई।
2. 14 मई : एसएन के तत्कालीन प्राचार्य डॉ. जीके अनेजा को हटाया गया। उनकी जगह संजय काला आए। मुख्य चिकित्साधीक्षक एसपी जैन को हटाकर उनकी जगह डॉ. बीबी पुष्कर को जिम्मेदारी दी गई।
एसएन मेडिकल कॉलेज में संक्रमण से बचाव का प्रशिक्षण देने में देरी की गई। इसके बाद आई दूसरी टीम में प्रमुख सचिव आलोक कुमार ने शासन को रिपोर्ट भेजी। तब जाकर कार्रवाई की गई।
1. 11 मई : तत्कालीन सीएमओ डॉ. मुकेश वत्स को हटाकर डॉ. आरसी पांडेय को उनकी जगह तैनात किया गया। एडी हेल्थ डॉ. एके मित्तल को मंडलायुक्त कार्यालय से संबद्ध कर डॉ. अविनाश सिंह को जिम्मेदारी दी गई।
2. 14 मई : एसएन के तत्कालीन प्राचार्य डॉ. जीके अनेजा को हटाया गया। उनकी जगह संजय काला आए। मुख्य चिकित्साधीक्षक एसपी जैन को हटाकर उनकी जगह डॉ. बीबी पुष्कर को जिम्मेदारी दी गई।