पाकिस्तान की दाल में नहीं लगेगा एटा के लहसुन-प्याज का तड़का, व्यापारियों ने लिया यह फैसला
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पुलवामा आतंकी हमले के बाद पूरे देश में आक्रोश है। वहीं एटा के लहसुन और प्याज के कारोबारियों ने पाकिस्तान से अपने व्यापारिक रिश्ते खत्म कर दिए हैं। पुलवामा हमले से पहले पाकिस्तान से करीब 20 लाख रुपये का आर्डर था। लेकिन हमले के बाद गुस्साए कारोबारियों ने माल नहीं भेजा।
कारोबारियों का कहना है कि वह किसी भी तरह पाकिस्तान को सबक सिखा सकें यह उनके लिए सौभाग्य की बात होगी। बता दें प्रति वर्ष पाकिस्तान को एटा से तकरीबन तीन करोड़ रुपये का लहसुन और प्याज भेजा जाता था।
बंगाल से मिलते थे आर्डर
कारोबारियों के अनुसार पाकिस्तान भेजे जाने वाले प्याज के ज्यादातर आर्डर बंगाल के कारोबारियों से मिलते थे। लेकिन पुलवामा हमले के बाद जिस कदर लोगों में आक्रोश पनपा उससे एटा के कारोबारियों ने बंगाल के कारोबारी से पाकिस्तान को प्याज भेजने से इंकार कर दिया।
कारोबारियों ने बताया कि बंगाल से हो कर पाकिस्तान जाने वाला लहसुन और प्याज पर पूरी तरह से बंद कर दिया गया है। उधर, हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान से मोस्ट फेवर्ड नेशन का दर्जा वापस ले लिया। इसके बाद पाकिस्तान को जाने वाले लहसुन और प्याज में मिलने वाली छूट पर भी असर पड़ने की संभावना बढ़ गई।
घाटे की चिंता नहीं, फैसले को लेकर उत्साह
व्यापारी बताते हैं कि पुलवामा हमले के बाद से पाकिस्तान को माल नहीं भेजा जा रहा है। पुलवामा हमले के पहले ही जिले के व्यापारियों के पास 20 लाख रुपये के आर्डर थे, लेकिन हमले के बाद माल पाकिस्तान को नहीं भेजा गया। व्यापारियों को घाटे की चिंता नहीं है बल्कि इस फैसले से उत्साह है
लहसुन और प्याज को उत्पादन की दृष्टि से देखें तो एटा इसका बड़ा क्षेत्र हैं। यहां प्रतिवर्ष 150 हेक्टेयर भूमि पर प्याज की और 1000 हेक्टेयर में लहसुल की खेती होती है। सरकारी आंकड़ों के हिसाब से यहां प्रतिवर्ष नौ हजार क्विंटल टन प्याज और 40 हजार क्विंटल लहसुन का उत्पादन होता है।
व्यापारी उमेश चंद्र गुप्ता ने बताया कि जिले से हर साल तीन करोड़ रुपये का व्यापार पाकिस्तान को होता है। जो फिलहाल पूरी तरह से बंद हो गया है। रामप्रताप पुजारी ने कहा कि लहसुन और प्याज का काफी माल बंगाल के जरिए पाकिस्तान जाता था, लेकिन अभी कोई आर्डर नहीं भेजा जा रहा है।
व्यापारी नईम राइन ने कहा कि हम देश के साथ खड़े हैं। पाकिस्तान को कोई माल नहीं भेजा जाएगा। आर्डर तो लगे हैं, लेकिन माल नहीं भेज रहे हैं। वहीं इकरार अहमद ने कहा कि करोड़ों रुपये का माल पाकिस्तान जाता था। पुलवामा हमले के बाद से निर्यात पूरी तरह से बंद है।