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दीपोत्सव मनाने को घर लौटने लगे परदेशी
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कासगंज में बस स्टेंड पर त्यौहार पर अपने घर जाने को बस में सवार होते यात्री
- फोटो : KASGANJ
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कासगंज। दीपोत्सव पर्व मनाने के लिए दिल्ली सहित अन्य शहरों में रहने वाले जनपदवासी अपने घर लौटने लगे हैं। परिवहन निगम रोडवेज बसों की पर्याप्त व्यवस्था नहीं कर सका। दिल्ली रूट पर सबसे अधिक परेशानी रही।
जिले के बड़ी संख्या में लोग दिल्ली में नौकरी कर रहे हैं। इसके अलावा नोएडा व गाजियाबाद क्षेत्र में भी बड़ी संख्या में लोग रह रहे हैं। ये लोग पर्व की पूर्व संध्या से अपने घरों की ओर लौटने लगे, जिससे रोडवेज की व्यवस्थाएं चरमरा गई। आमतौर पर रोडवेज से दिल्ली के लिए बसों के 30 फेरे लगाए जाते हैं, लेकिन पर्व आने पर रोडवेज ने बसों के फेरे बढ़ा दिए।
दोपहर 2 बजे तक बसों के 25 फेरे दिल्ली तक लगाए जा चुके थे। जबकि रात तक यह आंकड़ा 50 तक जा पहुंचा। जबकि अन्य मार्गों पर भी 30 फेरे लगाए गए। इतनी बसों के बढ़ाए जाने के बाद भी लोगों को काफी परेशानी हुई। जो लोग दिल्ली से बसों में बैठ गए उनको तो आसानी से बसों में बैठने को सीटें मिल गई, लेकिन रास्ते में गाजियाबाद, लालकुआ, दादरी, आदि क्षेत्रों से बैठने वाले यात्रियों को काफी दिक्क्तें हो गई।
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यात्री तन्मय ने बताया कि रास्तें में घर तक आने में काफी परेशानी हुई। नोएडा से काफी मुश्किल से बस मिली। लालकुंआ से बैठने वाले यात्री सुरेश ने बताया कि उसे घर आने के लिए दो घंटे तक इंतजार करना पड़ा। कई बस चालकों ने तो बसों को रोका ही नहीं।
रोडवेज ने यात्रियों की सुविधा का पूरा ध्यान रखा है। दिल्ली मार्ग पर आने वाले यात्रियों के लिए बसों के फेरे बढ़ा दिए गए हैं। लोकल यात्रियों का भी ध्यान रखा गया है। ब्रजेश कुमार, बस संचालन प्रभारी
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जिले के बड़ी संख्या में लोग दिल्ली में नौकरी कर रहे हैं। इसके अलावा नोएडा व गाजियाबाद क्षेत्र में भी बड़ी संख्या में लोग रह रहे हैं। ये लोग पर्व की पूर्व संध्या से अपने घरों की ओर लौटने लगे, जिससे रोडवेज की व्यवस्थाएं चरमरा गई। आमतौर पर रोडवेज से दिल्ली के लिए बसों के 30 फेरे लगाए जाते हैं, लेकिन पर्व आने पर रोडवेज ने बसों के फेरे बढ़ा दिए।
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दोपहर 2 बजे तक बसों के 25 फेरे दिल्ली तक लगाए जा चुके थे। जबकि रात तक यह आंकड़ा 50 तक जा पहुंचा। जबकि अन्य मार्गों पर भी 30 फेरे लगाए गए। इतनी बसों के बढ़ाए जाने के बाद भी लोगों को काफी परेशानी हुई। जो लोग दिल्ली से बसों में बैठ गए उनको तो आसानी से बसों में बैठने को सीटें मिल गई, लेकिन रास्ते में गाजियाबाद, लालकुआ, दादरी, आदि क्षेत्रों से बैठने वाले यात्रियों को काफी दिक्क्तें हो गई।
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यात्री तन्मय ने बताया कि रास्तें में घर तक आने में काफी परेशानी हुई। नोएडा से काफी मुश्किल से बस मिली। लालकुंआ से बैठने वाले यात्री सुरेश ने बताया कि उसे घर आने के लिए दो घंटे तक इंतजार करना पड़ा। कई बस चालकों ने तो बसों को रोका ही नहीं।
रोडवेज ने यात्रियों की सुविधा का पूरा ध्यान रखा है। दिल्ली मार्ग पर आने वाले यात्रियों के लिए बसों के फेरे बढ़ा दिए गए हैं। लोकल यात्रियों का भी ध्यान रखा गया है। ब्रजेश कुमार, बस संचालन प्रभारी