फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   fir will be registered on fake registration in goods and services tax

जीएसटी में फर्जी रजिस्ट्रेशन पर होगी एफआईआर, इन धाराओं में चलेगा मुकदमा

Fri, 29 Dec 2017 05:45 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला आगरा
ब्यूरो/अमर उजाला आगरा Updated Fri, 29 Dec 2017 05:45 PM IST
विज्ञापन
fir will be registered on fake registration in goods and services tax
जीएसटी कम‌िश्‍नर - फोटो : अमर उजाला
यूपी के जीएसटी कमिश्नर मुकेश कुमार मेश्राम ने आगरा में व्यापारियों को भरोसा दिलाया है कि ईमानदारों को डरने की जरूरत नहीं है, लेकिन बेईमानी करने वाले व्यापारियों को बख्शा नहीं जाएगा। जीएसटी रजिस्ट्रेशन में फर्जी जानकारी देने वालों पर सीधे एफआईआर कराई जाएगी। रिटर्न न भरने वाले व्यापारियों की भी जांच की जा रही है।
विज्ञापन


पहली बार आगरा आए स्टेट जीएसटी कमिश्नर मुकेश मेश्राम ने जयपुर हाउस स्थित वाणिज्य कर कार्यालय में अधिकारियों के साथ जीएसटी वसूली की समीक्षा की। टैक्स में आई कमी केमद्देनजर राजस्व वसूली बढ़ाने और टैक्स चोरी रोकने के निर्देश दिए। कहा कि नए जीएसटी रजिस्ट्रेशन के सत्यापन में स्पष्ट हो रहा है कि गलत तथ्य, कागजात लगाकर रजिस्ट्रेशन लिया गया है। 
विज्ञापन


इसके खिलाफ धारा 120बी में कार्रवाई की जाए। ई-वे बिल पर सख्ती की जाए। ई-वे बिल के सत्यापन और फर्जी बिल रोकने के लिए तय प्रक्रिया का अधिकारी ध्यान रखें। बैठक में एडीशनल कमिश्नर ग्रेड वन बुद्धेश मणि तथा सभी संयुक्त आयुक्त, उपायुक्त और सहायक आयुक्त मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

12 लाख रजिस्ट्रेशन, 4.5 लाख नए व्यापारी

fir will be registered on fake registration in goods and services tax
जीएसटी कम‌िश्‍नर - फोटो : अमर उजाला
जीएसटी रजिस्ट्रेशन और उनके सत्यापन पर जोर देने के बाद मेश्राम ने कहा कि जीएसटी लागू होने के बाद छह माह में साढ़े चार लाख नए रजिस्ट्रेशन हुए हैं। 

अब पूरे प्रदेश में 12 लाख रजिस्टर्ड व्यापारी हैं। पूर्व में वैट में केवल 7.5 लाख व्यापारी ही रजिस्टर्ड थे। अधिकारियों को उनके रिटर्न दाखिल करने का ध्यान रखना होगा। ज्यादातर व्यापारी रजिस्ट्रेशन तो ले रहे हैं, लेकिन रिटर्न दाखिल नहीं कर रहे।

जूते पर कम की जाए टैक्स की दरें

fir will be registered on fake registration in goods and services tax
जीएसटी कम‌िश्‍नर - फोटो : अमर उजाला
आगरा शू फैक्टर्स फेडरेशन के प्रतिनिधिमंडल ने जीएसटी कमिश्नर मुकेश मेश्राम से जूते पर टैक्स दरें कम करने की मांग की। आगरा व्यापार मंडल अध्यक्ष टीएन अग्रवाल और शू फेडरेशन महामंत्री दिलीप खूबचंदानी ने कहा कि जूते पर 18 फीसदी टैक्स दर से कारोबार चौपट हो रहा है। 

यह दर 12 फीसदी कर दी जाए। सचल दल अधिकारी बेवजह माल रोक रहे हैं, उन्हें रोका जाए। प्रतिनिधिमंडल में शोभाराम पुरसनानी, चांद दीवान, राजेंद्र केशवानी, विनय कामरा, अजय महाजन, ताराचंद गोयल, रमेश मुंजाल, अजय अग्रवाल, शीतलदास रहे। 

मुश्किल में है इमीटेशन ज्वैलरी कारोबार

आगरा व्यापार मंडल के बैनर तले मिलने गए व्यापारियों ने कहा कि आगरा इमीटेशन ज्वैलरी का बड़ा केंद्र है। यहां लोहे, गिलट की चेन बनाकर पूरे देश में बेची जाती है। घरेलू कुटीर उद्योग में महिलाएं जुड़ी हुई हैं। 

मैटेरियल पर टैक्स दर 18 से 28 प्रतिशत और पायल पर 3 प्रतिशत टैक्स है। ऐसे में टैक्स दर सोने और चांदी की तरह ही 3 फीसदी की जाए। ज्यादातर महिलाएं इस कारोबार में गरीबी रेखा से नीचे की जुड़ी हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed