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Ear Care Tips: बारिश और नमी कान के लिए खतरनाक, इन लक्षणों को अनदेखा न करें; जानें क्या कहते हैं चिकित्सक
Fri, 10 Jul 2026 10:17 AM IST
Dhirendra Singh
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: Dhirendra Singh
Updated Fri, 10 Jul 2026 10:17 AM IST
सार
बारिश और बढ़ती नमी के कारण आगरा में कान के संक्रमण और फंगस के मरीज तेजी से बढ़ रहे हैं। एसएन मेडिकल कॉलेज के ईएनटी विभाग में रोजाना 40 से 60 मरीज खुजली, सूजन और सुनने में परेशानी की शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं।
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एसएन मेडिकल कॉलेज की ओपीडी
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
बारिश से कान के मरीज तेजी से बढ़ रहे हैं। कान में फंगस और संक्रमण मिल रहा है। इससे खुजली, सूजन और कानों में सुन्नपन की परेशानी मिल रही है। एसएन की ईएनटी रोग विभाग में 15 फीसदी मरीज बढ़ गए हैं।
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ईएनटी रोग विभागाध्यक्ष डॉ. रितु गुप्ता ने बताया कि ओपीडी में रोजाना औसतन 230 मरीज आ रहे हैं। इनमें 10-15 दिन से मरीज तेजी से बढ़े हैं। पहले उमस और अब बारिश के कारण परेशानी मिल रही है। बारिश का पानी जाने और नमी के कारण कान में फंगस मिल रहा है। इससे खुजली होती है। कई मरीज चाबी, माचिस की तीली समेत अन्य से खुजली कर रहे हैं। इससे त्वचा छिलने से संक्रमण और बढ़ रहा है। ओपीडी में ऐसे 40-60 मरीज आ रहे हैं।
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ईएनटी रोग विभाग की डॉ. सौम्यता ने बताया कि बीते दो दिन से लगातार बारिश हो रही है। इससे खुजली और गंदगी आ रही है। सूजन होने के कारण कम सुनाई भी दे रहा है। जुकाम-खांसी होने से परेशानी और बढ़ी मिल रही है। ये अस्थायी परेशानी है, दवा और बचाव से ये ठीक हो रहे हैं। ईएनटी रोग विशेषज्ञ डॉ. गौरव खंडेलवाल ने बताया कि बारिश और नमी के कारण गंदगी फूलने लगती है। इससे संक्रमण होने लगता है। मरीजों के फंगस भी मिल रहा है। इसमें बच्चों की संख्या सबसे अधिक है। दवा देने के साथ बचाव के लिए भी जागरूक कर रहे हैं।
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इन बातों का रखें ध्यान:
-कान में तेल न डालें, नुकीली वस्तु से खुजली न करें।
- नहाते वक्त कान में पानी के छींटे न मारें।
- गंदगी आने पर नुकीली वस्तु का उपयोग न करें।
- दर्द और सूजन होने पर खुद से कोई ड्रॉप न डालें।
- कान को सूखा रखें, बच्चों को भी जागरूक करें।
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ईएनटी रोग विभागाध्यक्ष डॉ. रितु गुप्ता ने बताया कि ओपीडी में रोजाना औसतन 230 मरीज आ रहे हैं। इनमें 10-15 दिन से मरीज तेजी से बढ़े हैं। पहले उमस और अब बारिश के कारण परेशानी मिल रही है। बारिश का पानी जाने और नमी के कारण कान में फंगस मिल रहा है। इससे खुजली होती है। कई मरीज चाबी, माचिस की तीली समेत अन्य से खुजली कर रहे हैं। इससे त्वचा छिलने से संक्रमण और बढ़ रहा है। ओपीडी में ऐसे 40-60 मरीज आ रहे हैं।
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ईएनटी रोग विभाग की डॉ. सौम्यता ने बताया कि बीते दो दिन से लगातार बारिश हो रही है। इससे खुजली और गंदगी आ रही है। सूजन होने के कारण कम सुनाई भी दे रहा है। जुकाम-खांसी होने से परेशानी और बढ़ी मिल रही है। ये अस्थायी परेशानी है, दवा और बचाव से ये ठीक हो रहे हैं। ईएनटी रोग विशेषज्ञ डॉ. गौरव खंडेलवाल ने बताया कि बारिश और नमी के कारण गंदगी फूलने लगती है। इससे संक्रमण होने लगता है। मरीजों के फंगस भी मिल रहा है। इसमें बच्चों की संख्या सबसे अधिक है। दवा देने के साथ बचाव के लिए भी जागरूक कर रहे हैं।
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इन बातों का रखें ध्यान:
-कान में तेल न डालें, नुकीली वस्तु से खुजली न करें।
- नहाते वक्त कान में पानी के छींटे न मारें।
- गंदगी आने पर नुकीली वस्तु का उपयोग न करें।
- दर्द और सूजन होने पर खुद से कोई ड्रॉप न डालें।
- कान को सूखा रखें, बच्चों को भी जागरूक करें।