{"_id":"5ebeccd28ebc3e9065581613","slug":"ac-mai-lagi-agg-tundla-news-agr442010814","type":"story","status":"publish","title_hn":"दंपति की मौत से हर किसी की नम थीं आंखें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दंपति की मौत से हर किसी की नम थीं आंखें
विज्ञापन
टूंडला के भगवान आश्रम में आग लगने पर घर से निकलता धुआं।
- फोटो : TUNDLA
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
टूंडला(फिरोजाबाद)। मुंशी पन्ना मसाले कंपनी के जोनल सेल्स मैनेजर और उनकी पत्नी की मौत से हर कोई आहत नजर आया। घटना के बाद सभी की आंखें उनके मधुर व्यवहार के कारण नम नजर आईं। शिक्षक पिता से ईमानदारी का पाठ सीखने वाले अजय शर्मा घर में सबसे बड़े थे। उनके छोटे भाई राजीव मिश्रा गाजियाबाद में एक मैगजीन के संपादक हैं और एक बहन शिकोहाबाद में रहतीं हैं। अजय ने बचपन से ही कड़ी मेहनत की और पूरे परिवार को एकसूत्र में बांधते हुए सभी को उनके मुकाम तक पहुंचाया। उनके मृदु व्यवहार का ही नतीजा था कि मोहल्ले के ही नहीं नगर में लोग उन्हें बेहद चाहते थे।
वे इकलौती बेटी अवनी शर्मा को अच्छी शिक्षा दिला रहे थे। इसके साथ ही वे पत्नी के साथ सामाजिक गतिविधियों में भी जुड़े थे। उनके घर में आग लगने की सूचना पर आसपास से बड़ी संख्या में लोग दौड़े चले आए। ऐसे में पुलिस ने लोगों को समझाते हुए वहां से हटाया। उनकी मौत के बाद आसपास के लोगों की आंखें नम थी। घटना की जानकारी मिलते ही उनकी कंपनी चेयरमैन विष्णु कुमार गोयल और नितिन गोयल आदि कई लोग मौके पर पहुंच गए।
रसोई में रखे थे तीन गैस सिलिंडर एक में लगी आग
टूंडला। फायर प्रभारी ने बताया कि आग कमरे से रसोई तक पहुंच गई। रसोई में रखे तीन गैस सिलिंडर में से एक सिलेंडर में आग लग गई थी। गनीमत रही कि आग पाइप तक पहुंची थी और रेगुलेटर बंद था। यदि रेगुलेटर खुला होता तो आग में तीन सिलेंडरों में आग लग जाती। यदि सिलिंडर फटते तो और भी गंभीर हादसा हो सकता था और आसपास के घर भी चपेट में आ जाते।
विज्ञापन
जंगला तोड़कर अंदर से तोड़ा ताला, तब खुला दरवाजा
टूंडला। घर के अंदर से धुआं उठ रहा था और लोग बाहर से दरबाजा पीट रहे थे लेकिन अंदर से कोई आवाज नहीं आ रही थी। घर में लगी आग को बुझाने के लिए पड़ोसियों को कोई उपाय नहीं सूझ रहा था। सूचना पर पहुंची पुलिस और फायर ब्रिगेड ने किसी तरह घर में लगे जंगले को काटकर आग पर काबू पाया। साथ ही दरवाजे पर अंदर से लगे ताले को तोड़ा। इसके बाद दरवाजा खुल सका।
विज्ञापन
वे इकलौती बेटी अवनी शर्मा को अच्छी शिक्षा दिला रहे थे। इसके साथ ही वे पत्नी के साथ सामाजिक गतिविधियों में भी जुड़े थे। उनके घर में आग लगने की सूचना पर आसपास से बड़ी संख्या में लोग दौड़े चले आए। ऐसे में पुलिस ने लोगों को समझाते हुए वहां से हटाया। उनकी मौत के बाद आसपास के लोगों की आंखें नम थी। घटना की जानकारी मिलते ही उनकी कंपनी चेयरमैन विष्णु कुमार गोयल और नितिन गोयल आदि कई लोग मौके पर पहुंच गए।
विज्ञापन
रसोई में रखे थे तीन गैस सिलिंडर एक में लगी आग
टूंडला। फायर प्रभारी ने बताया कि आग कमरे से रसोई तक पहुंच गई। रसोई में रखे तीन गैस सिलिंडर में से एक सिलेंडर में आग लग गई थी। गनीमत रही कि आग पाइप तक पहुंची थी और रेगुलेटर बंद था। यदि रेगुलेटर खुला होता तो आग में तीन सिलेंडरों में आग लग जाती। यदि सिलिंडर फटते तो और भी गंभीर हादसा हो सकता था और आसपास के घर भी चपेट में आ जाते।
विज्ञापन
जंगला तोड़कर अंदर से तोड़ा ताला, तब खुला दरवाजा
टूंडला। घर के अंदर से धुआं उठ रहा था और लोग बाहर से दरबाजा पीट रहे थे लेकिन अंदर से कोई आवाज नहीं आ रही थी। घर में लगी आग को बुझाने के लिए पड़ोसियों को कोई उपाय नहीं सूझ रहा था। सूचना पर पहुंची पुलिस और फायर ब्रिगेड ने किसी तरह घर में लगे जंगले को काटकर आग पर काबू पाया। साथ ही दरवाजे पर अंदर से लगे ताले को तोड़ा। इसके बाद दरवाजा खुल सका।