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मथुरा में अन्नकूट उत्सव: रंगनाथ मन्दिर में मनाया गया अन्नकूट महोत्सव, उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
Sat, 18 Nov 2023 01:55 PM IST
धीरेन्द्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Sat, 18 Nov 2023 01:55 PM IST
सार
दक्षिण भारतीय शैली के उत्तर भारत के विशालतम रंगनाथ मन्दिर में शनिवार को अन्नकूट महोत्सव का आयोजन किया गया। भगवान रंगनाथ के अन्नकूट के दर्शन करने के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी।
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अन्नकूट उत्सव
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
वृंदावन के रंगनाथ मंदिर में शनिवार को ठाकुर रंगनाथ भगवान ने गिरि गोवर्धन धारी स्वरूप में दर्शन देकर भक्तों को कृतार्थ किया। बांसुरी धारण किए ठाकुर गोदा रंगमन्नार भगवान को अन्नकूट प्रसाद निवेदित किया गया। जिसके दर्शन के लिए भक्तों का सैलाब मंदिर परिसर में उमड़ पड़ा।
रंगनाथ मंदिर में कार्तिक शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि पर अन्नकूट महोत्सव की परंपरा है। मंदिर प्रबंधन ने कार्तिक शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि पर विधिविधान पूर्वक अन्नकूट महोत्सव का भव्य आयोजन किया। प्रातः काल से ही मंदिर के सेवायत विद्वानों द्वारा तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा था। ठीक साढ़े बारह बजे जैसे ही धूर गोले की आवाज के साथ दर्शन खुलने का संकेत हुआ। रंगनाथ भगवान की जय-जयकार से मंदिर परिसर अनुगुंजित हो उठा।
सेवायतों द्वारा वैदिक मंत्रोचार से ठाकुर जी की आराधना की। गिरि गोवर्धनधारी स्वरूप भगवान की कुंभआरती उतारकर अन्नकूट प्रसाद निवेदित किया गया। विविध प्रकार के व्यंजन, स्वर्णरजत निर्मित थाल में सजाए गए थे। जिसके दर्शनार्थ बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर परिसर में उमड़े।
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रंगनाथ मंदिर में कार्तिक शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि पर अन्नकूट महोत्सव की परंपरा है। मंदिर प्रबंधन ने कार्तिक शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि पर विधिविधान पूर्वक अन्नकूट महोत्सव का भव्य आयोजन किया। प्रातः काल से ही मंदिर के सेवायत विद्वानों द्वारा तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा था। ठीक साढ़े बारह बजे जैसे ही धूर गोले की आवाज के साथ दर्शन खुलने का संकेत हुआ। रंगनाथ भगवान की जय-जयकार से मंदिर परिसर अनुगुंजित हो उठा।
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सेवायतों द्वारा वैदिक मंत्रोचार से ठाकुर जी की आराधना की। गिरि गोवर्धनधारी स्वरूप भगवान की कुंभआरती उतारकर अन्नकूट प्रसाद निवेदित किया गया। विविध प्रकार के व्यंजन, स्वर्णरजत निर्मित थाल में सजाए गए थे। जिसके दर्शनार्थ बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर परिसर में उमड़े।
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