{"_id":"5a759a404f1c1b80268b80f9","slug":"etah-bjp-mp-rajvir-singh-visited-chandan-family-in-kasganj","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"कासगंज हिंसाः भाजपा नेताओं के साथ चंदन के पिता से मिलने पहुंचे सांसद राजवीर ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कासगंज हिंसाः भाजपा नेताओं के साथ चंदन के पिता से मिलने पहुंचे सांसद राजवीर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला कासगंज
Updated Sun, 04 Feb 2018 09:34 AM IST
विज्ञापन
चंदन के घर पहुंचे भाजपा नेता
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एटा के सांसद राजवीर सिंह उर्फ राजू शनिवार को कासगंज में हिंसा के दौरान मारे गए युवक चंदन के पिता सुशील गुप्ता से मिलने उनके घर पहुंचे। सांसद के साथ भाजपा नेता और अमांपुर विधायक भी थे।
बता दें कि शुक्रवार को सुशील गुप्ता को जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया था। हालांकि पुलिस ने इससे इनकार किया। फिर भी एहतियातन उनके घर की सुरक्षा बढ़ा दी गई।
शनिवार को एटा और कासगंज के सांसद राजवीर सिंह, अमांपुर विधायक देवेंद्र प्रताप सिंह और भाजपा जिलाध्यक्ष पूर्णेंदु सोलंकी के साथ सुशील गुप्ता से मिलने पहुंचे। उन्होंने सुशील गुप्ता को सांत्वना दी और उनका हालचाल जाना।
विज्ञापन
विज्ञापन
बता दें कि शुक्रवार को सुशील गुप्ता को जान से मारने की धमकी देने का मामला सामने आया था। हालांकि पुलिस ने इससे इनकार किया। फिर भी एहतियातन उनके घर की सुरक्षा बढ़ा दी गई।
विज्ञापन
शनिवार को एटा और कासगंज के सांसद राजवीर सिंह, अमांपुर विधायक देवेंद्र प्रताप सिंह और भाजपा जिलाध्यक्ष पूर्णेंदु सोलंकी के साथ सुशील गुप्ता से मिलने पहुंचे। उन्होंने सुशील गुप्ता को सांत्वना दी और उनका हालचाल जाना।
विज्ञापन
मृतक चंदन के पिता ने सांसद से कहा कि उनका बेटा तिरंगे की खातिर शहीद हुआ है। वह जिस सम्मान का हकदार है वह उसे मिलना चाहिए। सांसद ने कहा कि उनको पूरा न्याय दिलाया जाएगा। चंदन के हत्यारे बचेंगे नहीं।
उनकी मांगों को वे स्वयं और तीनों विधायकों के अनुमोदन से एक फाइल तैयार करके मुख्यमंत्री को सौंपेगे। इसके लिए मुख्यमंत्री से समय मांगा जाएगा।
उनकी मांगों को वे स्वयं और तीनों विधायकों के अनुमोदन से एक फाइल तैयार करके मुख्यमंत्री को सौंपेगे। इसके लिए मुख्यमंत्री से समय मांगा जाएगा।