आगरा: रोमसंस कंपनी का जीएम जूनियर इंजीनियर से छेड़छाड़ में गिरफ्तार, 16 महीने से कर रहा था परेशान
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आगरा के नुनिहाई स्थित सर्जिकल आयटम निर्माता कंपनी रोमसंस में रिसर्च एंड डेवलपमेंट डिजायनिंग विभाग का जीएम संग्राम किशोर मलिक विभाग की जूनियर इंजीनियर युवती से छेड़छाड़ कर रहा था। उस पर शारीरिक संबंध बनाने का दबाव बना रहा था। बदनाम करने की धमकी दी थी। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने जांच की। इसके बाद मुकदमा दर्ज कर शुक्रवार को आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। उसे कोर्ट के आदेश पर जेल भेजा गया है।
पीड़ित युवती थाना एत्माद्दौला क्षेत्र की रहने वाली है। वह कंपनी में जूनियर इंजीनियर के पद पर 15 जून 2018 से कार्यरत थी। उसने मुकदमा दर्ज कराते हुए आरोप लगाया कि अक्तूबर 2020 से कंपनी में आर एंड डी जनरल मैनेजर के पद पर तैनात संग्राम किशोर मलिक ने कई बार शारीरिक संबंध बनाने का दबाव बनाया। उसे बदनीयत से हाथ लगाता था। कई बार शारीरिक शोषण का प्रयास किया। वह हर बार विरोध करती रही।
युवती ने कहा कि तीन नवंबर 2021 की शाम चार बजे आधा घंटा पहले छुट्टी का पास बनवाने के लिए सग्राम किशोर मलिक के पास गई थी। तभी उसने उसके साथ जोर जबर्दस्ती की। बदनीयत से हाथ लगाया। जबरन शारीरिक संबंध बनाने का दबाव बनाया। विरोध पर गालियां दी। जान से मारने की धमकी भी देने लगा।
बात नहीं मानने पर बदनाम करने की कहने लगा। 31 जनवरी को एक बार फिर वही दबाव बनाया। पीड़िता ने पुलिस से शिकायत की। सीओ छत्ता दीक्षा सिंह के मुताबिक, मामले में थाना एत्माद्दौला पुलिस को मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए थे। इस पर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। उसे शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। घटना से संबंधित सभी साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।
पीड़िता ने लिखा, बंधक बनाकर त्याग पत्र पर कराए हस्ताक्षर
पीड़िता ने दर्ज कराए मुकदमे में लिखा है कि जीएम ने कहा था कि कंपनी मालिक नीरज खन्ना उसके दोस्त हैं। मैं उनकी पूरी व्यवस्था करता हूं। इसलिए उसका कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता है। बात नहीं मानेगी तो उसके साथ बहुत बुरा कर देगा। पीड़िता ने लिखा है कि संग्राम किशोर के कृत्य की जानकारी उसने एचआर डिपार्टमेंट में मौखिक रूप से दी। मगर, कोई कार्रवाई नहीं हुई। कंपनी मैनेजमेंट का व्यवहार भी प्रतिकूल रहा। एक फरवरी को कंपनी मैनेजमेंट ने बंधक बना लिया। जबरन पहले से टाइप त्याग पत्र पर हस्ताक्षर करा लिए। इसके लिए न कोई नोटिस दिया और न ही कारण बताया। संग्राम किशोर के गलत इरादों में सहमति नहीं जताने पर उसके खिलाफ कार्रवाई की गई। कंपनी में महिला कर्मचारियों की शिकायत सुनने के लिए कोई सेल नहीं था। इससे उसे और कठिनाई का सामना करना पड़ा, वो तनाव में है।
आरोपी जीएम को किया है बर्खास्त : निदेशक
रोमसंस कंपनी के निदेशक विकास खन्ना ने बताया कि युवती की शिकायत पर आरोपी जीएम को तत्काल बर्खास्त कर दिया गया। वह भाग गया था। इस पर उसे बहाने से बुलाकर पुलिस के सुपुर्द किया गया। पुलिस अपनी विवेचना कर रही है, कंपनी की ओर से भी आंतरिक जांच कराई जा रही है, जो भी साक्ष्य होंगे पुलिस को उपलब्ध कराए जाएंगे। युवती की शिकायत पर तत्काल कार्रवाई की गई है। उसने स्वेच्छा से त्यागपत्र दिया था। उसे पूरी सैलरी भी दी गई है। बंधक बनाकर जबरन त्याग पत्र लिखाने का आरोप गलत है।