फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   Delivery In Auto Hospital Not Admitted Pregmant Woman

कोरोना का डरः पीड़ा से कराहती रही गर्भवती, सरकारी अस्पतालों ने नहीं किया भर्ती, ऑटो में प्रसव

Thu, 23 Apr 2020 02:16 PM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा Published by: Abhishek Saxena Updated Thu, 23 Apr 2020 02:16 PM IST
विज्ञापन
Delivery In Auto Hospital Not Admitted Pregmant Woman
new born baby - फोटो : pexels.com
प्रसव पीड़ा से कराह रही गर्भवती को लेकर अस्पतालों के चक्कर काटते रहे, लेकिन सरकारी और प्राइवेट अस्पताल में उसे भर्ती नहीं किया गया। टूंडला रोड स्थित अस्पताल में जाते समय ऑटो में ही प्रसव हो गया, महिला ने मृत शिशु को जन्म दिया। जल्दी से उसे एक निजी अस्पताल पहुंचाया, यहां उसने दूसरे बच्चे को जन्म दिया। यह आईसीयू में भर्ती है।
विज्ञापन


राहुल नगर बोदला निवासी चंदा अपनी पत्नी नाजिया को मंगलवार की शाम प्रसव पीड़ा शुरू हुई। इसे लेडी लॉयल लेकर गए। परिजनों का आरोप है कि यहां करीब तीन घंटे तक रखा, चिकित्सक कोरोना वायरस का टेस्ट कराने की कह रहे थे।
विज्ञापन


इलाज न मिलने पर परिजन दिल्ली गेट, सिकंदरा स्थित अस्पतालों में भी लेकर गए, लेकिन वहां भी जांच रिपोर्ट मांगी, रुपया भी बहुत बता रहे थे। महिला के देवर अकबर ने बताया कि 108 एंबुलेंस सेवा को भी फोन मिलाया, लेकिन नहीं आई।
विज्ञापन
विज्ञापन

ऐसे में ऑटो करके टूंडला रोड स्थित अस्पताल में लेकर गए। झरना नाले पर भाभी का प्रसव हो गया, एक बच्ची को जन्म दिया, यह मृत थी। अस्पताल पहुंचकर दूसरी बच्ची को जन्म दिया। इसे आईसीयू में भर्ती किया गया है। इसकी भी हालत खराब है। 

प्रसूता की पड़ोसी डौली ने बताया कि पूरी रात सरकारी और प्राइवेट अस्पतालों में चक्कर काटते रहे। सिकंदरा थाने और बोदला चौकी गए, लेकिन उन्होंने भी कोई मदद नहीं की। 

परिजन सहयोग नहीं कर रहे थे
गर्भवती का इलाज किया गया था। इनकी जांच की भी तैयारी की जा रही थी, लेकिन परिजन सहयोग नहीं कर रहे थे। -डॉ. आशा शर्मा, चिकित्सा अधीक्षक लेडी लॉयल

 

अस्पताल लाते समय अधेड़ की मौत, नमूना लिया
नौलक्खा निवासी निरंजन लाल अग्रवाल (54) को सांस लेने में परेशानी होने पर परिजन एसएन मेडिकल कॉलेज ला रहे थे। रास्ते में उनकी मौत हो गई। एसएन कॉलेज के चिकित्सकों ने देखकर मृत घोषित कर दिया। शव का जिला अस्पताल में नमूना लिया गया है। इनके बेटे रोहित अग्रवाल ने बताया कि दो दिन पहले बुखार आया था, लेकिन ठीक हो गया था। सांस लेने में परेशानी होने पर बुधवार को अस्पताल लाते समय दम तोड़ दिया। नमूना लिया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed