{"_id":"626458b0cc375510931aa891","slug":"five-get-life-imprisionment-mainpuri-news-agr5312686166","type":"story","status":"publish","title_hn":"तीन भाइयों सहित पांच को आजीवन कारावास","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तीन भाइयों सहित पांच को आजीवन कारावास
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मैनपुरी। थाना बरनाहल क्षेत्र में 12 साल पहले एक इंटर कॉलेज के चपरासी की गोलियों से भूनकर हत्या करने वाले तीन भाइयों सहित पांच लोगों को एफटीसी द्वितीय की जज तरन्नुम खान ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। उन पर 6.50 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। सजा सुनाए जाने केे बाद पांचों को हिरासत में लेकर जेल भेजा गया है।
थाना बरनाहल के गांव नगला भूपाल निवासी रामशंकर उर्फ पप्पू दयानंद देव स्वामी इंटर कॉलेज डालूपुर में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी की नौकरी करते थे। 12 नवंबर 2010 की सुबह 9.30 बजे वह कॉलेज के एक खेत में पानी लगवाने के लिए गए थे। खेत पर पहले से मौजूद गांव के अभिषेक ने अपने भाई विमल, सर्वेश के अलावा गांव के ही सिंटू उर्फ रिंटू और ओमकार ने रामशंकर की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी। हत्या की रिपोर्ट कॉलेज के प्रधानाचार्य सुभाषचंद्र ने पांचों के खिलाफ दर्ज कराई। पुलिस ने जांच करके पांचों के खिलाफ चार्जशीट कोर्ट में भेज दी।
मुकदमे की सुनवाई एफटीसी द्वितीय की जज तरन्नुम खान की कोर्ट में हुई। अभियोजन पक्ष की ओर से वादी, विवेचक, चिकित्सक सहित गवाहों ने पांचों केे खिलाफ कोर्ट में गवाही दी। गवाही के आधार पर पांचों को रामशंकर की हत्या करने का दोषी पाया गया। एडीजीसी पुष्पेंद्र सिंह चौहान और अभिषेक गुप्ता ने पांचों को कड़ी सजा देने की दलील दी। एफटीसी द्वितीय की जज तरन्नुम खान ने पांचों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। उन पर 6.50 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। सजा सुनाए जाने केे बाद पांचों को हिरासत में लेकर जेल भेजा गया है।
विज्ञापन
वारिसान को मिलेंगे 4.87 लाख रुपये
हत्यारोपियों पर 6.50 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। प्रत्येक आरोपी को 1.30 लाख रुपया जुर्माना देना होगा। एडीजीसी पुष्पेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि एफटीसी द्वितीय की जज तरन्नुम खान ने आदेश में लिखा है कि जुर्माने की धनराशि में से 75 प्रतिशत धनराशि मृतक के विधिक वारिसान को दी जाएगी। मृतक के वारिसान को 487500 रुपये प्रतिकर के रूप में दिए जाएंगे।
तमंचा रखने में 90 हजार रुपया जुर्माना
मैनपुरी। रामशंकर की हत्या करने वाले अभिषेक, ओमकार और विमल ने हत्या में प्रयोग किए गए तीन तमंचे पुलिस को बरामद कराए थे। तीनों के खिलाफ तमंचा रखने की रिपोर्ट भी पुलिस ने दर्ज की थी। तीनों ने बरामद किए गए तमंचों से ही हत्या करने की बात पुलिस को बताई थी। एडीजीसी अभिषेक गुप्ता ने बताया कि तीनों के खिलाफ तमंचा रखने का आरोप साबित हुआ। एफटीसी द्वितीय की जज तरन्नुम खान ने तीनों पर 30-30 हजार रुपये कुल 90 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
विज्ञापन
थाना बरनाहल के गांव नगला भूपाल निवासी रामशंकर उर्फ पप्पू दयानंद देव स्वामी इंटर कॉलेज डालूपुर में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी की नौकरी करते थे। 12 नवंबर 2010 की सुबह 9.30 बजे वह कॉलेज के एक खेत में पानी लगवाने के लिए गए थे। खेत पर पहले से मौजूद गांव के अभिषेक ने अपने भाई विमल, सर्वेश के अलावा गांव के ही सिंटू उर्फ रिंटू और ओमकार ने रामशंकर की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी। हत्या की रिपोर्ट कॉलेज के प्रधानाचार्य सुभाषचंद्र ने पांचों के खिलाफ दर्ज कराई। पुलिस ने जांच करके पांचों के खिलाफ चार्जशीट कोर्ट में भेज दी।
विज्ञापन
मुकदमे की सुनवाई एफटीसी द्वितीय की जज तरन्नुम खान की कोर्ट में हुई। अभियोजन पक्ष की ओर से वादी, विवेचक, चिकित्सक सहित गवाहों ने पांचों केे खिलाफ कोर्ट में गवाही दी। गवाही के आधार पर पांचों को रामशंकर की हत्या करने का दोषी पाया गया। एडीजीसी पुष्पेंद्र सिंह चौहान और अभिषेक गुप्ता ने पांचों को कड़ी सजा देने की दलील दी। एफटीसी द्वितीय की जज तरन्नुम खान ने पांचों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। उन पर 6.50 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। सजा सुनाए जाने केे बाद पांचों को हिरासत में लेकर जेल भेजा गया है।
विज्ञापन
वारिसान को मिलेंगे 4.87 लाख रुपये
हत्यारोपियों पर 6.50 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। प्रत्येक आरोपी को 1.30 लाख रुपया जुर्माना देना होगा। एडीजीसी पुष्पेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि एफटीसी द्वितीय की जज तरन्नुम खान ने आदेश में लिखा है कि जुर्माने की धनराशि में से 75 प्रतिशत धनराशि मृतक के विधिक वारिसान को दी जाएगी। मृतक के वारिसान को 487500 रुपये प्रतिकर के रूप में दिए जाएंगे।
तमंचा रखने में 90 हजार रुपया जुर्माना
मैनपुरी। रामशंकर की हत्या करने वाले अभिषेक, ओमकार और विमल ने हत्या में प्रयोग किए गए तीन तमंचे पुलिस को बरामद कराए थे। तीनों के खिलाफ तमंचा रखने की रिपोर्ट भी पुलिस ने दर्ज की थी। तीनों ने बरामद किए गए तमंचों से ही हत्या करने की बात पुलिस को बताई थी। एडीजीसी अभिषेक गुप्ता ने बताया कि तीनों के खिलाफ तमंचा रखने का आरोप साबित हुआ। एफटीसी द्वितीय की जज तरन्नुम खान ने तीनों पर 30-30 हजार रुपये कुल 90 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।