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लौट कर छोटे लाल बसपा में आए
लौट कर छोटे लाल बसपा में आए
Updated Mon, 30 Jan 2017 12:01 AM IST
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लौट कर छोटे लाल बसपा में आए
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
फतेहाबाद के विधायक छोटे लाल वर्मा रविवार को भाजपा छोड़कर बसपा में शामिल हो गए। उन्होंने महीने भर पहले ही भाजपा ज्वाइन की थी। उनके बार-बार पाला बदलने से फतेहाबाद के चुनाव समीकरण बदल रहे हैं।
छोटे लाल वर्मा ने 2012 का चुनाव बसपा के टिकट पर जीता था। इससे पहले 2007 का चुनाव सपा के सिंबल पर लड़े थे और दूसरे नंबर पर रहे थे। इससे पहले भाजपा के टिकट पर विधायक रहे। 2012 में उनके चुनाव जीतने के बाद काफी दिन तक चर्चा रही कि वह सपा में जा रहे हैं लेकिन ऐसा हुआ नहीं।
भाजपा के टिकट फाइनल होने से कुछ दिन पहले ही उन्होंने बसपा को बाय बाय कहा और कमल का फूल थाम लिया। माना जा रहा था कि भाजपा उन्हें फतेहाबाद से उम्मीदवार बनाएगी लेकिन उनकी दाल गल नहीं पाई। भाजपा ने टिकट दिया जितेंद्र वर्मा को। तभी से अटकलें लगाई जा रही थीं कि छोटे लाल भाजपा में रहेंगे या नहीं। उन्होंने रविवार को बसपा में वापसी कर ली। उनका कहना है कि बसपा के कोऑर्डिनेटनर रामवीर उपाध्याय से अनबन के चलते पार्टी छोड़ी थी। अब उनका तालमेल सही हो गया है, इसलिए वापस आ गए हैं। भाजपा ने उन्हें टिकट नहीं दिया। उनकी लगातार उपेक्षा की जा रही थी।
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छोटे लाल वर्मा ने 2012 का चुनाव बसपा के टिकट पर जीता था। इससे पहले 2007 का चुनाव सपा के सिंबल पर लड़े थे और दूसरे नंबर पर रहे थे। इससे पहले भाजपा के टिकट पर विधायक रहे। 2012 में उनके चुनाव जीतने के बाद काफी दिन तक चर्चा रही कि वह सपा में जा रहे हैं लेकिन ऐसा हुआ नहीं।
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भाजपा के टिकट फाइनल होने से कुछ दिन पहले ही उन्होंने बसपा को बाय बाय कहा और कमल का फूल थाम लिया। माना जा रहा था कि भाजपा उन्हें फतेहाबाद से उम्मीदवार बनाएगी लेकिन उनकी दाल गल नहीं पाई। भाजपा ने टिकट दिया जितेंद्र वर्मा को। तभी से अटकलें लगाई जा रही थीं कि छोटे लाल भाजपा में रहेंगे या नहीं। उन्होंने रविवार को बसपा में वापसी कर ली। उनका कहना है कि बसपा के कोऑर्डिनेटनर रामवीर उपाध्याय से अनबन के चलते पार्टी छोड़ी थी। अब उनका तालमेल सही हो गया है, इसलिए वापस आ गए हैं। भाजपा ने उन्हें टिकट नहीं दिया। उनकी लगातार उपेक्षा की जा रही थी।
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