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कीठम में 15 घंटे बहता रहा आग का दरिया

Sun, 01 May 2016 02:00 AM IST
अमर उजाला आगरा
अमर उजाला आगरा Updated Sun, 01 May 2016 02:00 AM IST
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fire in keetham
कीठम अाग - फोटो : कीठम अाग
पक्षियों की कलरव से गूंजने वाले कीठम में 15 घंटे तक आग का दरिया बहता रहा।  आगरा-मथुरा हाईवे स्थित सूर सरोवर पक्षी विहार में शुक्रवार देर रात लगी भीषण आग पर शनिवार की दोपहर तक काबू पाया जा सका। पूरी रात जंगल धधकता रहा। जीव-जंतु अपनी जान बचाने को छटपटाते रहे। लपटों के बीच घिरे हजारों परिंदों ने उड़कर जान बचा ली, लेकिन घोंसले में अंडे और नन्हे परिंदे नहीं बच सके। मोर और तोते समेत कुछ बड़े पक्षी भी आग का शिकार हो गए। इनके अलावा अजगर, सांप और नील गाय भी जान बचाने को इधर-उधर भागे, लेकिन इनमें से कई इस आग के दरिया को लांघने में कामयाब नहीं हो सके।
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बता दें कि शुक्रवार रात लगभग दस बजे कीठम बर्ड सेंक्च्युरी में हाईटेंशन बिजली की लाइन से उठी चिंगारी के बाद भीषण आग लग गई थी। कुछ ही घंटों में टॉवर नंबर चार के आसपास का क्षेत्र आग की लपटों से घिर गया था। सूचना के बाद दमकलें पहुंचीं, लेकिन जंगल में झाड़ियों तक पहुंचने का रास्ता न होने के कारण किनारे की आग बुझाकर लौट गई। फूस और सूखी झाड़ियों के बाद बबूल के पेड़ पूरी तरह से जल गए।
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आग बुझाने के लिए वन विभाग के कर्मचारी रातभर जूझते रहे। शनिवार दोपहर एक बजे तक वे बाल्टियों से पानी डालकर आग बुझाते रहे। फिर भी जंगल में कई जगह आग सुलगती रही। इधर, जंगल के अंदर नील गाय, सेही, चींटीखोर, चीतल, अजगर, सांप, चूहा आदि आग की लपटों में घिर रहे। काफी बड़े क्षेत्रफल में आग फैलने के कारण जमीन पर चलने और रेंगने वाले जीवों की जिंदगी संकट में पड़ गई। बहुत से सांप, अजगर, सेही, चींटीखोर आदि ने गहरे बिल में छुपकर जान बचा ली। मगर, शिकार की तलाश में निकले कई अजगर और सांप ने तड़प-तड़प कर दम तोड़ दिया। वन विभाग के कर्मचारियों ने जब आग लगे क्षेत्र का मुआयना किया तो इसमें एक अजगर, सांप, नील गाय और मोर की अस्थियां ही शेष मिलीं। हालांकि वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, इस आग में सिर्फ एक अजगर मरा है और उसका पोस्टमार्टम कराया गया है। यह आग लगभग तीन हेक्टेयर का क्षेत्रफल में फैली थी।
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कीठम: एक नजर
. वर्ष 1991 में वर्ड सेंक्च्युरी घोषित हुआ
. 7.97 वर्ग किमी में फैला पक्षी विहार
. 2.25 वर्ग किमी में फैली है झील
. 165 प्रजातियां डेरा डाले हैं सूर सरोवर में 
. 300 अजगर रहते हैं इस जंगल में

ये पक्षी ज्यादा 
तोता, मोर, कोयल, एशियन कोयल, लिटिल ईग्रेट, लार्ज ईग्रेट, कैटेलिक ईग्रेट, आशा परीना, ब्ल्यू रॉक पिजन, इंडियन रीफ बर्ड, हेरोन, नाइट हेरोन, हाउस क्रो, वाइल्ड क्रो, स्पैरो, इंडियन रॉबिन, इंडियन सिल्वर विल वुड पैकर, इंडियन रिंग डव आदि। 


वर्जन
कीठम के लगभग तीन हेक्टेयर क्षेत्र में आग लगी थी। इस पर पूरी तरह काबू पा लिया गया गया है। अजगर के मरने की सूचना है। बाकी किसी अन्य जीव-जंतु के मरने की फिलहाल पुष्टि नहीं हो पाई है। 
- अनिल कुमार, डीएफओ, वाइल्ड लाइफ





 
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