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UPSC RESULT: 'जीत आपकी' पुस्तक से मिली डा. ईरज राजा को प्रेरणा
ब्यूरो/अमर उजाला आगरा
Updated Thu, 01 Jun 2017 12:03 AM IST
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डा. ईरज राजा
- फोटो : अमर उजाला
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शकुंतला नगर, गढ़ी भदौरिया निवासी डा. ईरज राजा ने लगातार दूसरी बार यूपीएससी की परीक्षा उत्तीर्ण की है। इस बार उनकी रैंक 674 है। उन्होंने पहली पसंद आईपीएस दी है।
डा. ईरज राजा के पिता डा. अशोक कुमार संयुक्त निदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य हैं। उनकी तैनाती लखनऊ में है। पिता बेटे को मेडिकल क्षेत्र में ही देखना चाहते थे। डा. ईरज ने एएमयू से इंटर करने के बाद बलूनी क्लासेज में कोचिंग की और मेरठ के एलएलआरएम से एमबीबीएस किया। वर्ष 2012 में मेडिकल आफिसर की नौकरी मिल गई।
गत वर्ष इंडियन रेलवे ट्रैफिक सर्विस में चयनित हुए थे। नौकरी में रहकर भी पढ़ाई जारी रखी। कड़ी मेहनत के बदौलत इस मुकाम पर पहुंचे हैं। डा. ईरज राजा की मां सुधा वर्मा हैं। दादा सोबरन लाल एमसी वीर इंटर कालेज के प्रबंधक हैं।
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डा. ईरज राजा शिव खेड़ा की पुस्तक जीत आपकी होगी में लिखी हुई लाइन ‘जीतने वाले कोई अलग काम नहीं करते, हर काम को अलग ढंग से करते हैं’ से बहुत प्रेरित हुए।
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डा. ईरज राजा के पिता डा. अशोक कुमार संयुक्त निदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य हैं। उनकी तैनाती लखनऊ में है। पिता बेटे को मेडिकल क्षेत्र में ही देखना चाहते थे। डा. ईरज ने एएमयू से इंटर करने के बाद बलूनी क्लासेज में कोचिंग की और मेरठ के एलएलआरएम से एमबीबीएस किया। वर्ष 2012 में मेडिकल आफिसर की नौकरी मिल गई।
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गत वर्ष इंडियन रेलवे ट्रैफिक सर्विस में चयनित हुए थे। नौकरी में रहकर भी पढ़ाई जारी रखी। कड़ी मेहनत के बदौलत इस मुकाम पर पहुंचे हैं। डा. ईरज राजा की मां सुधा वर्मा हैं। दादा सोबरन लाल एमसी वीर इंटर कालेज के प्रबंधक हैं।
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डा. ईरज राजा शिव खेड़ा की पुस्तक जीत आपकी होगी में लिखी हुई लाइन ‘जीतने वाले कोई अलग काम नहीं करते, हर काम को अलग ढंग से करते हैं’ से बहुत प्रेरित हुए।