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Health: सर्दियों में मौत का खतरा...30 से 45 साल के लोग रहें सावधान, पहले ही मिलने लगते हैं ये संकेत
Fri, 05 Dec 2025 10:36 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Fri, 05 Dec 2025 10:36 AM IST
सार
सर्दियों में अगर सेहत का ध्यान न रखा जाए तो जानलेवा भी हो सकता है। सबसे ज्यादा हार्ट अटैक के केस बढ़ जाते हैं। हालांकि हार्ट अटैक से पहले कुछ संकेत मिलने लगते हैं, उन्हें पहचानने की जरूरत है।
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हार्ट अटैक
- फोटो : adobe stock images
विस्तार
आगरा में ठंड बढ़ने पर एसएन मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में हृदय रोग के मरीज बढ़ गए हैं। ठंड में दबाव पड़ने पर नसें सिकुड़ रही हैं, इससे मरीजों को हार्ट अटैक पड़ रहा है। इमरजेंसी में रोजाना 10-12 मरीज आ रहे हैं। इसमें 30 से 45 साल के 40 फीसदी मरीज हैं।
हृदय रोग विभागाध्यक्ष डॉ. बसंत गुप्ता ने बताया कि ओपीडी में औसतन रोजाना 120-150 मरीज आ रहे हैं। इसमें लोगों को घबराहट, सीने में दर्द, पसीना आने समेत अन्य परेशानियां मिल रही हैं। इनमें से रोजाना 35 से अधिक मरीजों का ईसीजी और इकाे कर रहे हैं। इमरजेंसी में भी हार्टअटैक के 10-12 मरीज भर्ती हो रहे हैं।
इनमें 30 से 45 साल के करीब 40 फीसदी मरीज हैं।हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. सौरभ नागर ने बताया कि इस साल जनवरी में शुरू हुई कैथ लैब में अब तक 920 मरीजों की एंजियोप्लास्टी, एंजियोग्राफी की गई है। इसमें युवा मरीजों की संख्या करीब 30 फीसदी है। हृदय रोग के पुराने मरीजों के साथ नए भी आ रहे हैं। जांच में इनकी नसों में ब्लॉकेज भी मिल रहा है।
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हृदय रोग विभागाध्यक्ष डॉ. बसंत गुप्ता ने बताया कि ओपीडी में औसतन रोजाना 120-150 मरीज आ रहे हैं। इसमें लोगों को घबराहट, सीने में दर्द, पसीना आने समेत अन्य परेशानियां मिल रही हैं। इनमें से रोजाना 35 से अधिक मरीजों का ईसीजी और इकाे कर रहे हैं। इमरजेंसी में भी हार्टअटैक के 10-12 मरीज भर्ती हो रहे हैं।
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इनमें 30 से 45 साल के करीब 40 फीसदी मरीज हैं।हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. सौरभ नागर ने बताया कि इस साल जनवरी में शुरू हुई कैथ लैब में अब तक 920 मरीजों की एंजियोप्लास्टी, एंजियोग्राफी की गई है। इसमें युवा मरीजों की संख्या करीब 30 फीसदी है। हृदय रोग के पुराने मरीजों के साथ नए भी आ रहे हैं। जांच में इनकी नसों में ब्लॉकेज भी मिल रहा है।
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