फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   100 parivaron ko city chhodne ka farman

पुलिस ने 100 परिवारों को सुनाया शहर छोड़ने का फरमान

Mon, 10 Aug 2015 02:19 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला
ब्यूरो, अमर उजाला Updated Mon, 10 Aug 2015 02:19 AM IST
विज्ञापन
100 parivaron ko city chhodne ka farman
आठ माह पहले वेदनगर में धर्मांतरण को लेकर चर्चा में आए 100 परिवारों को पुलिस ने शहर छोड़कर चले जाने का फरमान सुना दिया है। ये लोग अब रोहता नगर के पास झुग्गी बस्ती में रह रहे हैं। इनका आरोप है कि  थाना सदर पुलिस ने शनिवार की रात को बस्ती में घुसकर उनकी पिटाई भी की। इसकी जानकारी होने पर रविवार  सुबह मुस्लिम संगठनों के लोग बस्ती में पहुंचे। उन्होंने पुलिस के रवैये पर आक्रोश जताया। बुंदू कटरा पुलिस चौकी का घिराव भी किया।
विज्ञापन

बता दें, देवरी रोड स्थित वेद नगर की झुग्गी बस्ती के एक सैकड़ा परिवार आठ दिसंबर 2014 को धर्मांतरण के बाद चर्चा में आए थे। मुस्लिम कबाड़ियों की इस बस्ती में हिंदूवादी संगठनों ने धर्मांतरण कराया था। बाद में बस्ती के लोग धर्म परिवर्तन से मुकर गए थे। इसको लेकर देशभर में धर्मांतरण का मुद्दा चर्चा का विषय बन गया था।
विज्ञापन

बस्ती के इस्माइल ठेकेदार ने बताया कि धर्मांतरण की घटना के बाद बस्ती के एक सैकड़ा परिवार रोहता नहर पर रह रहे हैं। इस्माइल की पत्नी मुनीरा बेगम ने बताया कि शनिवार की रात तकरीबन एक बजे जीप से सदर थाने की पुलिस पहुंची। पुलिसकर्मियों ने लोगों को डंडे मारकर सोते से जगाया। इससे बस्ती में चीखपुकार मच गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

पुलिसकर्मियों ने उनसे कहा कि शहर छोड़कर चले जाओ वरना वे रोजाना रात को इसी तरह परेशान करेंगे। विरोध करने पर पुलिस ने इलियास बेग की जमकर पिटाई लगाई। मुनीरा बेगम के साथ भी बदसलूकी की। इसके बाद पुलिस वाले धमकी देकर चले गए।
रविवार की सुबह पीड़ित परिवारों ने इसकी जानकारी तंजीम उलमा ए अहल संगठन को दी। इस पर संगठन के मुफ्ती मुद्दसिर साहब, मौलाना मसरूर रजा, रियासत अली, मुुजम्मिल हसन, इदरीस अली, इस्लामुद्दीन आदि लोग पहुंचे। उन्होंने घटना की जानकारी ली। इसके बाद बुंदू कटरा चौकी का घिराव करके दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। मुस्लिम नेताओं का कहना था कि समाज के लोगों का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

-एक माह से उत्पीड़न कर रही पुलिस
बस्ती के इस्माइल ठेकेदार ने बताया कि पुलिस की वजह से ही उन्होंने वेद नगर का किराए का प्लाट छोड़ा था। अब पुलिस उन्हें रोहता नहर से भी भगाना चाहती है। पहले भी चीता मोबाइल के सिपाहियों ने बस्ती में आकर धमकाया था। बस्ती खाली करने को कहा था। इसकी शिकायत उन्होंने सात जुलाई को जिलाधिकारी और सदर के इंस्पेक्टर से की थी, लेकिन कोई सुनवाई नहीं की गई।

---
अभियान के तहत दी गई बस्ती में दबिश
सीओ सदर असीम चौधरी ने बताया कि शनिवार की रात 12 से तीन बजे तक एसएसपी के निर्देश पर शहर में नकबजन, लुटेरे, कच्छा बनियानधारी, घुंमतू और डेरे तंबुओं में रहने वाले लोगों के खिलाफ अभियान चलाया गया था। इसी के चलते थाना सदर पुलिस ने रोहता नहर की बस्ती में पूछताछ की थी। किसी से अभद्रता नहीं की गई। न ही बस्ती छोड़ने को कहा गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed