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UP: कीमती पत्थरों और सोने के हर्फ से उकेरीं कुरान शरीफ की आयतें, मक्का-ए-मुनव्वरा में चमक रही आगरा की फनकारी
Tue, 02 Jun 2026 10:17 AM IST
Dhirendra Singh
धर्मेंद्र यादव, अमर उजाला न्यूज नेटवर्क
धर्मेंद्र यादव, अमर उजाला न्यूज नेटवर्क
Published by: Dhirendra Singh
Updated Tue, 02 Jun 2026 10:17 AM IST
सार
आगरा के ताजगंज क्षेत्र के कारीगरों द्वारा तैयार संगमरमर के पैनल, जिन पर सोने और कीमती पत्थरों से कुरान शरीफ की आयतें उकेरी गई हैं, मक्का की मस्जिदों में लगाए गए हैं। इस विश्वस्तरीय कारीगरी को हज यात्रियों ने सराहा, जिसके बाद अब जेद्दाह की मस्जिदों के लिए भी ऑर्डर मिला है।
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मक्का-ए-मुनव्वरा में चमक रही आगरा की फनकारी
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
दुनियाभर के मुसलमानों के मजहबी मरकज (मुकद्दस मकाम) मक्का-मदीना में हज करने पहुंचे लाखों लोगों को आगरा के हाथों की हुनरमंदी मक्का-ए-मुनव्वरा में देखने को मिली। आगरा के हुनरमंद कारीगरों ने पाक कुरान शरीफ की आयतों को संगमरमर पर सोने के हर्फ (अक्षर) और कीमती पत्थरों से उकेरने का काम किया है। ताजगंज के अदजीरान ग्रुप के कारीगरों ने वर्षोंकी मेहनत के बाद संगमरमर के पैनल पर ताज की तरह आयतें उकेरीं, जिन्हें मक्का मस्जिद में लगाया गया है। हिंदुस्तान से हज करने पहुंचे मुसलमानों ने जब आगरा की फनकारी को मक्का मस्जिद में देखा तो बेहद खुश हुए।
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आगरा में संगमरमर पर दस्तकारी का फन मुगलकाल से चला आ रहा है, लेकिन इस्लाम के मजहबी मरकज में ताजगंज के अदनान शेख ने इस कला की खूबसूरती को दिखाने का कमाल दिखाया है। अदनान मार्बल हैंडीक्राफ्ट में नायाब तरीकों से इस कला को पेश करने के लिए जाने जाते हैं। अदनान बताते हैं कि उन्हें पाक शहर मक्का में बनाई गई मक्का-ए-मुनव्वरा मस्जिद में ताजमहल के गेटों पर लगे मार्बल की तरह कुरान शरीफ की आयतों के साथ पैनल तैयार करने का काम मिला था।
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जयपुर की कंपनी के साथ मिलकर 55 पैनल तैयार करके लगवाए गए हैं। इस बार हज करने पहुंचे दुनियाभर के मुस्लिमों ने आगरा की इस नायाब कारीगरी को नजदीक से देखा। मंटोला से हज करने पहुंचे समीर कुरैशी ने बताया कि मक्का मस्जिद में आगरा की संगमरमर कारीगरी को देखकर वे हैरान रह गए। जब उन्होंने जानकारी की तो पता चला कि यह कारीगरी उनके शहर के कारोबारी की ही देन है। ताजमहल की तर्ज पर ही इस मस्जिद के गेटों पर सोने व कीमती पत्थरों से कुरान शरीफ की आयतें चमक रही थीं, जिन्हें देखने के लिए दुनियाभर के मुस्लिम लालायित नजर आए।
लेपिस पत्थर से उकेरे हर्फ
संगमरमर के पैनल पर 24 कैरेट सोने के हर्फ उकेरे गए हैं। इनमें अफगानिस्तान से आने वाले नीले लेपिस पत्थर, सीप, मोती सहित अन्य कीमती नग व पत्थरों का इस्तेमाल भी किया गया है। कारोबारी ने बताया कि 100 कारीगरों की तीन साल की मेहनत के बाद पैनलों को तैयार कर मक्का भेजा गया है। जयपुर की कंपनी ने हर्फ पर सोने का लेप चढ़ाया है।
संगमरमर के पैनल पर 24 कैरेट सोने के हर्फ उकेरे गए हैं। इनमें अफगानिस्तान से आने वाले नीले लेपिस पत्थर, सीप, मोती सहित अन्य कीमती नग व पत्थरों का इस्तेमाल भी किया गया है। कारोबारी ने बताया कि 100 कारीगरों की तीन साल की मेहनत के बाद पैनलों को तैयार कर मक्का भेजा गया है। जयपुर की कंपनी ने हर्फ पर सोने का लेप चढ़ाया है।
अब जेद्दाह की मस्जिदों के लिए मिला ऑर्डर
मक्का-मदीना के बाद अब जेद्दाह की मस्जिदों में संगमरमर के पैनल बनाने का ऑर्डर मिला है। कारोबारी अदनान शेख ने बताया कि मक्का के अलावा मदीना की एक मस्जिद में भी उनके बनाए पैनल लगाए गए हैं। मक्का में उनके काम को पसंद काफी पसंद किया गया है। इसके कारण उन्हें अब जेद्दाह की प्रमुख मस्जिदों के लिए ऑर्डर मिला है। पैनल बनाने का काम शुरू कर दिया गया है।
मक्का-मदीना के बाद अब जेद्दाह की मस्जिदों में संगमरमर के पैनल बनाने का ऑर्डर मिला है। कारोबारी अदनान शेख ने बताया कि मक्का के अलावा मदीना की एक मस्जिद में भी उनके बनाए पैनल लगाए गए हैं। मक्का में उनके काम को पसंद काफी पसंद किया गया है। इसके कारण उन्हें अब जेद्दाह की प्रमुख मस्जिदों के लिए ऑर्डर मिला है। पैनल बनाने का काम शुरू कर दिया गया है।