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Agra News: दो साल तक खौफ में रही दिव्यांशी, छोड़नी पड़ गई थी पढ़ाई

Sun, 27 Jul 2025 11:41 PM IST
आगरा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा Updated Sun, 27 Jul 2025 11:41 PM IST
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Divyanshi lived in fear for two years, had to give up her studies
मैनपुरी। मोहल्ला चौथियाना की रहने वाली दिव्यांशी राठौर ने सनकी राहुल दिवाकर की वजह से दो साल खौफ के साए में गुजारे। वर्ष 2022 में हुए हमले की घटना के बाद परिजन उसे चाचा के पास दिल्ली भेज दिया। बाहर रहने की वजह से उसकी नियमित पढ़ाई भी छूट गई। इस समय वह प्राइवेट तौर पर बीएससी कर रही है। छह माह पहले ही वह घर लौटी थी, आरोपी फिर से पीछा करने लगा था।
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कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला चौथियाना में शनिवार को मंदिर में पूजा कर रही दिव्यांशी राठौर को तीन गोलियां मारने वाले आरोपी राहुल दिवाकर को पुलिस ने रविवार को जेल भेजा। उसे घटना के तीन घंटे बाद ही मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया गया था। वारदात में प्रयुक्त तमंचा भी बरामद हुआ था। जेल भेजे जाने से पहले उस से पुलिस ने घटना को अंजाम देने के बारे में पूछताछ की। आरोपी राहुल ने बताया कि वर्ष 2018 से दिव्यांशी के एकतरफा आकर्षण में था। उसकी बातचीत होती थी, 2022 में जब बातचीत बंद हो गई तो, उसने हमले की घटना को अंजाम दिया। समझौता हो गया, मगर दिव्यांशी के परिजन खौफ में आ गए और बेटी को चाचा के पास दिल्ली भेज दिया। बाहर जाने की वजह से दिव्यांशी को अपनी पढ़ाई भी छोड़नी पड़ गई थी। वह वर्तमान में प्राइवेट तौर पर बीएससी कर रही है।
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हमले की घटना को काफी समय बीतने के बाद करीब छह माह पहले ही दिव्यांशी घर लौटी थी। मगर, उसे अंदाजा भी नहीं था कि राहुल उसकी जान लेने का इरादा रखता है। वह नियमित रूप से मंदिर जाती थी। वहीं उसकी शादी की बातचीत के बारे में भी उसे पता लग गया था। इस बात से वह अधिक बौखला गया था। घटना के दो दिन पहले ही उसने दिव्यांशी की हत्या करने की योजना बना ली थी। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसके पास तमंचा पहले से ही था। शनिवार को दिव्यांशी के मंदिर में जाते ही वह भी पीछे से गया और मंदिर के गर्भगृह के पट बंद कर गोलियां चला दीं। मरा हुआ समझ कर वह दरवाजा खोल कर वहां से भाग गया था।
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आंत को चीरते हुए रीढ़ की हड्डी में फंसी गोली

गोलियां लगने से घायल दिव्यांशी का मेडिकल कॉलेज सैफई में इलाज चल रहा है। चिकित्सक ने ऑपरेशन कर कंधे में लगी गोली तो निकाल दी है। मगर एक गोली आंत को चीरते हुए रीढ़ की हड्डी में फंस गई है। वह गोली अभी नहीं निकल सकी है। दिव्यांशी अभी आईसीयू में है। परिजन उसे जल्द स्वस्थ होने को लेकर प्रार्थना कर रहे हैं। माता पिता और भाई मेडिकल कॉलेज सैफई में मौजूद हैं।
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