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दिल्ली के साइबर ठगों को भेजा जेल, पुलिस को अब डाटा चोरी करने वालों की तलाश

Mon, 08 Apr 2019 11:49 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा Published by: मुकेश कुमार Updated Mon, 08 Apr 2019 11:49 AM IST
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Police cyber thugs sent to jail in agra
ऑनलाइन ठगी के आरोपी - फोटो : अमर उजाला
दिल्ली के साइबर ठगों को पकड़ने के बाद साइबर क्राइम सेल का अगला टारगेट क्रेडिट और डेबिट कार्ड का डाटा चोरी कर उन्हें बेचने वाले हैं। गैंग को यह डाटा कुछ लोग उपलब्ध कराते थे। पांचों आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। उन्हें रिमांड पर लेकर भी पूछताछ भी की जाएगी। 
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साइबर क्राइम सेल ने शनिवार को साइबर ठगी के मामले में रोहित, रवि (निवासी तिलक नगर, दिल्ली), राज, विक्की, शुभम (निवासी नरेला, दिल्ली) को पकड़ा था। रोहित गैंग का सरगना है। पुलिस के मुताबिक गैंग ने उत्तर प्रदेश सहित छह राज्यों के लोगों के क्र्रेडिट कार्ड के चोरी किए डाटा से ऑनलाइन ठगी की। 
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इन जालसाजों ने सैकड़ों लोगों को एक करोड़ से अधिक का चूना लगाया। इनसे फर्जी सिम कार्ड, क्रेडिट कार्ड, पैन कार्ड, ऑनलाइन शॉपिंग साइट का डेटा बरामद किए थे। गैंग को बैंक खाता धारकों के डेबिट कार्ड और क्रेडिट का डाटा आसानी से मिल रहा था। वो एक खाताधारक की जानकारी बिचौलियों की मदद से 75 रुपये में लेते थे। 
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आरोपियों ने नहीं बताए बिचौलियों के नाम

पुलिस की पूछताछ में आरोपी बिचौलियों को नाम नहीं बता सके। अब पुलिस उनकी तलाश में है। क्रेडिट और डेबिट कार्ड का डाटा बैंक और ग्राहक सेवा देने वाले बीपीओ के पास होता है। पुलिस का कहना है कि यह डाटा किसने चोरी किया? इसका पता किया जा रहा है। 

आशंका है कि यह बीपीओ से चोरी किया गया होगा? हालांकि अभी इसकी पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए अब पुलिस खाताधारकों की बैंक से इस बारे में जानकारी जुटाएगी। कौन लोग हैं, जोकि लोगों के खाते की जानकारी चोरी कर रहे हैं। गैंग के सरगना को रिमांड पर लेकर भी पूछताछ की जाएगी। सभी आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। 

एजेंसी से बिक रहे सिम 

गैंग लोगों को कॉल करने के लिए कुछ लोगों से पहले एक्टीवेट किए गए सिम खरीदता था। एक सिम की कीमत 400 रुपये चुकाता था। साइबर क्राइम सेल प्रभारी अमित कुमार का कहना है कि मोबाइल नेटवर्क सेवा प्रदाता कंपनी सिम की बिक्री एजेंसी से कराती है। पुलिस अब यह पता करने में लगी है कि पहले से एक्टीवेट किए गए सिम किस एजेंसी से बेचे गए। सिम के नंबर से कंपनी से डेटा निकलवाया जाएगा। 

गैंग के सरगना रोहित सहित अन्य के बैंक खातों की जानकारी पुलिस को मिली है। 15 से अधिक बैंक खातों को सीज करा दिया गया है। अन्य को भी सीज कराने के लिए कार्रवाई की जा रही है। 



आप इन खबरों के बारे में और क्या जानना चाहते हैं। कृपया अपनी कीमती राय नीचे कमेंट बॉक्स में जरूर दें। 
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