{"_id":"62a62597569c8c5b482e2abc","slug":"five-children-affected-by-diarrhea-kasganj-news-agr5366836139","type":"story","status":"publish","title_hn":"पांच बच्चों आए डायरिया की चपेट में","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पांच बच्चों आए डायरिया की चपेट में
विज्ञापन
कासगंज के पटियाली में मौहल्ला चौक घर-घर जाकर नौनिहालों का स्वास्थ्य परीक्षण करते स्वास्थ्य कर्म
- फोटो : KASGANJ
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पटियाली। कस्बे के मोहल्ला चौक में डायरिया से दो बच्चों की मौत के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम बस्ती में जांच के लिए पहुंची। जांच के बाद पांच बच्चे और डायरिया से प्रभावित मिले। टीम ने बच्चों को आवश्यक दवाएं दी। इसके साथ ही परिजन को आवश्यक सलाह दी। जबकि डायरिया के शिकार एक बालक का अभी भी कासगंज में निजी चिकित्सक के यहां इलाज चल रहा है।
मौहल्ला चौक में दो बच्चों की मौत के बाद से दहशत का माहौल है। परिजन अपने बच्चों को इलाज के लिए निजी चिकित्सक के यहां ले गए। जहां उनका इलाज चल रहा था। हेमंत कुमार के नेतृत्व में पहुंची टीम ने बस्ती में पहुंच कर घर घर सर्वे किया। सर्वे में बस्ती में 16 बच्चे मिले। इन सभी बच्चों का परीक्षण किया। इसमें से मृतक मासूम देव पुत्र शिवसागर की बहन काव्या (5), यश (4) पुत्र कमल, सनी (3) पुत्र पिंटू, करन (8) पुत्र पिंकू, अनमोल (6) पुत्र सुनील डायरिया से प्रभावित मिले। चिकित्सक ने प्रभावित बच्चों को निजी चिकित्सक के द्वारा दी गई दवा की जांच की। दवा में जिंक की गोली शामिल नहीं थी। इसके बाद 14 दिन के लिए बच्चों को जिंक की गोली दी गई। इस दौरान स्वास्थ्य कर्मी आरपी सिंह, आकाश कुमार यादव मौजूद रहे। वहीं, इसी मोहल्ले के निवासी जीतू (चार) पुत्र कमल सिंह का अभी भी कासगंज में निजी चिकितसक के यहां इलाज चल रहा है।
ये हैं लक्षण
दस्त आने से पहले पेट में हल्का दर्द होना
जीभ सूखना,
शरीर में बेचैनी
सूजन
निर्जलीकरण
बुखार मल में खून
दस्त उल्टी
डायरिया होने पर यह करें
-ओआरएस को घोल, या घर पर नमक चीनी का घोल तैयार कर बच्चों को दें
-भोजन में दही, चावल या खिचड़ी का सेवन करें
-चावल का सूप, मसूर या मूंग की दाल का पानी पीएं
-सावूदाना की खीर, छाछ, या दही का सेवन करें
-सेब का मुरब्बा, केला खाएं
-लोकी का रायता का सेवन करें
-भोजन से पहले हाथ अच्छी तरह से साफ करें
-पानी उबाल कर ठंडा करके पीएं
यह न करें
-बासी, तली, मिर्च मसाले दार चीज का सेवन न करें
-बासी या खटटी महक वाला दूध न पिएं
-भोजन को ढककर रखें, जिससे मक्खियां न बैठें
-फास्ट फूड का सेवन न करेें
-फ्रिज से निकालकर बस्तु को थोड़ी देर रखने के बाद सेवन करें
डायरिया से प्रभावित मिले बच्चों को परिजनों ने निजी चिकित्सक को दिखाया था, जिसमें दवा के साथ जिंक की गोली नहीं दी गई थी। इन बच्चों को जिंक की गोली दी गई है-डा. कुलदीप, चिकित्साधीक्षक
विज्ञापन
विज्ञापन
मौहल्ला चौक में दो बच्चों की मौत के बाद से दहशत का माहौल है। परिजन अपने बच्चों को इलाज के लिए निजी चिकित्सक के यहां ले गए। जहां उनका इलाज चल रहा था। हेमंत कुमार के नेतृत्व में पहुंची टीम ने बस्ती में पहुंच कर घर घर सर्वे किया। सर्वे में बस्ती में 16 बच्चे मिले। इन सभी बच्चों का परीक्षण किया। इसमें से मृतक मासूम देव पुत्र शिवसागर की बहन काव्या (5), यश (4) पुत्र कमल, सनी (3) पुत्र पिंटू, करन (8) पुत्र पिंकू, अनमोल (6) पुत्र सुनील डायरिया से प्रभावित मिले। चिकित्सक ने प्रभावित बच्चों को निजी चिकित्सक के द्वारा दी गई दवा की जांच की। दवा में जिंक की गोली शामिल नहीं थी। इसके बाद 14 दिन के लिए बच्चों को जिंक की गोली दी गई। इस दौरान स्वास्थ्य कर्मी आरपी सिंह, आकाश कुमार यादव मौजूद रहे। वहीं, इसी मोहल्ले के निवासी जीतू (चार) पुत्र कमल सिंह का अभी भी कासगंज में निजी चिकितसक के यहां इलाज चल रहा है।
विज्ञापन
ये हैं लक्षण
दस्त आने से पहले पेट में हल्का दर्द होना
जीभ सूखना,
शरीर में बेचैनी
सूजन
निर्जलीकरण
बुखार मल में खून
दस्त उल्टी
डायरिया होने पर यह करें
-ओआरएस को घोल, या घर पर नमक चीनी का घोल तैयार कर बच्चों को दें
-भोजन में दही, चावल या खिचड़ी का सेवन करें
-चावल का सूप, मसूर या मूंग की दाल का पानी पीएं
-सावूदाना की खीर, छाछ, या दही का सेवन करें
-सेब का मुरब्बा, केला खाएं
-लोकी का रायता का सेवन करें
-भोजन से पहले हाथ अच्छी तरह से साफ करें
-पानी उबाल कर ठंडा करके पीएं
यह न करें
-बासी, तली, मिर्च मसाले दार चीज का सेवन न करें
-बासी या खटटी महक वाला दूध न पिएं
-भोजन को ढककर रखें, जिससे मक्खियां न बैठें
-फास्ट फूड का सेवन न करेें
-फ्रिज से निकालकर बस्तु को थोड़ी देर रखने के बाद सेवन करें
डायरिया से प्रभावित मिले बच्चों को परिजनों ने निजी चिकित्सक को दिखाया था, जिसमें दवा के साथ जिंक की गोली नहीं दी गई थी। इन बच्चों को जिंक की गोली दी गई है-डा. कुलदीप, चिकित्साधीक्षक
विज्ञापन