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आगरा: नशा मुक्ति केंद्र के कर्मचारियों से बदला लेने के लिए रची साजिश, घर बुलाकर बरसाईं गोलियां
Tue, 24 Aug 2021 12:11 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Tue, 24 Aug 2021 12:11 AM IST
सार
आरोपी मुकेश को हिरासत में ले लिया है। पुलिस का कहना है कि किसान नशा मुक्ति केंद्र में गलत व्यवहार से नाराज था। बदला लेने के लिए बहाने से कर्मचारियों को बुलाया था।
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गोली चलाता हुआ एक व्यक्ति (सांकेतिक)
विस्तार
आगरा के बिचपुरी में रविवार रात को नशा मुक्ति केंद्र के कर्मचारियों को घर बुलाकर किसान मुकेश और उसके बेटे अभिषेक ने हमला बोल दिया। दोनों ने फायरिंग कर दी। वो जान बचाकर भागे। पिता-पुत्र ने एक कर्मचारी को पकड़ लिया और जमकर पिटाई की। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोपी मुकेश को हिरासत में ले लिया है। पुलिस का कहना है कि किसान नशा मुक्ति केंद्र में गलत व्यवहार से नाराज था। बदला लेने के लिए बहाने से कर्मचारियों को बुलाया था।
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थाना जगदीशपुरा के प्रभारी निरीक्षक राजेश कुमार पांडेय ने बताया कि मुकेश को नशे की लत है। इससे परिजन परेशान थे। उन्होंने मुकेश को सिकंदरा स्थित एक नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती करा दिया। वहां उन्हें एक महीने रखा गया। एक सप्ताह पहले छुट्टी हो गई।
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मुकेश ने पुलिस को बताया कि नशा मुक्ति केंद्र में उसके साथ गलत व्यवहार किया गया। उससे शौचालय भी साफ कराया गया, इससे वह नाराज था। कर्मचारी सुनते नहीं थे। उन्होंने घर आकर बेटे अभिषेक उर्फ जितेंद्र को घटना की जानकारी दी। दोनों ने कर्मचारियों से बदला लेने की ठान ली। अभिषेक ने रात तकरीबन 12 बजे केंद्र पर फोन किया। कहा कि पिता दोबारा हंगामा कर रहे हैं। उन्हें घर आकर ले जाओ। कर्मचारियों ने वाहन नहीं होने के बारे में कहा। इस पर अभिषेक ने पेटीएम से 800 रुपये केंद्र के कर्मचारियों के खाते में भेज दिए। लोकेशन भी भेज दी।
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पहले से हथियार लेकर तैयार थे पिता-पुत्र
नशा मुक्ति केंद्र से राजकुमार, परमेंद्र सहित चार कर्मचारी उनके घर पहुंच गए। मुकेश घर से कुछ दूरी पर लेटे हुए थे। उन्होंने पेट के नीचे तमंचा छिपा रखा था। जैसे ही कर्मचारियों ने उन्हें उठाने का प्रयास किया, वैसे ही मुकेश ने तमंचा तान दिया। इस पर कर्मचारी घबरा गए। वह पास खड़े अभिषेक की तरफ आए। उसने भी तमंचा निकाल लिया। इसके बाद पिता-पुत्र ने कर्मचारियों को निशाना बनाते हुए एक-एक फायर कर दिया। वह बच गए। राजकुमार कांटे के तारों में उलझकर गिर गए। पिता-पुत्र ने दोनों की पिटाई लगाई। वह किसी तरह जान बचा सका। कर्मचारियों ने पुलिस को सूचना दी। सोमवार को मुकदमा दर्ज कर लिया गया। मुकेश को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई है। उधर, कर्मचारियों का कहना था कि नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती लोगों को नशे से दूर रहने के लिए समझाया जाता है। काम कराने की बात गलत है।
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