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तगादा करने पर किसान की गला दबाकर हत्या
Updated Mon, 21 Aug 2017 12:44 PM IST
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आगरा। ताजगंज के गांव गुतिला में कुंडौल, डौकी निवासी किसान मोहन सिंह (60) की गला दबाकर हत्या कर दी गई। शव को गड्ढे में फेंक दिया। परिवारीजनों ने शक होने पर गांव के एक व्यक्ति को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस पूछताछ में उसने हत्या करना कबूल लिया। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने 60 हजार रुपये उधार लिए थे। तगादा करने पर वारदात को अंजाम दिया।
मोहन सिंह की पत्नी की कई साल पहले मौत हो गई थी। परिवारीजनों ने बताया कि शुक्रवार दोपहर 12 बजे मोहन सिंह को गांव के शंकर और लाखन घर से बुलाकर ले गए थे। तब से मोहन का पता नहीं चला। मोहन के भाई हरिओम ने बताया कि शंकर के लौटने पर उससे पूछताछ की। मगर, वह गलत जवाब देने लगा। तब से उस पर शक था। रविवार को शंकर को थाना डौकी पुलिस के हवाले कर दिया।
पुलिस पूछताछ में उसने बताया कि मोहन सिंह से छह महीने पहले 60 हजार रुपये उधार लिए थे। वह आए दिन तगादा करता था। शुक्रवार को वह मोहन सिंह से और रुपये मांगने पहुंचा। तब मोहन ने पहले के रुपयों का तगादा किया। और रुपये देने से मना कर दिया। उसे उधार चुकाने के बहाने शंकर और लाखन साथ ले गए।
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डौकी के सलेमपुर में मोहन सिंह ने अपने जीजा रोशनलाल के घर से 28 हजार रुपये लिए थे। इसके बाद तीनों ने शमसाबाद में शराब पी। फिर मोहन को गांव गुतिला ले आए। उसकी पिटाई लगाई। गला दबाकर हत्या कर दी। शव को गड्ढे में फेंक दिया। उधर, शनिवार सुबह शव मिला था। पहचान नहीं होने पर पुलिस ने अज्ञात में पोस्टमार्टम हाउस में रखवा दिया। डौकी पुलिस ने थाना ताजगंज पुलिस संपर्क किया। तब उसके शव मिलने की जानकारी हुई। रविवार को परिवारीजनों ने शिनाख्त कर ली। पुलिस ने शंकर को गिरफ्तार कर लिया।
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मोहन सिंह की पत्नी की कई साल पहले मौत हो गई थी। परिवारीजनों ने बताया कि शुक्रवार दोपहर 12 बजे मोहन सिंह को गांव के शंकर और लाखन घर से बुलाकर ले गए थे। तब से मोहन का पता नहीं चला। मोहन के भाई हरिओम ने बताया कि शंकर के लौटने पर उससे पूछताछ की। मगर, वह गलत जवाब देने लगा। तब से उस पर शक था। रविवार को शंकर को थाना डौकी पुलिस के हवाले कर दिया।
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पुलिस पूछताछ में उसने बताया कि मोहन सिंह से छह महीने पहले 60 हजार रुपये उधार लिए थे। वह आए दिन तगादा करता था। शुक्रवार को वह मोहन सिंह से और रुपये मांगने पहुंचा। तब मोहन ने पहले के रुपयों का तगादा किया। और रुपये देने से मना कर दिया। उसे उधार चुकाने के बहाने शंकर और लाखन साथ ले गए।
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डौकी के सलेमपुर में मोहन सिंह ने अपने जीजा रोशनलाल के घर से 28 हजार रुपये लिए थे। इसके बाद तीनों ने शमसाबाद में शराब पी। फिर मोहन को गांव गुतिला ले आए। उसकी पिटाई लगाई। गला दबाकर हत्या कर दी। शव को गड्ढे में फेंक दिया। उधर, शनिवार सुबह शव मिला था। पहचान नहीं होने पर पुलिस ने अज्ञात में पोस्टमार्टम हाउस में रखवा दिया। डौकी पुलिस ने थाना ताजगंज पुलिस संपर्क किया। तब उसके शव मिलने की जानकारी हुई। रविवार को परिवारीजनों ने शिनाख्त कर ली। पुलिस ने शंकर को गिरफ्तार कर लिया।