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अटलजी के पैतृक क्षेत्र बाह को जिला, बटेश्वर तहसील बनाने की तैयारी, यह होगा नाम
Sun, 06 Jan 2019 11:22 AM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बाह (आगरा)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बाह (आगरा)
Published by: मुकेश कुमार
Updated Sun, 06 Jan 2019 11:22 AM IST
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बाह को जिला बनाने की तैयारी
- फोटो : अमर उजाला
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भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल विहारी वाजपेयी के पैतृक क्षेत्र बाह-बटेश्वर को जिला बनाने की तैयारी है। इसका प्र्रस्ताव तैयार कर लिया गया है। इसमें बाह, फतेहाबाद और बटेश्वर तीन तहसीलें होंगी। बटेश्वर को नई तहसील बनाया जाएगा।
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राजस्व परिषद के निर्देश पर तैयार किए गए प्रस्ताव में नए जिले का नाम ‘अटल नगर’ प्रस्तावित किया गया है। जिला प्रशासन की मुहर लगने के बाद जल्द ही प्रस्ताव को राजस्व परिषद भेजा जाएगा।
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इटावा की दहेज निवारण एवं समाज कल्याण परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष हर नारायण यादव ने मुख्यमंत्री से अटलजी के पैतृक गांव बटेश्वर को तहसील और बाह को अटल नगर जिला घोषित करने की मांग की थी। इस संबंध में शासन ने राजस्व परिषद से एक अक्तूबर 2018 को रिपोर्ट मांगी थी।
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इस जिले का क्षेत्रफल 1250 वर्ग किमी होगा
राजस्व परिषद ने 16 अक्तूबर 2018 को जिलाधिकारी आगरा से प्रस्ताव मांगा। जिला प्रशासन के निर्देश पर तहसील बाह में इसका प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है। इसमें बाह-बटेश्वर को नया जिला बनाने पर सहमति जताई गई है।
प्रस्ताव जिले का क्षेत्रफल 1250 वर्ग किमी होगा। जोकि पूर्व में जिला बन चुके संत रविदास नगर (960 वर्ग किमी), शामली (1054 वर्ग किमी), श्रावस्ती (1126 वर्ग किमी) और हापुड़ (660 वर्ग किमी) से अधिक है।
इस आधार पर तहसील स्तर से ‘अटल नगर’ को क्षेत्रफल के हिसाब से नया जिला बनाने की संस्तुति की गई है। इसकी आबादी 7.5 लाख से अधिक होगी। प्रस्तावित जिले का मुख्यालय राजकीय राजमार्ग संख्या 62 आगरा-इटावा पर स्थित बाह होगा। आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे से बाह 14 किमी दूर पर है। यहीं से होकर बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे भी प्रस्तावित है।
प्रस्ताव जिले का क्षेत्रफल 1250 वर्ग किमी होगा। जोकि पूर्व में जिला बन चुके संत रविदास नगर (960 वर्ग किमी), शामली (1054 वर्ग किमी), श्रावस्ती (1126 वर्ग किमी) और हापुड़ (660 वर्ग किमी) से अधिक है।
इस आधार पर तहसील स्तर से ‘अटल नगर’ को क्षेत्रफल के हिसाब से नया जिला बनाने की संस्तुति की गई है। इसकी आबादी 7.5 लाख से अधिक होगी। प्रस्तावित जिले का मुख्यालय राजकीय राजमार्ग संख्या 62 आगरा-इटावा पर स्थित बाह होगा। आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे से बाह 14 किमी दूर पर है। यहीं से होकर बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे भी प्रस्तावित है।
नए जिले का प्रस्ताव तैयार
बाह के उपजिलाधिकारी अरुण कुमार यादव ने बताया कि राजस्व परिषद के निर्देश पर नए जिले का प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है। जल्द ही इसे जिला प्रशासन के माध्यम से परिषद को भेज दिया जाएगा।
बाह विधायक पक्षालिका सिंह ने कहा कि बाह को जिला बनाने की मांग तो वर्षों से जा रही है लेकिन प्रशासन ने क्या प्रस्ताव तैयार किया है, इसकी हमें कोई जानकारी नहीं है। पहले इसके ड्राफ्ट देख लें तब ही कुछ कहा जा सकता है।
भाजपा जिलाध्यक्ष श्याम भदौरिया ने कहा कि बाह तहसील आगरा से करीब 80 किलोमीटर दूर पड़ती है। यहां तक आने में जनता को परेशानी का सामना करना पड़ता है। जनता मांग करती आ रही है। अब प्रशासन ने क्या प्रस्ताव तैयार किया है, इसकी मुझे कोई जानकारी नहीं है लेकिन अटल जी के नाम पर जिला बने यह खुशी की बात है।
बाह विधायक पक्षालिका सिंह ने कहा कि बाह को जिला बनाने की मांग तो वर्षों से जा रही है लेकिन प्रशासन ने क्या प्रस्ताव तैयार किया है, इसकी हमें कोई जानकारी नहीं है। पहले इसके ड्राफ्ट देख लें तब ही कुछ कहा जा सकता है।
भाजपा जिलाध्यक्ष श्याम भदौरिया ने कहा कि बाह तहसील आगरा से करीब 80 किलोमीटर दूर पड़ती है। यहां तक आने में जनता को परेशानी का सामना करना पड़ता है। जनता मांग करती आ रही है। अब प्रशासन ने क्या प्रस्ताव तैयार किया है, इसकी मुझे कोई जानकारी नहीं है लेकिन अटल जी के नाम पर जिला बने यह खुशी की बात है।