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बिहार में हादसे के बाद रेलवे अलर्ट
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कासगंज।
बिहार में टूटी रेल पटरी पर हुए हादसे के बाद पूर्वोत्तर रेलवे ने भी अलर्ट जारी कर दिया है। कासगंज सहित मंडल के अन्य रेलवे स्टेशनों पर सतर्कता बढ़ाई गई है और रेल लाइनों को निगरानी के निर्देश उच्चाधिकारियों को दिए हैं। पेट्रोल मैन और की मैन की जिम्मेदारी बढ़ा दी है। यहां बता दें कि कासगंज-मथुरा और कासगंज-कानपुर रेलमार्ग पर हाल ही में चटकी पटरियों से कई ट्रेनें गुजर चुकीं हैं। जिससे रेलवे और भी सतर्क हुआ है।
बिहार से चलकर दिल्ली के आनंद बिहार जा रही सीमांचल एक्सप्रेस टूटी पटरी पर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। रेल हादसे के बाद रेलवे ने अलर्ट जारी कर दिया। पूर्वोत्तर रेलवे में भी सतर्कता और निगरानी बढ़ा दी गई। कासगंज-मथुरा-कानपुर-बरेली रेल मार्ग पर पटरियों की कड़ी निगरानी करने के निर्देश इज्जतनगर मंडल के डीआरएम ने दिए हैं।
कासगंज-मथुरा-कानपुर मार्ग पर हाल ही में कई ट्रेनें चटकी रेल पटरियों से गुजरतीं रहीं। उसके बाद रेलवे में हड़कंप मचा रहा। यहां गनीमत रही कि कोई हादसा नहीं हुआ। रेल पटरियां चटकने के मामले में रेलवे ने कासगंज क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी। पेट्रोल मैन और की मैन को सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
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नदी, नहर क्षेत्र की पटरियां अति संवेदनशील
कासगंज। नदी और नहर क्षेत्रों की रेल पटरियां अति संवेदनशील हैं। रेलवे के विशेषज्ञ बताते हैं कि सर्द मौसम में रेलवे की पटरी अमूमन चटक जाती है। नदी और नहर क्षेत्र का तापमान अन्य क्षेत्रों की अपेक्षा काफी कम रहता है। ऐसे में इन क्षेत्रों में पटरियां चटकनें की संभावनाएं अधिक रहतीं है।
हाल ही की घटनाएं
- 19 जनवरी को बरेली रेलमार्ग पर उझानी के समीप चटकी पटरी।
- 28 जनवरी को मथुरा रेल मार्ग पर मारहरा स्टेशन से पहले चटकी पटरी।
- 29 जनवरी को कासगंज-मारहरा के बीच चटकी पटरी।
- 3 महीने पहले कासगंज रेल मार्ग पर सहावर के समीप चटकी पटरी।
वर्जन-
- बिहार में हुए हादसे के बाद रेलवे ने सतर्कता बढ़ा दी है। पटरियों की निगरानी के लिए डीआरएम ने जिम्मेदारों को कड़े निर्देश जारी किए हैं- राजेंद्र सिंह, पीआरओ।
बिहार में टूटी रेल पटरी पर हुए हादसे के बाद पूर्वोत्तर रेलवे ने भी अलर्ट जारी कर दिया है। कासगंज सहित मंडल के अन्य रेलवे स्टेशनों पर सतर्कता बढ़ाई गई है और रेल लाइनों को निगरानी के निर्देश उच्चाधिकारियों को दिए हैं। पेट्रोल मैन और की मैन की जिम्मेदारी बढ़ा दी है। यहां बता दें कि कासगंज-मथुरा और कासगंज-कानपुर रेलमार्ग पर हाल ही में चटकी पटरियों से कई ट्रेनें गुजर चुकीं हैं। जिससे रेलवे और भी सतर्क हुआ है।
बिहार से चलकर दिल्ली के आनंद बिहार जा रही सीमांचल एक्सप्रेस टूटी पटरी पर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। रेल हादसे के बाद रेलवे ने अलर्ट जारी कर दिया। पूर्वोत्तर रेलवे में भी सतर्कता और निगरानी बढ़ा दी गई। कासगंज-मथुरा-कानपुर-बरेली रेल मार्ग पर पटरियों की कड़ी निगरानी करने के निर्देश इज्जतनगर मंडल के डीआरएम ने दिए हैं।
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कासगंज-मथुरा-कानपुर मार्ग पर हाल ही में कई ट्रेनें चटकी रेल पटरियों से गुजरतीं रहीं। उसके बाद रेलवे में हड़कंप मचा रहा। यहां गनीमत रही कि कोई हादसा नहीं हुआ। रेल पटरियां चटकने के मामले में रेलवे ने कासगंज क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी। पेट्रोल मैन और की मैन को सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
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नदी, नहर क्षेत्र की पटरियां अति संवेदनशील
कासगंज। नदी और नहर क्षेत्रों की रेल पटरियां अति संवेदनशील हैं। रेलवे के विशेषज्ञ बताते हैं कि सर्द मौसम में रेलवे की पटरी अमूमन चटक जाती है। नदी और नहर क्षेत्र का तापमान अन्य क्षेत्रों की अपेक्षा काफी कम रहता है। ऐसे में इन क्षेत्रों में पटरियां चटकनें की संभावनाएं अधिक रहतीं है।
हाल ही की घटनाएं
- 19 जनवरी को बरेली रेलमार्ग पर उझानी के समीप चटकी पटरी।
- 28 जनवरी को मथुरा रेल मार्ग पर मारहरा स्टेशन से पहले चटकी पटरी।
- 29 जनवरी को कासगंज-मारहरा के बीच चटकी पटरी।
- 3 महीने पहले कासगंज रेल मार्ग पर सहावर के समीप चटकी पटरी।
वर्जन-
- बिहार में हुए हादसे के बाद रेलवे ने सतर्कता बढ़ा दी है। पटरियों की निगरानी के लिए डीआरएम ने जिम्मेदारों को कड़े निर्देश जारी किए हैं- राजेंद्र सिंह, पीआरओ।