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आश्रम की जमीन विवाद में आसाराम के शपथ पत्र का होगा सत्यापन, कोर्ट ने दिए आदेश

Sat, 04 May 2019 07:49 PM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैनपुरी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैनपुरी Published by: मुकेश कुमार Updated Sat, 04 May 2019 07:49 PM IST
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Asaram's affidavit to be verified in Ashram land dispute in mainpuri
आसाराम
मैनपुरी के सिविल जज कोर्ट में दाखिल किए गए आसाराम बापू के शपथ पत्र और पावर ऑफ अटॉर्नी का सत्यापन होगा। देवी रोड स्थित एक जमीन के दानपत्र के मामले में दोनों अभिलेखों का सत्यापन कराने के लिए सिविल जज ने संबंधित कागजात केंद्रीय कारागार जोधपुर भेजे हैं। मामले की सुनवाई के लिए 15 मई की तारीख तय की गई है।
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देवी रोड स्थित बेशकीमती भूखंड का वर्ष 2001 में आसाराम के नाम दानपत्र लिखा गया था। छपट्टी निवासी पुष्पा देवी, उनके पुत्र राजीव गुप्ता, संजीव गुप्ता, राकेश गुप्ता, केशव गुप्ता की ओर से लिखे गए दानपत्र में जमीन का प्रयोग धार्मिक उत्थान के लिए करने की शर्त रखी गई थी। 
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दानपत्र लिखे जाने के एक साल बाद 2002 में मैनपुरी आकर आसाराम ने नगर के क्रिश्चियन मैदान में सत्संग किया था। जब आसाराम पर दुष्कर्म के आरोप लगे और वो जेल गए तो दानपत्र लिखने वालों ने सिविल जज न्यायालय में दानपत्र निरस्त कराने के लिए वाद दायर किया।
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मुकदमे की सुनवाई शुरू होने पर आसाराम की ओर से उनके पैरोकार राजेंद्र ब्रह्मचारी निवासी आगरा हाजिर हुए। उन्होंने मुकदमा लड़ने के लिए आसाराम की ओर से दिए गए पावर ऑफ अटॉर्नी की छायाप्रति दाखिल की। 

सिविल जज द्वारा मूल अभिलेख तलब किए जाने पर पावर ऑफ अटॉर्नी सहित आसाराम का शपथ पत्र दाखिल किया गया। दोनों अभिलेखों की सच्चाई जानने के लिए सिविल जज शक्ति सिंह ने उनका सत्यापन कराने को केंद्रीय कारागार जोधपुर भेजे हैं।

नाबालिग ने कैसे लिखा दानपत्र

मुकदमे की सुनवाई के दौरान पता चला दानपत्र लिखने वालों में केशव गुप्ता दानपत्र लिखते समय नाबालिग थे। नियमानुसार नाबालिग जमीन संबंधी बैनामा, इकरारनामा, दानपत्र जैसी कार्रवाई नहीं कर सकता है। 

कोर्ट में विचाराधीन एक मुकदमा

देवी रोड स्थित आसाराम के आश्रम की जमीन कीमती है। आसाराम के जेल जाने के बाद सत्संग बंद हो चुका है। कब्जा करने के विवाद में सीजेएम कोर्ट में एक मुकदमा विचाराधीन है। इसमें 25 मई को सुनवाई होनी है। 

वहीं, सिविल जज कोर्ट में आसाराम के पैरोकार के रूप में हाजिर हुए राजेंद्र ब्रह्मचारी के खिलाफ विवादित जमीन में घुसकर अभिलेख चोरी करने का मामला दर्ज है। इसमें राजेंद्र ब्रह्मचारी के अदालत से वारंट जारी है। 
 
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